भारतीय मृदाओ मे जिस सूक्ष्म तत्व की सर्वाधिक कमी है, वह है ?
- तांबा,
- लोहा,
- मैगनीज,
- जस्ता
निम्नलिखित में से कहा पर एक संरक्षित कच्छ वनस्पति क्षेत्र है ?
- पूर्वी घाट
- पश्चिमी घाट
- गोवा
- चंद्रताल
भारत के कुछ भागों में यात्रा करते हुए आप देखेंगे कि कहीं-कहीं लाल मिट्टी पाई जाती है। मिट्टी के इस रंग का प्रमुख कारण क्या है? IAS, 2010
- मैग्नीशियम का बाहुल्य
- संचित ह्यूमस
- फेरिक ऑक्साइड की विदयमानता
- फॉस्फेटों का बाहुल्य
मृदा का लवणीहभवन मृदा में एकत्रित सिंचित जल के वाष्पीकृत होने से पीछे छूटे नमक और खनिजों से उत्पन्न होता है। सिंचित भूमि पर लवणीभवन का क्या प्रभाव पड़ता है? IAS, 2011
- यह फसलों के उत्पादन में अत्यधिक वृद्धि लाता है
- यह कुछ मृदाओं को अपारगम्य बना देता है
- यह भौम जलस्तर को ऊपर ले आता है
- यह मृदा के वायु अवकाशों को जल से भर देता है
भू-संरक्षण की परिरेखा बंधन विधि का प्रयोग कहाँ के लिये होता है? IAS, 2013
- प्रबल पवन क्रिया के अधीन मरू उपांत
- नदी प्रवाहों के सन्निकट का, बाढ़ग्रस्त होने वाला निम्न समतल मैदान
- अपतृण के बढ़कर फैलने की संभावना से युक्त गुल्म भूमि।
- उपरोक्त में से कोई नहीं
भारत में मृदा अपक्षय समस्या निम्न में से किससे/किनसे संबंधित है? IAS, 2014
- 1.वेदिका कृषि
- 2.वनोन्मूलन
- 3.उष्णकटिबंधीय जलवायु
- नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिये:
- केवल 1 और 2
- केवल 2
- केवल 1 और 3
- 1, 2 और 3
मृदा संरक्षण के संदर्भ में निम्नलिखित प्रचलित पद्धतियों पर विचार कीजिये, IAS, 2010
- 1.सस्यावर्तन (फसलों का हेरफेर)
- 2.बालू की बाड़
- 3.वेदिका निर्माण (टैरेसिंग)
- 4.वायुरोध भारत में मृदा संरक्षण के लिये
- उपर्युक्त में से कौन-सी विधियाँ उपयुक्त समझी जाती हैं?
- केवल 1, 2 और 3
- केवल 2 और 4
- कैवल 1, 3 और 4
- 1, 2, 3 और 4
कथन (A): हिमालय की मिट्टियों में ‘ह्यूमस’ प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।
- कारण (R): हिमालय में सर्वाधिक क्षेत्र वनाच्छादित है।
- कूटः UP Lower Sub. Spl. (Pre), 2004
- A तथा R दोनों सही हैं तथा R,A की सही व्याख्या है।
- A और R दोनों सही हैं परंतु R,A की सही व्याख्या नहीं है
- A सही है, परंतु R गलत है।
- A गलत है, R परंतु सही है।
निम्नलिखित हरी खाद वाली फसलों में से किसमें नाइट्रोजन की मात्रा सर्वाधिक पाई जाती है? UPPSC (Mains), 2016
- लैंचा
- शनई
- बोड़ा (लोबिया)
- ग्वार
निम्नलिखित में से किस प्रकार की मृदा की जल-धारण क्षमता सबसे कम होती है? UKPSC, 2003
- बलुई दोमट
- दोमट बालू
- मटियार दोमट
- दोमट
कथन (A): पश्चिम बंगाल की तुलना में आंध्र प्रदेश के शुद्ध रोपित क्षेत्र की उसके कुल क्षेत्रफल में प्रतिशतता कम है।
- कारण (R): अधिकांश आंध्र प्रदेश की मृदा मखरला (लैटेराइट) प्रकार की है।
- कूटः IAS, 2006
- A तथा R दोनों सही हैं तथा R,A की सही व्याख्या है।
- A तथा R दोनों सही हैं किंतु R,A की सही व्याख्या नहीं है।
- A सही है, किंतु R गलत है।
- A गलत है, किंतु R सही है।
कृष्य भूमि में किसके पौधे उगाने से भूमि का अपरदन अधिकतम तीव्रता से होता है? IAS, 1994
- सोर्घम
- आलू
- गेहूँ
- क्लोवर
निम्नलिखित में से मृदा अपरदन प्रक्रियाओं (Processes of Soil Erosion) के सही क्रम को पहचानिये: IAS, 2001
- आस्फाल अपरदन, परत अपरदन, रिल अपरदन, अवनालिका अपरदन
- परत अपरदन, आस्फाल अपरदन, अवनालिका अपरदन, रिल अपरदन
- रिल अपरदन, अवनालिका अपरदन, परत अपरदन, आस्फाल अपरदन
- अवनालिका अपरदन, रिल अपरदन, परत अपरदन, आस्फाल अपरदन
चंबल घाटी के खोह-खड्डों के निर्माण का कारण निम्नलिखित में से किस प्रारूप का अपरदन है? IAS, 1994
- आस्फालन
- चादरी
- क्षुद्र सरिता
- अवनालिका
भारत में सर्वाधिक क्षारीय क्षेत्र पाया जाता है UPPSC (Mains), 2007
- गुजरात में
- हरियाणा में
- पंजाब में
- उत्तर प्रदेश में
भारतीय मृदाओं में जिस सूक्ष्म तत्त्व की सर्वाधिक कमी है, वह है UPPSC (Spl. & Mains), 2004
- तांबा
- लोहा
- मैंगनीज़
- जस्ता
भारत की लैटेराइट मिट्टियों के बारे में निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं? IAS, 2013
- 1.वे साधारणतः लाल रंग की होती हैं।
- 2.वे नाइट्रोजन और पोटाश से समृद्ध होती हैं।
- 3.उनका राजस्थान और उत्तर प्रदेश में अच्छा विकास हुआ है।
- 4.इन मिट्टियों में टैपियोका और काजू की अच्छी उपज होती है।
- नीचे दिये गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिये:
- 1, 2 और 3
- 2, 3 और 4
- 1 और 4
- केवल 2 और 3
कथन (A): काली मिट्टी कपास की कृषि के लिये उपयुक्त होती है।
- कारण (R): उसमें नाइट्रोजन तथा जैव पदार्थ प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।
- नीचे दिये गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिये: UPPSC Spl. (Mains), 2004
- A तथा R दोनों सही हैं तथा R,A की सही व्याख्या है।
- A तथा R दोनों सही हैं परंतु R,A की सही व्याख्या नहीं है।
- A सही है, परंतु R गलत है।
- A गलत है, परंतु R सही है।
कीटभक्षी पौधे जिस मृदा में उगते हैं उसमें कमी रहती है UPPSC (Mains), 2016
- मैग्नीशियम की
- कैल्शियम की
- नाइट्रोजन की
- जल की
निम्नलिखित में से किस कण का व्यास 0.002 मि.मी. से कम होता है UP(RO/ARO), 2016
- मृत्तिका
- गाद
- महीन बालू
- उपर्युक्त में से कोई नहीं
मृदा के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं? CDS(I), 2016
- 1.जलोढ़ मृदाएँ नाइट्रोजन से समृद्ध होती हैं।
- 2.काली मृदाएँ लोह एवं चूने से समृद्ध होती हैं परंतु नाइट्रोजन से हीन होती हैं।
- 3.लैटेराइट मृदाएँ लोह एवं एल्युमीनियम से समृद्ध होती हैं, परंतु नाइट्रोजन और पोटेशियम से हीन होती हैं।
- नीचे दिये गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनियेः
- केवल 1 और
- केवल 2 और 3
- केवल 3
- 1, 2 और 3
निम्नलिखित में से कौन-सा वन ‘मानसून वन’ के अंतर्गत आता है?
- उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन
- उष्णकटिबंधीय पर्णपाती वन
- मैंग्रोव वन
- अल्पाइन वनस्पति
Explanation:
- उष्णकटिबंधीय पर्णपाती वन को ही मानसून वन कहा जाता है क्योंकि ये मानसूनी जलवायु पर निर्भर होते हैं और पतझड़ में अपनी पत्तियाँ गिरा देते हैं।
- उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन अधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में पाए जाते हैं।
- मैंग्रोव वन डेल्टाई क्षेत्रों में पाए जाते हैं।
- अल्पाइन वनस्पति उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पाई जाती है।
भारत में ‘सुन्दरी’ वृक्ष निम्नलिखित में से किस वन से संबंधित है?
- शंकुधारी वन
- कंटीले वन
- मैंग्रोव वन
- उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन
Explanation:
- मैंग्रोव वन में सुन्दरी नामक वृक्ष पाया जाता है, जो पश्चिम बंगाल के सुंदरबन क्षेत्र के लिए प्रसिद्ध है।
- शंकुधारी वन में चीड़, देवदार आदि पाए जाते हैं।
- कंटीले वन में बबूल, कीकर आदि पाए जाते हैं।
- उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन में रबड़, महोगनी आदि पाए जाते हैं।
निम्नलिखित में से किस राज्य में उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन पाए जाते हैं?
- राजस्थान
- पंजाब
- असम
- हरियाणा
Explanation:
- असम में असम और अरुणाचल प्रदेश के कुछ भागों में उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन पाए जाते हैं।
- राजस्थान और पंजाब में शुष्क और कंटीले वन पाए जाते हैं।
- हरियाणा में मुख्यतः कृषि भूमि है।
भारत के किस भाग में ‘रॉयल बंगाल टाइगर’ पाया जाता है?
- थार मरुस्थल
- पश्चिमी घाट
- सुंदरबन डेल्टा
- हिमालय क्षेत्र
Explanation:
- सुंदरबन डेल्टा के मैंग्रोव वन रॉयल बंगाल टाइगर के लिए प्रसिद्ध हैं।
- थार मरुस्थल में मरुस्थलीय जीव पाए जाते हैं।
- पश्चिमी घाट में विभिन्न प्रकार के वन्यजीव पाए जाते हैं।
- हिमालय क्षेत्र में हिम तेंदुआ, भालू आदि पाए जाते हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा वृक्ष मैंग्रोव वनस्पति का उदाहरण है?
- साल
- देवदार
- सुन्दरी
- टीक
Explanation:
- सुन्दरी वृक्ष मैंग्रोव वनस्पति का एक प्रमुख उदाहरण है जो सुंदरबन में पाया जाता है।
- साल और टीक पर्णपाती वनों में पाए जाते हैं।
- देवदार शंकुधारी वनों में पाया जाता है।
भारत में सबसे बड़ा वन आच्छादित राज्य कौन-सा है?
- केरल
- कर्नाटक
- मध्य प्रदेश
- उत्तराखंड
Explanation:
- मध्य प्रदेश भारत का सबसे बड़ा वन आच्छादित राज्य है (भौगोलिक क्षेत्र के अनुसार)।
- केरल और कर्नाटक में भी significant वन क्षेत्र है।
- उत्तराखंड हिमालयी वनों के लिए जाना जाता है।
निम्नलिखित में से कौन-सा राष्ट्रीय उद्यान काजीरंगा के लिए प्रसिद्ध है?
- बाघों के लिए
- एक सींग वाले गैंडे के लिए
- हाथियों के लिए
- शेरों के लिए
Explanation:
- एक सींग वाले गैंडे के लिए काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान (असम) विश्व प्रसिद्ध है।
- बाघों के लिए रणथंभौर, कॉर्बेट आदि प्रसिद्ध हैं।
- हाथियों के लिए पेरियार (केरल) प्रसिद्ध है।
- शेरों के लिए गिर राष्ट्रीय उद्यान (गुजरात) प्रसिद्ध है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में शोला वनस्पति पाई जाती है?
- राजस्थान
- गुजरात
- तमिलनाडु
- बिहार
Explanation:
- तमिलनाडु के नीलगिरि पहाड़ियों में शोला वनस्पति पाई जाती है।
- राजस्थान और गुजरात में शुष्क वनस्पति पाई जाती है।
- बिहार में मुख्यतः पर्णपाती वन पाए जाते हैं।
भारत में सागौन के वन मुख्यतः कहाँ पाए जाते हैं?
- हिमालय क्षेत्र
- थार मरुस्थल
- मध्य भारत
- पूर्वोत्तर भारत
Explanation:
- मध्य भारत (मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र) में सागौन के वन बड़े पैमाने पर पाए जाते हैं।
- हिमालय क्षेत्र में शंकुधारी वन पाए जाते हैं।
- थार मरुस्थल में कंटीले वन पाए जाते हैं।
- पूर्वोत्तर भारत में सदाबहार वन पाए जाते हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा वन्यजीव अभयारण्य जंगली गधों के लिए प्रसिद्ध है?
- गिर अभयारण्य
- काजीरंगा अभयारण्य
- कच्छ का रण
- सरिस्का अभयारण्य
Explanation:
- कच्छ का रण (गुजरात) जंगली गधों (Khur) के लिए प्रसिद्ध है।
- गिर अभयारण्य एशियाई शेरों के लिए प्रसिद्ध है।
- काजीरंगा अभयारण्य एक सींग वाले गैंडे के लिए प्रसिद्ध है।
- सरिस्का अभयारण्य बाघों के लिए प्रसिद्ध है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में सदाबहार वनों का सबसे बड़ा क्षेत्र है?
- केरल
- कर्नाटक
- अरुणाचल प्रदेश
- ओडिशा
Explanation:
- अरुणाचल प्रदेश में भारी वर्षा और उच्च तापमान के कारण सदाबहार वनों का सबसे बड़ा क्षेत्र है।
- केरल और कर्नाटक में भी सदाबहार वन हैं परन्तु क्षेत्रफल अरुणाचल प्रदेश से कम है।
- ओडिशा में मुख्यतः पर्णपाती वन पाए जाते हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा वृक्ष डेल्टाई क्षेत्रों में पाया जाता है?
- देवदार
- चंदन
- सुन्दरी
- साल
Explanation:
- सुन्दरी वृक्ष डेल्टाई क्षेत्रों (जैसे सुंदरबन) में पाया जाने वाला मैंग्रोव वृक्ष है।
- देवदार हिमालय के शंकुधारी वनों में पाया जाता है।
- चंदन और साल शुष्क पर्णपाती वनों में पाए जाते हैं।
भारत में पश्चिमी घाट की वनस्पति को किस नाम से जाना जाता है?
- हिमालयन वनस्पति
- डेल्टाई वनस्पति
- शोला वनस्पति
- थार वनस्पति
Explanation:
- शोला वनस्पति पश्चिमी घाट के पर्वतीय क्षेत्रों में पाई जाने वाली विशेष वनस्पति है।
- हिमालयन वनस्पति हिमालय क्षेत्र में पाई जाती है।
- डेल्टाई वनस्पति नदी डेल्टा में पाई जाती है।
- थार वनस्पति राजस्थान के शुष्क क्षेत्र में पाई जाती है।
निम्नलिखित में से कौन-सा वन उत्पाद गोंद है?
- रबड़
- बाँस
- कीकर
- सागौन
Explanation:
- कीकर (बबूल) के वृक्ष से गोंद प्राप्त होता है।
- रबड़ रबड़ के वृक्ष से प्राप्त होता है।
- बाँस और सागौन इमारती लकड़ी के लिए प्रयुक्त होते हैं।
भारत में सबसे ऊँचाई पर पाई जाने वाली वनस्पति है?
- पर्णपाती वन
- सदाबहार वन
- अल्पाइन वनस्पति
- मैंग्रोव वनस्पति
Explanation:
- अल्पाइन वनस्पति हिमालय के सबसे ऊँचाई वाले क्षेत्रों (3500 मीटर से अधिक) में पाई जाती है।
- पर्णपाती और सदाबहार वन कम ऊँचाई पर पाए जाते हैं।
- मैंग्रोव वनस्पति समुद्र तट के निकट पाई जाती है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में मैंग्रोव वन नहीं पाए जाते?
- पश्चिम बंगाल
- ओडिशा
- हरियाणा
- गुजरात
Explanation:
- हरियाणा एक landlocked राज्य है, यहाँ कोई समुद्र तट नहीं है, इसलिए यहाँ मैंग्रोव वन नहीं पाए जाते।
- पश्चिम बंगाल (सुंदरबन), ओडिशा और गुजरात में मैंग्रोव वन पाए जाते हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा वृक्ष शुष्क पर्णपाती वन का उदाहरण है?
- साल
- सागौन
- नीम
- चंदन
Explanation:
- नीम शुष्क पर्णपाती वनों में पाया जाने वाला एक सामान्य वृक्ष है।
- साल और सागौन आर्द्र पर्णपाती वनों में पाए जाते हैं।
- चंदन भी शुष्क क्षेत्रों में पाया जाता है लेकिन यह एक कीमती वृक्ष है।
भारत में वन संरक्षण अधिनियम कब पारित किया गया?
- 1952
- 1972
- 1980
- 1988
Explanation:
- 1980 में वन संरक्षण अधिनियम पारित किया गया था।
- 1952 में राष्ट्रीय वन नीति बनी थी।
- 1972 में वन्यजीव संरक्षण अधिनियम पारित किया गया था।
- 1988 में राष्ट्रीय वन नीति में संशोधन किया गया था।
निम्नलिखित में से किस अभयारण्य में एशियाई शेर पाए जाते हैं?
- कान्हा अभयारण्य
- बांधवगढ़ अभयारण्य
- गिर अभयारण्य
- पेरियार अभयारण्य
Explanation:
- गिर अभयारण्य (गुजरात) एशियाई शेरों का एकमात्र प्राकृतिक आवास है।
- कान्हा और बांधवगढ़ अभयारण्य बाघों के लिए प्रसिद्ध हैं।
- पेरियार अभयारण्य हाथियों के लिए प्रसिद्ध है।
निम्नलिखित में से कौन-सा वन उत्पाद ‘इमारती लकड़ी’ के अंतर्गत आता है?
- गोंद
- रबड़
- सागौन
- तेंदू पत्ता
Explanation:
- सागौन एक उत्कृष्ट इमारती लकड़ी है जिसका उपयोग फर्नीचर और निर्माण कार्य में होता है।
- गोंद और रबड़ गैर-इमारती वन उत्पाद हैं।
- तेंदू पत्ता बीड़ी बनाने के काम आता है।
भारत में सबसे अधिक वन आच्छादन वाला केंद्रशासित प्रदेश कौन-सा है?
- दिल्ली
- चंडीगढ़
- अंडमान और निकोबार द्वीप समूह
- पुदुचेरी
Explanation:
- अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भारत के कुल वन क्षेत्र का एक बड़ा हिस्सा है और यह सदाबहार वनों से आच्छादित है।
- दिल्ली और चंडीगढ़ में नगरीय क्षेत्र अधिक हैं।
- पुदुचेरी में भी वन आच्छादन कम है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में ‘चंदन’ के वृक्ष पाए जाते हैं?
- पंजाब
- हरियाणा
- कर्नाटक
- उत्तर प्रदेश
Explanation:
- कर्नाटक भारत में चंदन की लकड़ी का सबसे बड़ा उत्पादक राज्य है।
- पंजाब और हरियाणा में चंदन के वृक्ष नहीं पाए जाते।
- उत्तर प्रदेश में चंदन के वृक्ष बहुत कम हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा राष्ट्रीय उद्यान नीलगिरि तहर के लिए प्रसिद्ध है?
- कॉर्बेट नेशनल पार्क
- रणथंभौर नेशनल पार्क
- एराविकुलम नेशनल पार्क
- काजीरंगा नेशनल पार्क
Explanation:
- एराविकुलम नेशनल पार्क (केरल) नीलगिरि तहर (एक प्रकार का बकरा) के लिए प्रसिद्ध है।
- कॉर्बेट और रणथंभौर बाघों के लिए प्रसिद्ध हैं।
- काजीरंगा गैंडों के लिए प्रसिद्ध है।
भारत की पहली राष्ट्रीय वन नीति कब घोषित की गई थी?
- 1948
- 1952
- 1976
- 1988
Explanation:
- 1952 में भारत की पहली राष्ट्रीय वन नीति घोषित की गई थी।
- 1948 में कोई वन नीति नहीं बनी थी।
- 1976 में 42वें संविधान संशोधन द्वारा वनों को राज्य सूची से समवर्ती सूची में लाया गया।
- 1988 में नई राष्ट्रीय वन नीति बनी।
