Updated on 20/08/23 by Maananjay MahatoShare on WhatsApp

संजीव कुमार सिंह (Sanjeev Kumar Singh)

  • खेल – तीरंदाजी
  • संजीव कुमार सिंह (BIT, मेसरा के पूर्व छात्र) ने  झारखण्ड का नाम तीरंदाजी में विश्व स्तर पर विख्यात किया है।
  • इन्होने 90 के दशक में अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता में स्वर्ण व कांस्य पदक भी जीता है।
  • इनकी इस उपलब्धि के लिए वर्ष 1992 में इन्हें अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। इसके अलावा इन्होने भारतीय तीरंदाजी टीम के कोच की भूमिका भी निभाई है जिसमें भारतीय टीम ने कई स्वर्ण व अन्य पदक जीता है।
  • इस महत्वपूर्ण योगदान के लिए वर्ष 2007 में इन्हें द्रोणाचार्य पुरस्कार से नवाजा गया है।
  • संजीव कुमार सिंह (BIT, मेसरा के छात्र) ने झारखण्ड का नाम तीरंदाजी में विश्व स्तर पर विख्यात किया है।
  • इन्होने 90 के दशक में अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता में स्वर्ण व कांस्य पदक भी जीता है।
  • इनकी इस उपलब्धि के लिए वर्ष 1992 में इन्हें अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
  • इसके अलावा इन्होने भारतीय तीरंदाजी टीम के कोच की भूमिका भी निभाई है जिसमें भारतीय टीम ने कई स्वर्ण व अन्य पदक जीता है।
  • इस महत्वपूर्ण योगदान के लिए वर्ष 2007 में इन्हें द्रोणाचार्य पुरस्कार से नवाजा गया है।

 

संजीव कुमार सिंह (Sanjeev Kumar Singh)