Hindi
‘मैला आँचल’ उपन्यास के रचनाकार कौन हैं?
- प्रेमचंद
- यशपाल
- फणीश्वर नाथ ‘रेणु’
- अज्ञेय
Explanation:
- ‘मैला आँचल’ के लेखक फणीश्वर नाथ ‘रेणु’ हैं।
- रेणु हिंदी के प्रमुख आंचलिक कथाकार माने जाते हैं।
‘मैला आँचल’ का प्रकाशन किस वर्ष हुआ था?
- 1947 ई.
- 1950 ई.
- 1954 ई.
- 1960 ई.
Explanation:
- ‘मैला आँचल’ का प्रकाशन 1954 ई. में हुआ।
- यह हिंदी साहित्य के प्रसिद्ध आंचलिक उपन्यासों में प्रमुख स्थान रखता है।
‘मैला आँचल’ किस विधा की रचना है?
- कहानी
- नाटक
- आत्मकथा
- उपन्यास
Explanation:
- ‘मैला आँचल’ एक उपन्यास है।
- इसे हिंदी का प्रथम आंचलिक उपन्यास माना जाता है।
‘मैला आँचल’ को हिंदी साहित्य में किस प्रकार का उपन्यास माना जाता है?
- ऐतिहासिक उपन्यास
- मनोवैज्ञानिक उपन्यास
- आंचलिक उपन्यास
- जासूसी उपन्यास
Explanation:
- ‘मैला आँचल’ आंचलिक उपन्यास की महत्वपूर्ण रचना है।
- इसमें किसी विशेष क्षेत्र के लोकजीवन, संस्कृति, भाषा, सामाजिक संबंधों और समस्याओं का जीवंत चित्रण मिलता है।
‘मैला आँचल’ की मुख्य पृष्ठभूमि किस स्थान की है?
- बनारस
- पटना का मेरीगंज गांव
- पूर्णिया जिले का मेरीगंज गांव
- मुजफ्फरपुर का मेरीगंज गांव
Explanation:
- उपन्यास की कथा-भूमि बिहार के पूर्णिया जिले का मेरीगंज गांव है।
- मेरीगंज के माध्यम से ग्रामीण समाज की सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक स्थिति का चित्रण किया गया है।
‘मैला आँचल’ में मेरीगंज किस राज्य में स्थित है?
- उत्तर प्रदेश
- पश्चिम बंगाल
- झारखंड
- बिहार
Explanation:
- मेरीगंज बिहार के पूर्णिया क्षेत्र की कथा-भूमि है।
- उपन्यास में बिहार के ग्रामीण लोकजीवन और आंचलिक संस्कृति का विस्तृत चित्रण है।
‘मैला आँचल’ में मेरीगंज गांव का नाम किसके नाम पर रखा गया था?
- किसी जमींदार की पत्नी ‘मेरी’ के नाम पर
- किसी राजा की पत्नी ‘मेरी’ के नाम पर
- एक अंग्रेज मार्टिन की पत्नी ‘मेरी’ के नाम पर
- डॉ. प्रशांत की पत्नी के नाम पर
Explanation:
- उपन्यास में मेरीगंज नाम को एक अंग्रेज मार्टिन की पत्नी ‘मेरी’ के नाम से जोड़ा गया है।
- गांव का नाम भी इसकी स्थानीय और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि का हिस्सा है।
‘मैला आँचल’ का मुख्य नायक किसे माना जाता है?
- डॉ. प्रशांत
- बालदेव
- बावनदास
- मेरीगंज गांव
Explanation:
- उपन्यास का कोई एक अकेला नायक नहीं है।
- मेरीगंज गांव ही सामूहिक रूप से उपन्यास का मुख्य नायक माना जाता है।
- गांव के विभिन्न वर्गों, जातियों और पात्रों के माध्यम से पूरे ग्रामीण समाज का चित्र उभरता है।
‘मैला आँचल’ में डॉ. प्रशांत किस उद्देश्य से मेरीगंज आते हैं?
- राजनीति करने
- जमींदारी करने
- शोध करने
- व्यापार करने
Explanation:
- डॉ. प्रशांत एक युवा और आदर्शवादी डॉक्टर हैं।
- वे पटना से मेरीगंज में मलेरिया और काला-आज़ार पर शोध करने आते हैं।
- वे गांव के लोगों की भलाई के लिए समर्पित रहते हैं।
‘मैला आँचल’ में कमली किसकी बेटी है?
- बावनदास की
- बालदेव की
- विश्वनाथ प्रसाद की
- कालीचरन की
Explanation:
- कमली मेरीगंज के तहसीलदार विश्वनाथ प्रसाद की बेटी है।
- कमली का संबंध डॉ. प्रशांत से जुड़ता है और वह उनकी पत्नी बनती है।
‘मैला आँचल’ में कमली का प्रेम किस पात्र से है?
- बालदेव
- कालीचरन
- बावनदास
- डॉ. प्रशांत
Explanation:
- कमली डॉ. प्रशांत से प्रेम करती है।
- बाद में दोनों का विवाह होता है।
‘मैला आँचल’ का बावनदास किस विचारधारा से जुड़ा हुआ पात्र है?
- साम्यवादी
- समाजवादी
- गांधीवादी
- उपनिवेशवादी
Explanation:
- बावनदास एक सच्चा और निष्ठावान गांधीवादी कार्यकर्ता है।
- उपन्यास के अंत में तस्करों द्वारा उसकी हत्या कर दी जाती है।
- उसकी मृत्यु गांधीवादी आदर्शों के पतन का प्रतीक मानी जाती है।
‘मैला आँचल’ में सोशलिस्ट पार्टी के युवा नेता के रूप में कौन-सा पात्र सामने आता है?
- बालदेव
- विश्वनाथ प्रसाद
- कालीचरन
- बावनदास
Explanation:
- कालीचरन सोशलिस्ट पार्टी से जुड़ा युवा नेता है।
- वह शोषित लोगों के अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाला जुझारू पात्र है।
‘मैला आँचल’ में बालदेव किस राजनीतिक दल से जुड़ा है?
- सोशलिस्ट पार्टी
- कम्युनिस्ट पार्टी
- कांग्रेस
- मुस्लिम लीग
Explanation:
- बालदेव कांग्रेस पार्टी का कार्यकर्ता है।
- उपन्यास में स्वतंत्रता के आसपास के ग्रामीण राजनीतिक वातावरण और विभिन्न राजनीतिक विचारधाराओं का चित्रण मिलता है।
‘मैला आँचल’ में लछमी का संबंध किससे है?
- कायस्थ टोले से
- राजपूत टोले से
- मठ से
- शहर के राजनीतिक वर्ग से
Explanation:
- लछमी या लक्ष्मी मठ की दासी/कोठारिन है।
- वह रामदास की सेविका तथा बालदेव की आश्रयदाता के रूप में भी जुड़ी है।
‘मैला आँचल’ में मेरीगंज गांव का कायस्थ टोला किसके प्रभाव में है?
- खेलवन यादव
- ठाकुर रामकृपाल सिंह
- विश्वनाथ प्रसाद
- कालीचरन
Explanation:
- कायस्थ टोले पर तहसीलदार विश्वनाथ प्रसाद का वर्चस्व बताया गया है।
- मेरीगंज के विभिन्न टोले वहां की जातीय और सामाजिक संरचना को सामने लाते हैं।
मेरीगंज के राजपूत टोले पर किसका प्रभाव बताया गया है?
- विश्वनाथ प्रसाद
- खेलवन यादव
- ठाकुर रामकृपाल सिंह
- कालीचरन
Explanation:
- राजपूत टोले पर ठाकुर रामकृपाल सिंह का प्रभाव है।
- इस प्रकार उपन्यास में अलग-अलग जातीय टोलों के सामाजिक प्रभावों का चित्रण मिलता है।
मेरीगंज के यादव या ग्वाला टोले का प्रमुख प्रभाव किसका है?
- ठाकुर रामकृपाल सिंह
- विश्वनाथ प्रसाद
- खेलवन यादव
- बावनदास
Explanation:
- यादव या ग्वाला टोले पर खेलवन यादव का प्रभाव बताया गया है।
- मेरीगंज के विभिन्न टोले ग्रामीण समाज की जातीय संरचना को दर्शाते हैं।
‘मैला आँचल’ में संथाल टोला किस सामाजिक स्थिति को दर्शाता है?
- संपन्न जमींदार वर्ग
- शहरी मध्यम वर्ग
- सबसे पिछड़े और शोषित वर्ग का जीवन
- उच्च प्रशासनिक वर्ग
Explanation:
- संथाल टोला गांव के पिछड़े और शोषित वर्ग के जीवन को सामने लाता है।
- भूमि के लिए उनका संघर्ष उपन्यास में ग्रामीण शोषण और सामाजिक असमानता को उजागर करता है।
‘मैला आँचल’ की प्रमुख विषय-वस्तु में निम्नलिखित में से कौन-सा शामिल है?
- केवल राजदरबार का जीवन
- केवल धार्मिक आख्यान
- गरीबी, अशिक्षा, अंधविश्वास, राजनीति और आंचलिक लोकजीवन
- केवल शहरी औद्योगिक जीवन
Explanation:
- ‘मैला आँचल’ में स्वतंत्रता के आसपास के ग्रामीण समाज का व्यापक चित्रण है।
- गरीबी, अशिक्षा, अंधविश्वास, राजनीतिक चेतना और विभिन्न राजनीतिक विचारधाराओं का प्रवेश प्रमुख विषय हैं।
- कांग्रेस, सोशलिस्ट और कम्युनिस्ट विचारधाराओं के प्रभाव के साथ स्थानीय लोकजीवन और संस्कृति भी उभरती है।
