आधुनिक भारत में अकाल आयोग/समितियां पर प्रश्नोत्तरी (SSC CGL हेतु)

1. भारत में पहला अकाल आयोग किस वर्ष गठित किया गया?

  • 1860
  • 1880
  • 1898
  • 1877

व्याख्या:

  • 1880 में पहला अकाल आयोग (स्ट्रेची आयोग) गठित किया गया।
  • यह आयोग 1876-78 के दक्षिण भारत के अकाल के बाद बना।
  • इस आयोग का अध्यक्ष रिचर्ड स्ट्रेची था।
  • आयोग ने अकाल को ‘प्राकृतिक आपदा’ मानते हुए सरकारी हस्तक्षेप आवश्यक बताया।

2. स्ट्रेची अकाल आयोग (1880) का मुख्य सुझाव क्या था?

  • अकाल कर वसूली बढ़ाना
  • अकाल संहिता (Famine Code) बनाना
  • अकाल को दैवीय आपदा मानना
  • किसानों को कर से छूट नहीं देना

व्याख्या:

  • 1880 के स्ट्रेची आयोग ने अकाल संहिता बनाने की सिफारिश की।
  • अकाल संहिता में राहत कार्य, अनाज की आपूर्ति और रोजगार सृजन पर जोर दिया गया।
  • पहली बार अकाल प्रबंधन को वैज्ञानिक ढांचे में ढाला गया।
  • इसके बाद ब्रिटिश सरकार ने अकाल प्रबंधन को नीतिगत रूप दिया।

3. 1898 का अकाल आयोग किसके अध्यक्षता में बना?

  • सर एंथोनी मैकडोनेल
  • रिचर्ड स्ट्रेची
  • डब्ल्यू.एच. मोरेल
  • सर जॉन लॉरेन्स

व्याख्या:

  • सर एंथोनी मैकडोनेल की अध्यक्षता में 1898 का अकाल आयोग बना।
  • 1896-97 के भीषण अकाल के बाद यह आयोग गठित हुआ।
  • इस आयोग ने अकाल को स्थायी समस्या माना।
  • खाद्यान्न भंडारण और सार्वजनिक वितरण पर जोर दिया।

4. 1901-1902 के अकाल की समीक्षा के लिए किस समिति का गठन हुआ?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • लॉर्ड कर्जन के समय अकाल आयोग
  • फ्रेजर आयोग

व्याख्या:

  • 1901-02 में लॉर्ड कर्जन ने अकाल की स्थिति की समीक्षा हेतु आयोग बनाया।
  • इस आयोग ने “Famine Relief Codes” को और मजबूत किया।
  • सड़क निर्माण व रोजगार सृजन कार्यों की सिफारिश की।
  • ग्राम स्तर पर राहत कार्यों की निगरानी पर जोर दिया।

5. भारत में अकाल राहत कार्यों को व्यवस्थित करने हेतु किस आयोग को ‘टर्निंग प्वाइंट’ माना जाता है?

  • फ्रेजर आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • स्ट्रेची आयोग (1880)
  • लॉर्ड कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) को भारत में अकाल नीति का टर्निंग प्वाइंट माना जाता है।
  • इसने पहली बार अकाल को प्रबंधित करने हेतु औपचारिक नीति दी।
  • इसके आधार पर भारत में ‘फेमिन कोड’ बना।
  • आगे के सभी आयोगों ने इसकी सिफारिशों को आधार माना।

6. मैकडोनेल आयोग (1898) ने किस सिद्धांत पर जोर दिया?

  • ‘रिलेटिव स्केर्सिटी’ (सापेक्ष अभाव)
  • ‘एब्सोल्यूट स्केर्सिटी’ (पूर्ण अभाव)
  • ‘फूड इम्पोर्ट’
  • ‘एग्रीकल्चर टैक्स’

व्याख्या:

  • मैकडोनेल आयोग (1898) ने ‘रिलेटिव स्केर्सिटी’ सिद्धांत पर जोर दिया।
  • अर्थात अनाज का उत्पादन कम नहीं बल्कि उसका वितरण असमान है।
  • इससे भुखमरी और मौतें होती हैं।
  • आयोग ने वितरण प्रणाली को सुदृढ़ करने की सिफारिश की।

7. ब्रिटिश काल में अकाल संहिता (Famine Code) बनाने का श्रेय किसे है?

  • लॉर्ड कर्जन
  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • मैकाले आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) ने अकाल संहिता बनाने की सिफारिश की।
  • इसे आगे चलकर कई प्रांतों ने लागू किया।
  • इसमें अकाल राहत के उपाय और रोजगार सृजन की व्यवस्था थी।
  • यह भारत के लिए पहली समग्र नीति बनी।

8. 1905-06 में हुए अकाल के समय कौन वायसराय थे?

  • लॉर्ड लिटन
  • लॉर्ड डफरिन
  • लॉर्ड कर्जन
  • लॉर्ड हार्डिंग

व्याख्या:

  • 1905-06 के अकाल के समय लॉर्ड कर्जन भारत के वायसराय थे।
  • उन्होंने 1901-02 में अकाल आयोग गठित किया था।
  • उनकी नीतियों से अकाल राहत कार्यों को गति मिली।
  • रेल और संचार माध्यमों से अनाज आपूर्ति तेज हुई।

9. किस अकाल आयोग ने ‘वाटर स्टोरेज व इरिगेशन’ पर जोर दिया?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • मैकडोनेल आयोग (1898) ने वाटर स्टोरेज व सिंचाई सुविधाओं पर जोर दिया।
  • इसका उद्देश्य खाद्यान्न उत्पादन बढ़ाना था।
  • अकाल से निपटने हेतु कृषि को टिकाऊ बनाने की बात कही।
  • इसके बाद नहरों का निर्माण बढ़ा।

10. अकाल की स्थिति में कर वसूली स्थगित करने की सिफारिश किस आयोग ने की?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) ने अकाल की स्थिति में कर वसूली स्थगित करने की सिफारिश की।
  • इससे किसानों को राहत देने का प्रयास किया गया।
  • कर नीति में पहली बार लचीलापन लाया गया।
  • ब्रिटिश सरकार ने आंशिक रूप से इसे लागू किया।

11. ब्रिटिश काल में किस अकाल आयोग ने ‘भंडारण नीति’ पर जोर दिया?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • लॉर्ड कर्जन आयोग
  • फ्रेजर आयोग

व्याख्या:

  • मैकडोनेल आयोग (1898) ने खाद्यान्न भंडारण नीति पर जोर दिया।
  • कहा कि अकाल केवल उत्पादन नहीं, वितरण की समस्या है।
  • भंडारण केंद्र और आपूर्ति श्रृंखला मजबूत की जाए।
  • इससे भविष्य में अकाल की तीव्रता कम होगी।

12. किस आयोग ने ‘रोजगार कार्य’ (relief works) शुरू करने पर बल दिया?

  • स्ट्रेची आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) ने रोजगार कार्यों पर बल दिया।
  • इसमें सड़क, नहर व सार्वजनिक कार्य शामिल थे।
  • उद्देश्य मजदूरों को काम व मजदूरी देकर भुखमरी रोकना था।
  • यह नीति आगे के सभी अकाल आयोगों ने अपनाई।

13. 1876-78 के अकाल के समय कौन वायसराय थे?

  • लॉर्ड लिटन
  • लॉर्ड कर्जन
  • लॉर्ड डफरिन
  • लॉर्ड रिपन

व्याख्या:

  • लॉर्ड लिटन के समय 1876-78 में दक्षिण भारत में भयानक अकाल पड़ा।
  • इसी अकाल के बाद 1880 में स्ट्रेची आयोग बना।
  • लॉर्ड लिटन की नीतियों की आलोचना हुई।
  • क्योंकि उन्होंने राहत कार्यों को पर्याप्त प्राथमिकता नहीं दी।

14. 1896-97 के अकाल से प्रभावित क्षेत्र कौन से थे?

  • केरल व तमिलनाडु
  • बॉम्बे, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश
  • पंजाब व बंगाल
  • असम व नागालैंड

व्याख्या:

  • 1896-97 का अकाल मुख्यतः बॉम्बे, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में पड़ा।
  • यह अकाल बेहद भीषण था।
  • इसके बाद 1898 में मैकडोनेल आयोग बना।
  • जिसने अकाल नीति की पुन: समीक्षा की।

15. 1943 के बंगाल अकाल के समय कौन वायसराय थे?

  • लॉर्ड लिनलिथगो
  • लॉर्ड वेलिंगटन
  • लॉर्ड माउंटबेटन
  • लॉर्ड हार्डिंग

व्याख्या:

  • 1943 में बंगाल का भीषण अकाल लॉर्ड लिनलिथगो के समय पड़ा।
  • इसमें लगभग 30 लाख लोग मरे।
  • यह द्वितीय विश्वयुद्ध और ब्रिटिश नीति का परिणाम था।
  • खाद्यान्न वितरण की विफलता मुख्य कारण थी।

16. 1943 बंगाल अकाल की जांच हेतु कौन-सा आयोग गठित हुआ?

  • मैकडोनेल आयोग
  • फेमिन इनक्वायरी कमीशन (Woodhead Commission)
  • स्ट्रेची आयोग
  • फ्रेजर आयोग

व्याख्या:

  • 1943 बंगाल अकाल की जांच हेतु फेमिन इनक्वायरी कमीशन (वुडहेड आयोग) गठित हुआ।
  • इसने सरकारी नीतियों की आलोचना की।
  • ब्रिटिश युद्धकालीन नीति को दोषी ठहराया।
  • लेकिन इसकी रिपोर्ट दबा दी गई।

17. स्ट्रेची आयोग (1880) का मुख्य उद्देश्य क्या था?

  • नहर निर्माण
  • अकाल प्रबंधन हेतु स्थायी नीति
  • कर वृद्धि
  • कृषि निर्यात

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग का उद्देश्य अकाल प्रबंधन हेतु स्थायी नीति बनाना था।
  • इससे अकाल की स्थिति में राहत दी जा सके।
  • यह नीति सभी प्रांतों पर लागू हुई।
  • इससे भारत में अकाल नीति की नींव रखी गई।

18. किस आयोग ने कहा कि ‘अकाल केवल प्राकृतिक आपदा नहीं, शासन की विफलता है’?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • मैकडोनेल आयोग (1898) ने कहा कि अकाल शासन की विफलता है।
  • केवल प्राकृतिक कारणों से अकाल नहीं आता।
  • भंडारण और वितरण में गड़बड़ी असली कारण है।
  • इसी आधार पर नीति में बदलाव सुझाया।

19. अकाल राहत हेतु ‘टेस्ट वर्क्स’ (काम के बदले भोजन) की शुरुआत किस आयोग ने की?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) ने टेस्ट वर्क्स की शुरुआत की।
  • अर्थात लोगों को मजदूरी के बदले भोजन दिया जाए।
  • इससे भुखमरी कम हुई।
  • यह राहत नीति आगे भी लागू रही।

20. किस अकाल आयोग ने कहा कि अकाल राहत राज्य की जिम्मेदारी है?

  • स्ट्रेची आयोग
  • मैकडोनेल आयोग
  • फ्रेजर आयोग
  • कर्जन आयोग

व्याख्या:

  • स्ट्रेची आयोग (1880) ने कहा कि अकाल राहत राज्य की जिम्मेदारी है।
  • पहले इसे दैवीय आपदा माना जाता था।
  • यह विचार भारतीय प्रशासन में बदलाव लाया।
  • सरकारी हस्तक्षेप की नींव पड़ी।

21. बंगाल अकाल (1943) के समय मृत्यु दर का मुख्य कारण क्या था?

  • खाद्यान्न उत्पादन की कमी
  • वितरण व्यवस्था की विफलता
  • भूकंप
  • बाढ़

व्याख्या:

  • बंगाल अकाल (1943) में उत्पादन पर्याप्त था लेकिन वितरण विफल रहा।
  • युद्धकालीन नीति से अनाज जब्त किया गया।
  • काला बाजारी और जमाखोरी बढ़ी।
  • इससे लाखों लोग भूखे मरे।
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