JharkhandGK
झारखण्ड राज्य में कहाँ ‘साइंस सिटी’ की स्थापना की जा रही है?
- जमशेदपुर
- बोकारो
- हजारीबाग
- राँची
Explanation:
- झारखण्ड राज्य में विज्ञान के प्रति रुचि बढ़ाने और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए राजधानी राँची में ‘साइंस सिटी’ की स्थापना की जा रही है।
झारखण्ड राज्य के गठन के बाद चार नये जिले बनाये गये
- राजमहल, लातेहार, घाटशिला, चक्रधरपुर
- मधुपुर, सिमडेगा, बरही, सरायकेला-खरसावां
- ढालभूम, रामगढ़, खूटी, नगर उंटारी
- लातेहार, सिमडेगा, जामताड़ा, सरायकेला-खरसावां
Explanation:
- झारखंड राज्य के निर्माण (15 नवंबर 2000) के पश्चात प्रशासनिक सुविधा के लिए चार नए जिले लातेहार, सिमडेगा, जामताड़ा और सरायकेला-खरसावां बनाए गए थे।
- लातेहार: इसे पलामू जिले से अलग करके 4 अप्रैल 2001 को नया जिला बनाया गया था। यह अपने प्राकृतिक सौंदर्य और पर्यटन स्थल ‘नेतरहाट‘ के लिए प्रसिद्ध है।
- सिमडेगा: इस जिले का गठन 30 अप्रैल 2001 को गुमला जिले को विभाजित करके किया गया था।
- जामताड़ा: इस जिले की स्थापना 26 अप्रैल 2001 को दुमका जिले से अलग करके की गई थी।
- सरायकेला-खरसावां: इसे पश्चिमी सिंहभूम जिले से अलग करके 30 अप्रैल 2001 को नया जिला बनाया गया था, जो औद्योगिक क्षेत्र ‘आदित्यपुर‘ के लिए जाना जाता है।
- झारखंड निर्माण के समय स्थिति: जब 15 नवंबर 2000 को झारखण्ड राज्य का गठन हुआ था, तब राज्य में कुल 18 जिले थे।
- वर्तमान स्थिति: इन 4 नए जिलों (और बाद में 2007 में बने रामगढ़ व खूंटी) को मिलाकर वर्तमान में झारखण्ड में कुल 24 जिले हैं।
गिरिडीह जिले के किस स्थल पर श्वेताम्बरी जैनियों का तीर्थ स्थल है?
- मधुवन
- मोरजागंज
- राजधनवार
- इनमें कोई नहीं
Explanation:
- गिरिडीह जिले में पारसनाथ पहाड़ी की तलहटी में स्थित मधुवन श्वेताम्बरी और दिगम्बरी जैनियों का एक अत्यंत पवित्र और प्रमुख तीर्थ स्थल है।
झारखण्ड में प्रखंडों की कुल संख्या कितनी है?
- 263
- 264
- 260
- 274
Explanation:
- झारखंड राज्य में प्रशासनिक संचालन के लिए बनाए गए प्रशासनिक ब्लॉकों (प्रखंडों) की कुल संख्या 264 है।
निम्नलिखित में से किस जिले का मुख्यालय चाईबासा है?
- पश्चिमी सिंहभूम
- खूटी
- रामगढ़
- दुमका
Explanation:
- पश्चिमी सिंहभूम जिले का प्रशासनिक मुख्यालय चाईबासा शहर में स्थित है।
झारखण्ड में किस जगह को ‘सिटी ऑफ वॉटरफाल्स’ कहा जाता है?
- पश्चिमी सिंहभूम
- खूटी
- राँची
- दुमका
Explanation:
- अपनी भौगोलिक स्थिति और यहाँ स्थित अनेक खूबसूरत झरनों (जैसे हुंडरू, जोन्हा, दसम आदि) के कारण राँची को ‘सिटी ऑफ वॉटरफाल्स’ (झरनों का शहर) कहा जाता है।
तोपचांची झील झारखण्ड के निम्नलिखित में से किस जिले में स्थित है?
- पूर्वी सिंहभूम
- पाकुड़
- धनबाद
- राँची
Explanation:
- प्रसिद्ध कृत्रिम झील ‘तोपचांची झील’ झारखण्ड के धनबाद जिले में पारसनाथ पहाड़ी के पास स्थित एक प्रमुख पर्यटन स्थल है।
झारखण्ड की राजधानी क्या है?
- हजारीबाग
- राँची
- गिरिडीह
- बोकारो
Explanation:
- झारखण्ड राज्य की विधायी और प्रशासनिक राजधानी राँची है।
निम्नलिखित में से किस शहर को ‘थाउजेंड गार्डन्स’ के नाम से जाना जाता है?
- हजारीबाग
- राँची
- गिरिडीह
- बोकारो
Explanation:
- अपने खूबसूरत उद्यानों, पार्कों और प्राकृतिक हरियाली के कारण हजारीबाग को ‘थाउजेंड गार्डन्स’ (हजारों बगीचों का शहर) के रूप में जाना जाता है।
किस पहाड़ी को मोरहाबादी पहाड़ी के नाम से भी जाना जाता है?
- गोवर्धन पहाड़ी
- लुशाय पहाड़ी
- टैगोर पहाड़ी
- राजगीर पहाड़ी
Explanation:
- राँची स्थित टैगोर पहाड़ी को स्थानीय स्तर पर ‘मोरहाबादी पहाड़ी’ के नाम से भी जाना जाता है, जिसका संबंध गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर के परिवार से रहा है।
झारखण्ड में किस स्थान को ‘क्वीन ऑफ छोटानागपुर’ कहा जाता है?
- राँची
- बोकारो
- नेतरहाट
- पलामू
Explanation:
- अपने बेहतरीन प्राकृतिक सौंदर्य, पहाड़ियों और सूर्योदय-सूर्यास्त के नजारों के लिए प्रसिद्ध लातेहार जिले के नेतरहाट को ‘क्वीन ऑफ छोटानागपुर’ कहा जाता है।
झारखण्ड में बिरसा ज़ूलाजिकल पार्क किस स्थान पर स्थित है?
- हजारीबाग
- पाकुड़
- सरायकेला खरसावां
- राँची
Explanation:
- भगवान बिरसा मुंडा की स्मृति में निर्मित ‘बिरसा जैविक पार्क’ (Birsa Zoological Park) ओरमांझी, राँची में स्थित है।
झारखण्ड का एक औद्योगिक विकास क्षेत्र आदित्यपुर किस शहर के समीप स्थित है?
- राँची
- धनबाद
- जमशेदपुर
- बोकारो
Explanation:
- एशिया के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्रों में से एक ‘आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र’ सरायकेला-खरसावां जिले में जमशेदपुर शहर के समीप स्थित है।
झारखण्ड के किस जिले में पारसनाथ जैन मंदिर स्थित है?
- हजारीबाग
- गिरिडीह
- सरायकेला खरसावां
- राँची
Explanation:
- झारखंड की सबसे ऊँची चोटी पारसनाथ पहाड़ी और प्रसिद्ध जैन मंदिर झारखण्ड के गिरिडीह जिले में स्थित हैं।
सारंडा वन मुख्यतः निम्नलिखित के किस जिले में स्थित है?
- हजारीबाग
- गिरिडीह
- सरायकेला खरसावां
- प. सिंहभूम
Explanation:
- घने साल के वनों के लिए प्रसिद्ध और एशिया का सबसे बड़ा प्राकृतिक सारंडा वन मुख्यतः पश्चिमी सिंहभूम (प. सिंहभूम) जिले में स्थित है।
कौन सा शहर “झारखण्ड की सांस्कृतिक राजधानी” के रूप में जाना जाता है?
- देवघर
- गिरिडीह
- सरायकेला खरसावां
- राँची
Explanation:
- बाबा बैद्यनाथ धाम और अपनी समृद्ध धार्मिक व सांस्कृतिक विरासत के कारण देवघर को झारखण्ड की सांस्कृतिक राजधानी के रूप में जाना जाता है।
झारखण्ड राज्य के गठन के बाद कितने नये जिलों का गठन किया गया है?
- 4
- 5
- 6
- 7
Explanation:
- झारखंड राज्य के गठन (15 नवंबर 2000) के समय राज्य में 18 जिले थे, जिसके बाद प्रशासनिक दृष्टिकोण से 6 नए जिले (लातेहार, सिमडेगा, जामताड़ा, सरायकेला-खरसावां, खूंटी और रामगढ़) गठित किए गए, जिससे कुल जिलों की संख्या 24 हो गई है।
झारखण्ड निर्माण के समय राज्य में कितने जिले थे?
- 18
- 20
- 24
- 21
Explanation:
- 15 नवंबर 2000 को जब झारखंड राज्य का गठन हुआ था, उस समय बिहार से अलग हुए इस क्षेत्र में कुल 18 जिले शामिल थे।
झारखण्ड में कितने जिले हैं?
- 18
- 20
- 24
- 21
Explanation:
- वर्तमान समय में प्रशासनिक और भौगोलिक रूप से झारखण्ड राज्य में कुल 24 जिले हैं।
‘झारखण्ड का शिमला’ किसे कहा जाता है?
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- बोकारो
- राँची
Explanation:
- अपने सुहावने मौसम, प्राकृतिक सुंदरता और पहाड़ियों के कारण राजधानी राँची को ‘झारखण्ड का शिमला’ कहा जाता है।
झारखण्ड क्षेत्र स्वायत्त परिषद (JAC) का गठन कब हुआ?
- 8 अगस्त, 1993
- 8 अगस्त, 1994
- 9 अगस्त, 1995
- 8 अगस्त, 1996
Explanation:
- झारखंड अलग राज्य आंदोलन के दौरान स्थानीय विकास और स्वशासन के लिए झारखण्ड क्षेत्र स्वायत्त परिषद (Jharkhand Area Autonomous Council) का गठन 9 अगस्त, 1995 को किया गया था।
गोड्डा और दुमका जिले झारखण्ड के कौन-से प्रमंडल में हैं?
- दक्षिणी छोटानागपुर
- पलामू
- कोल्हान
- संथाल परगना
Explanation:
- गोड्डा, दुमका, देवघर, जामताड़ा, पाकुड़ और साहिबगंज जिले झारखण्ड के संथाल परगना प्रमंडल के अंतर्गत आते हैं।
झारखण्ड के लातेहार जिले में कौन-सा प्रमुख पर्यटन स्थल है?
- दिउड़ी मंदिर
- नेतरहाट
- सूर्य मंदिर
- रजरप्पा मंदिर
Explanation:
- ‘क्वीन ऑफ छोटानागपुर’ के नाम से प्रसिद्ध और खूबसूरत सूर्योदय-सूर्यास्त के नजारों के लिए जाना जाने वाला नेतरहाट पर्यटन स्थल लातेहार जिले में स्थित है।
निम्नलिखित में से किस शहर को TELCO और TISCO शहर के रूप में जाना जाता है?
- धनबाद
- राँची
- बोकारो
- जमशेदपुर
Explanation:
- टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी (TISCO) और टाटा इंजीनियरिंग एंड लोकोमोटिव कंपनी (TELCO) की स्थापना के कारण जमशेदपुर शहर को मुख्य रूप से इन औद्योगिक कंपनियों के नाम से जाना जाता है।
प्रसिद्ध टैगोर हिल स्टेशन किस शहर की सीमा पर स्थित है?
- धनबाद
- राँची
- बोकारो
- जमशेदपुर
Explanation:
- ऐतिहासिक और दार्शनिक महत्व वाली प्रसिद्ध टैगोर पहाड़ी (Tagore Hill) राँची शहर (मोरहाबादी क्षेत्र) में स्थित है।
उत्तर से दक्षिण में झारखण्ड के जिलों (साहेबगंज, पाकुड़, दुमका, बोकारो) का सही क्रम क्या है?
- पाकुड़-दुमका-बोकारो-साहेबगंज
- साहेबगंज-दुमका-बोकारो-पाकुड़
- बोकारो-साहेबगंज-पाकुड़-दुमका
- साहेबगंज-पाकुड़-दुमका-बोकारो
Explanation:
- मानचित्र पर उत्तर से दक्षिण की ओर इन जिलों का भौगोलिक सही क्रम साहेबगंज – पाकुड़ – दुमका – बोकारो है।
झारखण्ड में त्रिकुट चोटी कहाँ स्थित है?
- दुगढ़ा
- पारडीह
- देवघर
- रामगढ़
Explanation:
- तीन मुख्य चोटियों वाले प्रसिद्ध पर्यटन और धार्मिक स्थल ‘त्रिकुट पर्वत’ (Trisoot Hill) झारखण्ड के देवघर जिले में स्थित है, जहाँ रोपवे की सुविधा भी उपलब्ध है।
पलामू जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 फरवरी 1892
- 1 अप्रैल 1892
- 1 मई 1892
- 1 जनवरी 1892
Explanation:
- झारखंड का ऐतिहासिक पलामू जिला ब्रिटिश काल के दौरान 1 जनवरी 1892 को एक स्वतंत्र जिले के रूप में अस्तित्व में आया था। इसका मुख्यालय मेदिनीनगर (डालटनगंज) में स्थित है।
गढ़वा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 फरवरी 1991
- 1 अप्रैल 1991
- 1 मई 1991
- 1 जनवरी 1991
Explanation:
- पलामू जिले से अलग करके गढ़वा को 1 अप्रैल 1991 को एक नए जिले के रूप मेंगठित किया गया था। यह उत्तर प्रदेश और बिहार राज्यों की सीमा से सटा हुआ है।
लातेहार जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 फरवरी 1991
- 4 अप्रैल 2001
- 1 मई 1991
- 1 जनवरी 2001
Explanation:
- झारखंड राज्य के गठन के बाद पलामू जिले के विभाजन से 4 अप्रैल 2001 को लातेहार जिला बनाया गया था, जहाँ प्रसिद्ध नेतरहाट और बेतला नेशनल पार्क स्थित हैं।
चतरा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 29 मई, 1991
- 4 अप्रैल 2001
- 1 मई 1991
- 1 जनवरी 2001
Explanation:
- हजारीबाग जिले के प्रशासनिक विभाजन के पश्चात 29 मई, 1991 को चतरा को एक अलग जिले का दर्जा दिया गया था। यह अपने ऐतिहासिक भद्रकाली मंदिर के लिए प्रसिद्ध है।
हजारीबाग जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1891
- 1893
- 1899
- 1834
Explanation:
- ब्रिटिश शासनकाल के दौरान 1834 में हजारीबाग को जिला घोषित किया गया था। यह छोटानागपुर क्षेत्र के सबसे पुराने प्रशासनिक जिलों में से एक है।
कोडरमा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 29 मई, 1991
- 4 अप्रैल 2001
- 1 मई 1994
- 10 अप्रैल 1994
Explanation:
- हजारीबाग जिले से अलग करके 10 अप्रैल 1994 को कोडरमा जिले का गठन किया गया था। इसे ‘भारत की अभ्रक राजधानी’ (Mica Capital of India) भी कहा जाता है।
गिरिडीह जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 4 दिसम्बर, 1972
- 4 अप्रैल 2001
- 1 मई 1994
- 10 अप्रैल 1972
Explanation:
- हजारीबाग जिले के एक हिस्से को अलग कर 4 दिसंबर, 1972 को गिरिडीह जिले की स्थापना की गई थी। यहाँ प्रसिद्ध जैन तीर्थ स्थल पारसनाथ पहाड़ी स्थित है।
धनबाद जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 4 दिसम्बर, 1972
- 26 अक्टूबर 1956
- 1 मई 1956
- 10 अप्रैल 1972
Explanation:
- मानमन और कोयलांचल के प्रमुख केंद्र के रूप में धनबाद जिला 26 अक्टूबर 1956 को अस्तित्व में आया था। इसे ‘भारत की कोयला राजधानी’ (Coal Capital of India) कहा जाता है।
बोकारो जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 4 दिसम्बर, 1972
- 26 अक्टूबर 1956
- 1 अप्रैल 1991
- 10 अप्रैल 1991
Explanation:
- गिरिडीह और धनबाद के कुछ क्षेत्रों को मिलाकर 1 अप्रैल 1991 को बोकारो जिले का गठन किया गया था। यहाँ एशिया का प्रसिद्ध बोकारो इस्पात संयंत्र स्थित है।
रामगढ़ जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 12 सितम्बर 2007
- 26 अक्टूबर 1956
- 1 अप्रैल 2007
- 10 अप्रैल 1991
Explanation:
- हजारीबाग जिले से अलग करके 12 सितंबर 2007 को रामगढ़ को झारखंड का 24वां (नवीनतम) जिला बनाया गया था। यह क्षेत्रफल की दृष्टि से झारखंड का सबसे छोटा जिला है।
राँची जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1891
- 1893
- 1899
- 1834
Explanation:
- लोहरदगा जिले का मुख्यालय रांची स्थानांतरित होने के बाद 1899 में इसे औपचारिक रूप से रांची जिला घोषित किया गया था। यह राज्य की प्रशासनिक राजधानी है जहाँ हुंडरू और जोन्हा जैसे प्रसिद्ध जलप्रपात स्थित हैं।
खूंटी जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 12 सितम्बर 2007
- 26 अक्टूबर 1956
- 1 अप्रैल 2007
- 10 अप्रैल 1991
Explanation:
- राँची जिले के दक्षिणी हिस्से को विभाजित कर 12 सितंबर 2007 को खूंटी जिले का गठन किया गया था। यह भगवान बिरसा मुंडा की जन्मभूमि (उलिहातू) के रूप में विश्व प्रसिद्ध है।
सिमडेगा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 30 अप्रैल 2007
- 26 अक्टूबर 2001
- 1 अप्रैल 2007
- 30 अप्रैल, 2001
Explanation:
- गुमला जिले के विभाजन के पश्चात 30 अप्रैल, 2001 को सिमडेगा को एक नए जिले के रूप में स्थापित किया गया था। इसे ‘खिलाड़ियों की नर्सरी’ (Nurseries of Sports) भी कहा जाता है।
गुमला जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 30 अप्रैल 2007
- 18 मई, 1983
- 1 अप्रैल 1983
- 30 अप्रैल, 2001
Explanation:
- लोहरदगा और गुमला को लोहरदगा/रांची के पुराने क्षेत्रों से अलग करके 18 मई, 1983 को गुमला जिला बनाया गया था। यहाँ ऐतिहासिक पालकोट का किला स्थित है।
लोहरदगा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 16 मई 1983
- 18 मई, 1983
- 1 अप्रैल 1983
- 30 अप्रैल, 2001
Explanation:
- रांची जिले के एक उप-मंडल को अलग करके 16 मई 1983 को लोहरदगा जिले का गठन किया गया था। यह झारखंड में बॉक्साइट खनन का एक प्रमुख केंद्र है।
पूर्वी सिंहभूम जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 16 मई 1990
- 16 जनवरी 1990
- 1 अप्रैल 1983
- 30 अप्रैल, 2001
Explanation:
- पुराने सिंहभूम जिले के विभाजन के बाद 16 जनवरी 1990 को पूर्वी सिंहभूम जिले का गठन किया गया था, जिसका मुख्यालय जमशेदपुर (टाटानगर) में स्थित है।
पश्चिमी सिंहभूम जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 16 मई 1990
- 16 जनवरी 1990
- 1 अप्रैल 1983
- 30 अप्रैल, 2001
Explanation:
- सिंहभूम जिले के प्रशासनिक पुनर्गठन के दौरान 16 जनवरी 1990 को ही पश्चिमी सिंहभूम जिला भी अस्तित्व में आया था। इसका मुख्यालय चाईबासा है और यह क्षेत्रफल की दृष्टि से राज्य का सबसे बड़ा जिला है।
सरायकेला खरसावां जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 30 अप्रैल, 2001
- 16 जनवरी 1990
- 1 अप्रैल 2001
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- पश्चिमी सिंहभूम जिले के कुछ हिस्सों को अलग करके 30 अप्रैल, 2001 को सरायकेला-खरसावां जिले का गठन किया गया था। यह क्षेत्र प्रसिद्ध छऊ नृत्य (Chhau Dance) का उद्गम स्थल है।
देवघर जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 30 अप्रैल, 2001
- 16 जनवरी 1983
- 1 जून, 1983
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- संथाल परगना क्षेत्र के पुराने दुमका जिले से अलग कर 1 जून, 1983 को देवघर जिले की स्थापना की गई थी। इसे झारखंड की ‘सांस्कृतिक राजधानी’ कहा जाता है।
जामताड़ा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 30 अप्रैल, 2001
- 26 अप्रैल, 2001
- 1 जून, 1983
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- दुमका जिले के उप-मंडलीय क्षेत्रों को विभाजित करके 26 अप्रैल, 2001 को जामताड़ा जिले का गठन किया गया था। यह बराकर नदी के तट पर बसा हुआ है।
दुमका जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 जून 1983
- 26 अप्रैल, 2001
- 1 जून, 1855
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- संथाल परगना के मुख्यालय रहे दुमका को 1 जून 1983 को एक पूर्ण जिले का दर्जा दिया गया था। यह झारखंड राज्य की ‘उप-राजधानी’ (Sub-Capital) भी है।
गोड्डा जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 जून 1983
- 25 May 1983
- 1 जून, 1855
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- संथाल परगना क्षेत्र के विभाजन के बाद 25 मई 1983 को गोड्डा जिले की स्थापना की गई थी। यहाँ प्रसिद्ध लालमाटी कोयला खदान (Lalmatia Coal Mines) स्थित है।
पाकुड़ जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 जून 1983
- 17 May 1994
- 28 जनवरी, 1994
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- संथाल परगना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पाकुड़ जिले का गठन 28 जनवरी, 1994 को किया गया था। यह जिला पश्चिम बंगाल की सीमा के पास स्थित है और अपनी बीड़ी उद्योग के लिए जाना जाता है।
साहेबगंज जिला किस वर्ष बनाया गया था?
- 1 जून 1983
- 17 मई, 1983
- 28 जनवरी, 1994
- 30 अप्रैल, 2007
Explanation:
- झारखंड के उत्तर-पूर्वी छोर पर स्थित साहेबगंज जिले की स्थापना 17 मई, 1983 को की गई थी। यहाँ से होकर गंगा नदी प्रवाहित होती है जो राज्य का एकमात्र जिला है।
साहेबगंज को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- दुमका
- हज़ारीबाग़
- गिरिडीह
Explanation:
- साहेबगंज को मूल रूप से प्राचीन एवं बड़े प्रशासनिक क्षेत्र संथाल परगना से विभाजित करके एक स्वतंत्र जिले के रूप में गठित किया गया था।
पाकुड़ को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- दुमका
- हज़ारीबाग़
- साहेबगंज
Explanation:
- पाकुड़ जिले को साहेबगंज जिले के कुछ हिस्सों को अलग करके एक नए प्रशासनिक जिले के रूप में 1994 में स्थापित किया गया था।
गोड्डा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- दुमका
- हज़ारीबाग़
- साहेबगंज
Explanation:
- कोयला और कृषि के लिए प्रसिद्ध गोड्डा जिले को संथाल परगना क्षेत्र से अलग करके एक अलग जिले का दर्जा दिया गया था।
दुमका को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- देवघर
- हज़ारीबाग़
- साहेबगंज
Explanation:
- झारखंड की उपराजधानी दुमका को ऐतिहासिक संथाल परगना क्षेत्र से विभाजित कर अलग जिला बनाया गया था। यह संथाल परगना प्रमंडल का मुख्यालय भी है।
जामताड़ा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- देवघर
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- साइबर अपराध और नारायणपुर के लिए चर्चित जामताड़ा जिले को दुमका जिले से अलग करके एक नया जिला बनाया गया था।
देवघर को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- संथाल परगना
- देवघर
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- बाबा बैद्यनाथ धाम के लिए प्रसिद्ध देवघर जिले को भी संथाल परगना के भू-भाग से अलग करके एक अलग जिला बनाया गया था।
सरायकेला खरसावां को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- पश्चिमी सिंहभूम
- पूर्वी सिंहभूम
- खूंटी
- रांची
Explanation:
- छऊ नृत्य के लिए विश्व प्रसिद्ध सरायकेला खरसावां जिले को पश्चिमी सिंहभूम जिले से अलग करके झारखंड गठन के बाद नया जिला बनाया गया था।
पश्चिमी सिंहभूम को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- सिंहभूम
- पूर्वी सिंहभूम
- खूंटी
- रांची
Explanation:
- पुराने और विशाल सिंहभूम जिले के प्रशासनिक विभाजन के परिणामस्वरूप पश्चिमी सिंहभूम (मुख्यालय: चाईबासा) जिले का गठन हुआ था।
पूर्वी सिंहभूम को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- कोल्हान
- खूंटी
- सिंहभूम
- रांची
Explanation:
- औद्योगिक नगरी जमशेदपुर वाले पूर्वी सिंहभूम जिले को भी मूल सिंहभूम जिले से अलग करके एक पृथक जिले का रूप दिया गया था।
लोहरदगा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- कोल्हान
- खूंटी
- सिंहभूम
- रांची
Explanation:
- बॉक्साइट उत्पादन के लिए प्रसिद्ध लोहरदगा जिले को राजधानी क्षेत्र रांची से अलग करके एक अलग जिला बनाया गया था।
गुमला को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- कोल्हान
- खूंटी
- सिंहभूम
- रांची
Explanation:
- ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व वाले गुमला जिले को रांची जिले से प्रशासनिक सुविधा के तहत अलग किया गया था।
खूंटी को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- कोल्हान
- खूंटी
- सिंहभूम
- रांची
Explanation:
- भगवान बिरसा मुंडा की जन्मभूमि खूंटी को रांची जिले से अलग करके 12 सितंबर 2007 को नया जिला बनाया गया था।
1899 में किस जिले का नाम बदलकर रांची कर दिया गया?
- कोल्हान
- लोहरदगा
- सिंहभूम
- गुमला
Explanation:
- ब्रिटिश काल के दौरान वर्ष 1899 में लोहरदगा जिले का नाम बदलकर इसका मुख्यालय रांची स्थानांतरित कर दिया गया था, जिसके बाद इसे रांची जिला कहा जाने लगा।
रामगढ़ को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- बोकारो
- खूंटी
- हज़ारीबाग़
- रांची
Explanation:
- झारखंड के सबसे छोटे जिलों में शामिल रामगढ़ को 12 सितंबर 2007 को हज़ारीबाग़ जिले से अलग करके एक नया प्रशासनिक जिला बनाया गया था।
बोकारो को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- (A) हज़ारीबाग़
- (B) धनबाद
- (C) गिरिडीह
- (D) B और C दोनों से
Explanation:
- बोकारो जिले का गठन 1 अप्रैल 1991 को धनबाद और गिरिडीह दोनों जिलों के कुछ क्षेत्रों को आपस में मिलाकर किया गया था।
गिरिडीह को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- बोकारो
- धनबाद
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- पारसनाथ पहाड़ी के लिए प्रसिद्ध गिरिडीह जिले को 4 दिसंबर 1972 को हज़ारीबाग़ जिले से अलग करके स्थापित किया गया था।
कोडरमा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- बोकारो
- धनबाद
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- भारत की अभ्रक राजधानी के रूप में पहचान रखने वाले कोडरमा जिले को 10 अप्रैल 1994 को हज़ारीबाग़ जिले के विभाजन से बनाया गया था।
चतरा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- बोकारो
- पलामू
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- ऐतिहासिक भद्रकाली मंदिर वाले चतरा जिले को 29 मई 1991 को हज़ारीबाग़ जिले से अलग करके एक स्वतंत्र जिला बनाया गया था।
लातेहार को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- गढ़वा
- पलामू
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- झारखंड निर्माण के तुरंत बाद 4 अप्रैल 2001 को लातेहार जिले को पलामू जिले से अलग करके अस्तित्व में लाया गया था।
गढ़वा को किससे अलग करके, अलग जिला के रूप में गठित किया गया?
- रांची
- पलामू
- हज़ारीबाग़
- दुमका
Explanation:
- गढ़वा जिले की स्थापना 1 अप्रैल 1991 को पलामू जिले के प्रशासनिक क्षेत्र को विभाजित करके की गई थी।
झारखंड का सबसे छोटा प्रमंडल है
- कोल्हान प्रमंडल
- संथाल परगना प्रमंडल
- पलामू प्रमंडल
- दक्षिणी छोटानगपुर प्रमंडल
Explanation:
- क्षेत्रफल और जिलों की संख्या (कुल 3 जिले – पलामू, गढ़वा, लातेहार) के दृष्टिकोण से पलामू प्रमंडल झारखंड का सबसे छोटा प्रमंडल है।
कोल्हान प्रमंडल किस वर्ष बना?
- 2003
- 2001
- 2005
- 2004
Explanation:
- झारखंड राज्य का नवीनतम और पांचवां प्रमंडल ‘कोल्हान प्रमंडल’ फरवरी 2003 में बनाया गया था, जिसका मुख्यालय चाईबासा है।
पलामू प्रमंडल किस वर्ष बना?
- 2 मई 1990
- 2 मई 1994
- 2 मई 1992
- 2 मई 2004
Explanation:
- प्रशासनिक सुगमता के लिए पलामू प्रमंडल की आधिकारिक स्थापना 2 मई 1992 को की गई थी।
पलामू प्रमंडल में कितने जिले हैं?
- 3
- 5
- 7
- 6
Explanation:
- पलामू प्रमंडल के अंतर्गत कुल 3 जिले आते हैं, जिनके नाम पलामू, गढ़वा और लातेहार हैं।
कोल्हान प्रमंडल में कितने जिले हैं?
- 3
- 5
- 7
- 6
Explanation:
- कोल्हान प्रमंडल के अंतर्गत कुल 3 जिले शामिल हैं, जो पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां हैं।
दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल में कितने जिले हैं?
- 3
- 5
- 7
- 6
Explanation:
- दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल में कुल 5 जिले आते हैं, जिनके नाम रांची, गुमला, सिमडेगा, लोहरदगा और खूंटी हैं।
संथाल परगना प्रमंडल में कितने जिले हैं?
- 3
- 5
- 7
- 6
Explanation:
- संथाल परगना प्रमंडल के अंतर्गत कुल 6 जिले (दुमका, देवघर, गोड्डा, पाकुड़, साहिबगंज और जामताड़ा) आते हैं।
उत्तरी छोटानागपुर प्रमंडल में कितने जिले हैं?
- 3
- 5
- 7
- 6
Explanation:
- झारखंड के सबसे बड़े प्रमंडल ‘उत्तरी छोटानागपुर प्रमंडल’ के अंतर्गत कुल 7 जिले (हजारीबाग, चतरा, कोडरमा, गिरिडीh, धनबाद, बोकारो और रामगढ़) शामिल हैं, और इसका मुख्यालय हजारीबाग में स्थित है।
यह झारखण्ड का एक जिला है जहां 50 एकड़ भूमि पर एक बड़ा तालाब हुआ करता था और किवदंती के अनुसार कोई भी व्यक्ति तैरकर अथवा हाथी पर या नाव पर तालाब को एक छोर से दूसरे तक पार नहीं कर पाया है। उस जिले का नाम बताएं जहां यह तालाब स्थित है?
- गोड्डा
- गिरिडीह
- गढ़वा
- गुमला
Explanation:
- यह पौराणिक और ऐतिहासिक संदर्भ गोड्डा जिले से जुड़ा हुआ है, जहाँ कई प्राचीन जलस्रोत और ऐतिहासिक किंवदंतियाँ प्रचलित हैं।
प्राचीन काल में इसे राजा कटंग देव द्वारा शासित बीरू कैशलपुर परगना के नाम से जाना जाता था?
- गोड्डा
- सिमडेगा
- गढ़वा
- गुमला
Explanation:
- प्राचीन काल में वर्तमान सिमडेगा जिले के क्षेत्र को राजा कटंग देव द्वारा शासित ‘बीरू कैशलपुर परगना’ के नाम से जाना जाता था।
झारखण्ड सरकार द्वारा भारत सरकार की निम्न में से कौन-से नगर को स्मार्ट नगर के रूप में विकसित किए जाने का प्रस्ताव नहीं किया गया है?
- राँची
- देवघर
- जमशेदपुर
- जामताड़ा
Explanation:
- झारखंड में स्मार्ट सिटी मिशन के तहत रांची जैसे चुनिंदा शहरों को विकसित करने का प्रस्ताव है, जबकि जामताड़ा को इस सूची में शामिल नहीं किया गया है।
अभ्रक की खाने अधिकतर निम्न जिले में पायी जाती हैं?
- गिरिडीह
- कोडरमा
- जमशेदपुर
- दोनों A एवं B
Explanation:
- झारखंड के गिरिडीह और कोडरमा दोनों ही जिले उच्च कोटि के अभ्रक (Mica) के प्रमुख उत्पादक क्षेत्र हैं, और कोडरमा को ‘अभ्रक की राजधानी’ कहा जाता है।
लालकी घाटी के नाम से विख्यात चुटूपालू घाटी किस जिले में स्थित है?
- रामगढ़
- कोडरमा
- जमशेदपुर
- रांची
Explanation:
- खूबसूरत वादियों और ऐतिहासिक महत्व वाली ‘चुटूपालू घाटी’ (जिसे लालकी घाटी भी कहा जाता है) रामगढ़ जिले में स्थित है।
झारखण्ड के निम्नलिखित जिलों में से कौन-सा जिला विश्व में अभ्रक के मुख्य स्रोतों में से एक है?
- धनबाद
- बोकारो
- गढ़वा
- हजारीबाग
Explanation:
- ब्रिटिश काल से ही हजारीबाग जिला अपने आस-पास के क्षेत्रों (कोडरमा-गिरिडीह बेल्ट) के साथ विश्वभर में अभ्रक के प्रमुख और बड़े स्रोतों में से एक रहा है।
पाकुड़ जिला निम्नलिखित में से किसके लिए प्रसिद्ध है?
- हस्तशिल्प और आदिवासी नृत्य
- पत्थर और बीड़ी
- इस्पात कारखाना और चमड़े का काम
- ग्लास का काम और हस्तशिल्प
Explanation:
- पाकुड़ जिला काले पत्थर (ब्लैक स्टोन चिप्स) के खनन और कुटीर उद्योग के रूप में बीड़ी निर्माण के लिए प्रमुख रूप से प्रसिद्ध है।
झारखण्ड के पलामू जिले में स्थित डालटनगंज शहर का नाम किसके नाम पर रखा गया है?
- कर्नल एडवर्ड चीते डाल्टन
- कर्नल विंस्टन डेल्टन
- कर्नल चर्चिल डेल्टन
- कर्नल तुर्तीले डेल्टन
Explanation:
- डालटनगंज का नाम ब्रिटिश कमिश्नर कर्नल एडवर्ड चीते डाल्टन (Colonel Edward Tuite Dalton) के नाम पर रखा गया था।
झारखण्ड के डालटनगंज शहर का नया नाम क्या है?
- मेदिनीनगर
- मदीना
- मक्का
- मुबारकनगर
Explanation:
- पलामू के ऐतिहासिक और राजा मेदिनीराय की स्मृति में डालटनगंज शहर का आधिकारिक नया नाम बदलकर मेदिनीनगर कर दिया गया है।
झारखण्ड राज्य का सबसे ठंडा स्थान कहाँ है?
- मेदिनीनगर में
- हजारीबाग में
- नेतरहाट में
- पारसनाथ में
Explanation:
- पहाड़ियों और घने जंगलों से घिरे लातेहार जिले में स्थित नेतरहाट अपनी अत्यधिक ऊंचाई और ठंडी जलवायु के कारण झारखंड का सबसे ठंडा स्थान माना जाता है।
झारखण्ड में कौन-सी जगह है, जिसे ‘छोटानागपुर की रानी’ भी कहा जाता है?
- मेदिनीनगर
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- पारसनाथ
Explanation:
- प्राकृतिक नजारों, सूर्योदय और सूर्यास्त के आकर्षण के कारण नेतरहाट को ‘छोटानागपुर की रानी’ (Queen of Chotanagpur) कहा जाता है।
झारखण्ड के लातेहार जिले में कौन-सा पर्यटन स्थल स्थित हैं? V.L.W.-2012
- सूर्य मंदिर
- रजरप्पा मंदिर
- नेतरहाट
- बाबा बैद्यनाथ मंदिर
Explanation:
- झारखंड के लातेहार जिले में प्रसिद्ध हिल स्टेशन और पर्यटन स्थल नेतरहाट स्थित है।
झारखण्ड में ‘पहाड़ों की रानी’ के नाम से कौन-सा शहर मशहूर है?
- मेदिनीनगर
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- पारसनाथ
Explanation:
- सुंदर पहाड़ियों और शांत वातावरण की वजह से नेतरहाट को ‘पहाड़ों की रानी’ के नाम से भी जाना जाता है।
झारखण्ड की सबसे ऊँची जगह कौन-सी है?
- मेदिनीनगर
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- लोहरदगा
Explanation:
- लातेहार जिले में स्थित नेतरहाट (समुद्र तल से लगभग 1,128 मीटर या 3,700 फीट की ऊँचाई पर) झारखंड का सबसे ऊँचा पठारी क्षेत्र और पर्यटन स्थल है। (नोट: यदि विकल्प में पारसनाथ पहाड़ी हो, तो वह सबसे ऊँची चोटी है, पठारी स्थानों में नेतरहाट प्रमुख है)।
किस स्थान के पास मैगनोलिया प्वाइंट स्थित है? J.E. – 2012
- मेदिनीनगर
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- सम्मेद शिखरजी
Explanation:
- सूर्यास्त (Sunset) के बेहद खूबसूरत और मनमोहक दृश्यों के लिए प्रसिद्ध ‘मैगनोलिया प्वाइंट’ लातेहार जिले के नेतरहाट में स्थित है।
झारखण्ड में, निम्नलिखित स्थानों में से कौन-से स्थान को क्वीन ऑफ छोटानागपुर कहा जाता है? Constable – 2016
- मेदिनीनगर
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- लोहरदगा
Explanation:
- अपने प्राकृतिक सौंदर्य, देवदार के जंगलों और सुहावने मौसम के कारण नेतरहाट को ‘क्वीन ऑफ छोटानागपुर’ (छोटा नागपुर की रानी) कहा जाता है।
झारखण्ड के किस हिस्से में सर्दियों में न्यूनतम तापमान दर्ज किया जाता है?
- नेतरहाट पठार
- उत्तरी गंगा मैदान
- राज महल पर्वतमाला
- संथाल परगना क्षेत्र
Explanation:
- अपनी अत्यधिक ऊँचाई और भौगोलिक स्थिति के कारण नेतरहाट पठार पर सर्दियों के मौसम में झारखंड का सबसे कम (न्यूनतम) तापमान दर्ज किया जाता है।
झारखण्ड के गेतलसूद इलाके में निम्न में से क्या स्थित है?
- पहला मेगा फूड पार्क
- मेगा वेजिटेल पार्क
- फर्स्ट डियर पार्क
- पहला मेगा फूड मार्ट
Explanation:
- राँची के पास गेतलसूद इलाके में झारखंड का पहला मेगा फूड पार्क (झारखंड मेगा फूड पार्क प्राइवेट लिमिटेड) स्थापित किया गया है।
झारखण्ड का प्रथम मेगा खाद्य उद्यान कहाँ स्थित है?
- बालूमाथ
- गेतलसूद
- जयनगर
- बेतला
Explanation:
- खाद्य प्रसंस्करण और कृषि उद्योगों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से झारखंड का पहला मेगा खाद्य उद्यान (मेगा फूड पार्क) गेतलसूद (राँची) में बनाया गया है।
निम्नलिखित में से कौन-से शहर को “झरनों का शहर / ‘सिटी ऑफ वॉटरफॉल्स’ ” भी कहा जाता है? , Constable – 2016
- राँची
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- लोहरदगा
Explanation:
- हुंडरू, जोन्हा, दसम और सीता जैसे कई प्रसिद्ध झरनों की मौजूदगी के कारण राजधानी राँची को ‘सिटी ऑफ वॉटरफॉल्स’ (झरनों का शहर) कहा जाता है।
प्रसिद्ध टैगोर हिल निम्नलिखित कौन-से शहर की सरहद पर स्थित है? V.L.W.-2012
- राँची
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- लोहरदगा
Explanation:
- ऐतिहासिक धरोहर से जुड़ी प्रसिद्ध ‘टैगोर हिल’ झारखण्ड की राजधानी राँची (मोरहाबादी क्षेत्र) की सीमा के पास स्थित है।
झारखण्ड में प्रसिद्ध टैगोर हिल को ————- नाम से भी जाना जाता है। Panchayat Secretary-2018
- मोरहाबादी हिल
- रांची हिल
- झारखण्ड हिल
- पारसनाथ हिल
Explanation:
- राँची शहर में स्थित टैगोर हिल को स्थानीय रूप से मोरहाबादी हिल (या मोरहाबादी पहाड़ी) के नाम से भी जाना जाता है, जहाँ ज्योतिन्द्रनाथ टैगोर का निवास स्थान था।
किस पहाड़ी को मोरहाबादी पहाड़ी के नाम से भी जाना जाता है? Secretariat Stenographer (Mains) – 2015
- गोवर्धन पहाड़ी
- टैगोर पहाड़ी
- राजगीर पहाड़ी
- लुशाय पहाड़ी
Explanation:
- भौगोलिक रूप से राँची में स्थित टैगोर पहाड़ी को ही लोकप्रिय रूप से मोरहाबादी पहाड़ी कहा जाता है।
‘झारखण्ड का शिमला’ किसे कहा जाता है?
- राँची
- हजारीबाग
- नेतरहाट
- सम्मेद शिखरजी
Explanation:
- अपने ठंडे मौसम, हरियाली और पहाड़ी आबोहवा के कारण झारखण्ड की राजधानी राँची को ‘झारखण्ड का शिमला’ कहा जाता है।
झारखण्ड के किस शहर में ‘विज्ञान केन्द्र ‘साइन्स सिटी’ ‘ बनाया गया है?
- राँची
- हजारीबाग
- धनबाद
- जमशेदपुर
Explanation:
- राज्य के विद्यार्थियों में विज्ञान और तकनीकी शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए ‘साइंस सिटी’ की स्थापना राँची शहर में की गई है।
झारखण्ड में बसे इकलौते एंग्लो-इंडियन गाँव का नाम …… है।
- डालटनगंज
- मैकलुस्कीगंज
- मेकलियोडगंज
- दार्जीलिंग
Explanation:
- राँची जिले के अंतर्गत आने वाला मैकलुस्कीगंज भारत और झारखंड का एकमात्र ऐसा अनोखा गाँव है जिसे एंग्लो-इंडियन समुदाय के बसावट के लिए स्थापित किया गया था।
उलिहातू ‘धरती आबा’ का जन्मस्थान, झारखण्ड के ……… जिले में स्थित है।
- चतरा
- खूंटी
- पाकुड़
- जामताड़ा
Explanation:
- भगवान बिरसा मुंडा (धरती आबा) का जन्मस्थान उलिहातू गाँव वर्तमान में झारखंड के खूंटी जिले के अड़की प्रखंड के अंतर्गत स्थित है।
प्राचीन दिनों में… को बीरु – कैशलपुर परगना के नाम से जाना जाता था।
- चतरा
- खूंटी
- पाकुड़
- सिमडेगा
Explanation:
- ऐतिहासिक साक्ष्यों के अनुसार प्राचीन काल में वर्तमान सिमडेगा जिले के क्षेत्र को राजा कटंग देव द्वारा शासित बीरु-कैशलपुर परगना के रूप में जाना जाता था।
निम्न में से कौन-सा ‘छोटानागपुर के हल्दीघाटी’ के नाम से भी जाना जाता है?
- सारंडा
- देवघर
- भंडरा
- कोराम्बे
Explanation:
- गुमला जिले में स्थित कोराम्बे गाँव को नागवंशियों और रक्सौल राजाओं के बीच हुए भीषण ऐतिहासिक युद्ध के कारण ‘छोटानागपुर का हल्दीघाटी’ कहा जाता है।
पारसनाथ पहाड़ी …….. के लिए तीर्थस्थल है।
- हिन्दू
- क्रिस्टियन
- मुस्लिम
- जैन
Explanation:
- गिरिडीह जिले में स्थित पारसनाथ पहाड़ी (सम्मेद शिखरजी) जैन धर्म के 24 में से 20 तीर्थंकरों की निर्वाण स्थली होने के कारण जैन समुदाय का सर्वोच्च तीर्थस्थल है।
मधुबन कहाँ स्थित है?
- चतरा
- खूंटी
- गिरिडीह
- जामताड़ा
Explanation:
- प्रसिद्ध जैन तीर्थ स्थल मधुबन पारसनाथ पहाड़ी की तलहटी में गिरिडीह जिले में स्थित है।
बोकारो शहर किस नदी के तट पर बसा है?
- दामोदर
- अजय
- औरंगा
- बीटारानी
Explanation:
- झारखंड का प्रमुख औद्योगिक शहर बोकारो प्रसिद्ध दामोदर नदी के उत्तरी तट पर बसा हुआ है।
ONGC द्वारा शुरू किया गया पहला मिथेन गैस कुंआ झारखण्ड के ——- में स्थित है। Panchayat Secretary-2018
- गोमिया
- पर्वतपुर
- लोहरदगा
- नेतरहाट
Explanation:
- सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी ओएनजीसी (ONGC) द्वारा कोयला संस्तर मीथेन (CBM) के दोहन के लिए शुरू किया गया पहला कुआँ झारखंड के पर्वतपुर (बोकारो) क्षेत्र में स्थापित किया गया था।
निम्नलिखित में से किस शहर को हजार बागों का शहर (थाउजेंड गार्डन्स) के नाम से जाना जाता है? Secretariat Stenographer (Mains) – 2015
- हजारीबाग
- पर्वतपुर
- लोहरदगा
- लातेहार
Explanation:
- अपने नाम के अनुरूप और प्रचुर हरी-भरी वादियों, जंगलों तथा बगीचों की मौजूदगी के कारण हजारीबाग को ‘हजार बागों का शहर’ कहा जाता है।
झारखण्ड राज्य में रजरप्पा किस नदी पर स्थित है?
- दामोदर एवं भेड़ा
- अजय एवं भेड़ा
- औरंगा एवं भेड़ा
- जोन्हा एवं रारू
Explanation:
- प्रसिद्ध शक्तिपीठ छिन्नमस्तिका मंदिर वाला रजरप्पा स्थल रामगढ़ जिले में दामोदर एवं भेड़ा (भैरवी) नदियों के संगम पर स्थित है।
जमशेदपुर निम्नलिखित नदियों में से किस तट पर स्थित है?
- दामोदर एवं भेड़ा
- स्वर्णरेखा और भेड़ा
- स्वर्णरेखा और खरकई
- स्वर्णरेखा और रारू
Explanation:
- लोह नगरी के रूप में प्रसिद्ध जमशेदपुर शहर स्वर्णरेखा और खरकई नदियों के संगम तट पर बसा हुआ है।
लालकी घाटी के नाम से विख्यात चुटूपालू घाटी किस जिले में स्थित है? Excise Constable- 2019
- हजारीबाग
- रामगढ़
- लोहरदगा
- लातेहार
Explanation:
- झारखंड के स्वतंत्रता संग्राम और प्राकृतिक घुमावदार सड़कों के लिए प्रसिद्ध चुटूपालू घाटी (लालकी घाटी) रामगढ़ जिले में स्थित है।
कौन-सा शहर भारत के माइका राजधानी (अभ्रक राजधानी) के रूप में जाना जाता है? JSSC-CGL (PT) – 2016, JSSC-CGL (PT) – 2012
- हजारीबाग
- रामगढ़
- लोहरदगा
- कोडरमा
Explanation:
- विश्वभर में अभ्रक के उत्पादन और विपणन में अग्रणी भूमिका निभाने के कारण कोडरमा जिले को भारत की ‘अभ्रक राजधानी’ (Mica Capital) कहा जाता है।
झारखण्ड में कौन-से शहर को टाटानगर कहा जाता है?
- हजारीबाग
- रामगढ़
- जमशेदपुर
- कोडरमा
Explanation:
- टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी (TISCO) की स्थापना के बाद औद्योगिक विकास के चलते जमशेदपुर शहर को लोकप्रिय रूप से ‘टाटानगर’ कहा जाता है।
जमशेदपुर की स्थापना किसने की? PGT – 2012
- दोराव जी टाटा
- जमशेद जी नौसरवानजी टाटा
- जमशेद जी रतन जी दादा भाई टाटा
- रतन टाटा
Explanation:
- आधुनिक भारतीय उद्योग के प्रणेता जमशेद जी नौसरवानजी टाटा ने ही साक्षी (वर्तमान जमशेदपुर) में इस्पात नगरी की नींव रखी थी।
झारखण्ड की औद्योगिक राजधानी कौन है?
- बोकारो
- धनबाद
- जमशेदपुर
- कोडरमा
Explanation:
- विशाल उद्योगों, कारखानों और आर्थिक गतिविधियों के प्रमुख केंद्र होने के कारण जमशेदपुर को झारखंड राज्य की ‘औद्योगिक राजधानी’ माना जाता है।
झारखण्ड में निम्नलिखित शहरों में से किसे स्टील सिटी का नाम दिया गया है?
- बोकारो
- धनबाद
- जमशेदपुर
- कोडरमा
Explanation:
- भारत के पहले बड़े इस्पात कारखाने (TISCO) की स्थापना के कारण जमशेदपुर को ‘स्टील सिटी‘ या ‘लोह नगरी’ के नाम से जाना जाता है।
टाटानगर को किस नाम से जाना जाता है?
- बोकारो
- धनबाद
- जमशेदपुर
- कोडरमा
Explanation:
- जमशेदपुर शहर को ही इसके औद्योगिक महत्व और टाटा समूह के प्रभाव के कारण लोकप्रिय रूप से ‘टाटानगर’ कहा जाता है।
- स्थापना: जमशेदपुर की स्थापना जमशेदजी टाटा द्वारा की गई थी और यह भारत का पहला नियोजित औद्योगिक शहर है।
- टिस्को (TISCO): की शुरुआत 1907 में हुई थी।
- नदियाँ: यह शहर सुवर्णरेखा और खरखाई नदियों के संगम के पास बसा हुआ है।
- उपनाम: इसे ‘TISCO और TELCO शहर’ के साथ-साथ ‘लोह नगरी’ के रूप में भी जाना जाता है।
माइकल जॉन सभागार निम्नलिखित में से कौन-से शहर में स्थित है?
- बोकारो
- धनबाद
- जमशेदपुर
- कोडरमा
Explanation:
- ऐतिहासिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए प्रसिद्ध ‘माइकल जॉन सभागार’ (Michael John Auditorium) जमशेदपुर (बिष्टुपुर) शहर में स्थित है।
फुलडुंगरी निम्नलिखित में से किस शहर के निकट स्थित है? JSSC – CGL (PT) – 2016
- मलखेरा
- हेस्ला
- घाटशिला
- बसारिया
Explanation:
- प्रसिद्ध लेखिका महादेवी वर्मा और साहित्य प्रेमियों से जुड़े स्मरण तथा प्राकृतिक सुंदरता वाली फुलडुंगरी पहाड़ी घाटशिला शहर के निकट स्थित है।
सिंहभूम के दक्षिण-पूर्वी हिस्से में महत्त्वपूर्ण शहर का नाम है जो कि इसकी चावल की मिलों, तेल मिलों, धोने वाले साबुन का कारखाने और बांस के उत्पादन के लिए प्रसिद्ध है?
- मलखेरा
- हेस्ला
- चाकुलिया
- बसारिया
Explanation:
- पूर्वी सिंहभूम जिले का दक्षिण-पूर्वी छोर पर स्थित चाकुलिया अपनी राइस मिलों, तेल मिलों और कृषि-आधारित तथा बांस उद्योगों के लिए प्रसिद्ध है।
असुर साइट्स, झारखण्ड में पाए जाने वाले राष्ट्रीय महत्व के स्मारकों / स्थलों में से कौन-सा इलाके में स्थित नहीं है?
- सरायकेला
- खूंटी टोला
- कुंजला
- ईचागढ़
Explanation:
- झारखंड में प्राचीन असुर सभ्यता के अवशेषों से जुड़े स्थलों में सरायकेला, खूंटी टोला और कुंजला शामिल हैं, जबकि ईचागढ़ इसमें शामिल नहीं है।
सरायकेला नगर ……. नदी के किनारे पर स्थित है।
- दामोदर
- भेड़ा
- खरकई
- रारू
Explanation:
- छऊ नृत्य के लिए अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त सरायकेला नगर खरकई नदी के तट के पास बसा हुआ है।
झारखण्ड में त्रिकूट चोटी कहां स्थित है? PGT – 2018
- बोकारो
- धनबाद
- देवघर
- कोडरमा
Explanation:
- मयूरपक्षी पहाड़ी और मयूराक्षी नदी के उद्गम स्थल के रूप में प्रसिद्ध ‘त्रिकूट चोटी‘ (Trikut Pahar) देवघर जिले में स्थित है।
2012 में झारखण्ड सरकार ने किस स्थान पर IT पार्क की स्थापना हेतु सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क ऑफ इण्डिया के साथ समझौता ज्ञापन हस्ताक्षर किए? Panchayat Secretary-2018
- बोकारो
- धनबाद
- देवघर
- कोडरमा
Explanation:
- सूचना प्रौद्योगिकी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वर्ष 2012 में झारखंड सरकार ने देवघर में आईटी पार्क की स्थापना हेतु एमओयू (MoU) साइन किया था।
‘झारखण्ड की सांस्कृतिक राजधानी’ के रूप में जाना जाता है? Kakshapal (PT) – 2016
- बोकारो
- धनबाद
- देवघर
- रांची
Explanation:
- बाबा बैद्यनाथ धाम और धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों की बहुलता के कारण देवघर को झारखंड की ‘सांस्कृतिक राजधानी’ कहा जाता है।
बसंतराई झारखण्ड के किस जिले में स्थित है?
- गोड्डा
- धनबाद
- देवघर
- रांची
Explanation:
- ऐतिहासिक और पौराणिक महत्व वाला बसंतराई क्षेत्र झारखंड के गोड्डा जिले के अंतर्गत आता है।
- गोड्डा जिले के बसंतराई में लगभग 50 एकड़ भूमि में फैला हुआ एक विशाल प्राचीन तालाब (टैंक) स्थित है।
झारखण्ड में 50 एकड़ जमीन में एक बड़ा टैंक कहां स्थित है?
- बसंतराई
- धनबाद
- देवघर
- रांची
Explanation:
- गोड्डा जिले के बसंतराई में लगभग 50 एकड़ भूमि में फैला हुआ एक विशाल प्राचीन तालाब (टैंक) स्थित है।
बसंतराई को निम्नलिखित में से किसने बसाया था?
- राजा बसंत राय
- राजा श्यामल देय
- राजा हरि सिंह
- राजा सिधिया
Explanation:
- किवदंतियों और ऐतिहासिक विवरण के अनुसार बसंतराई नामक इस ऐतिहासिक स्थल को राजा बसंत राय द्वारा बसाया गया था।
पत्थर और बीड़ी उत्पादन उद्योग के लिए मशहूर जिला है? Excise Constable – 2019
- पाकुड़
- कोडरमा
- लोहरदगा
- रांची
Explanation:
- पत्थर खनन (स्टोन चिप्स) और बीड़ी निर्माण उद्योग के लिए झारखंड का पाकुड़ जिला प्रमुख रूप से मशहूर है।
झारखण्ड के किस विभाग (प्रमंडल) में गढ़वा और लातेहार जिले आते हैं?
- कोल्हान
- दक्षिणी छोटानागपुर
- उत्तरी छोटानागपुर
- पलामू
Explanation:
- गढ़वा और लातेहार जिले, पलामू जिले के साथ मिलकर पलामू प्रमंडल (विभाग) के अंतर्गत आते हैं।
झारखण्ड के निम्नलिखित जिलों में से कौन-सा पलामू विभाजन का हिस्सा नहीं है?
- गढ़वा
- लातेहार
- पलामू
- खूंटी
Explanation:
- पलामू प्रमंडल में केवल पलामू, गढ़वा और लातेहार जिले शामिल हैं, जबकि खूंटी जिला दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल का हिस्सा है।
पलामू जिले का प्रशासनिक मुख्यालय —- में स्थित है।
- गढ़वा
- डालटनगंज (मेदिनीनगर)
- पलामू
- खूंटी
Explanation:
- पलामू जिले का प्रशासनिक मुख्यालय डालटनगंज (जिसे अब आधिकारिक रूप से मेदिनीनगर कहा जाता है) में स्थित है।
डालटनगंज शहर झारखण्ड के किस जिले में स्थित है?
- गढ़वा
- लातेहार
- पलामू
- खूंटी
Explanation:
- ऐतिहासिक डालटनगंज शहर झारखंड राज्य के पलामू जिले के अंतर्गत आता है।
झारखण्ड का कौन-सा जिला में अनुसूचित जातियाँ (SC) सबसे ज्यादा है?
- गढ़वा
- लातेहार
- पलामू
- खूंटी
Explanation:
- जनसंख्या की कुल संख्या के आधार पर झारखंड के पलामू जिले में अनुसूचित जाति (SC) की आबादी सबसे अधिक है।
निम्नलिखित में से झारखण्ड का कौन-सा प्रखण्ड PESA में सम्मिलित नहीं है? DY. Collector – 2013
- अनगड़ा
- बोआरीजोर
- भण्डरिया
- लेस्लीगंज
Explanation:
- अनुसूचित क्षेत्रों में पंचायत विस्तार (PESA) अधिनियम के दायरे से पलामू जिले का लेस्लीगंज प्रखण्ड बाहर है, जबकि अन्य अनुसूचित क्षेत्रों के प्रखण्ड इसमें शामिल हैं।
2011 की जनगणना के अनुसार, निम्न में से कौन-से जिले ने उच्चतम दशकीय शहरी विकास दर दर्ज की है?
- पाकुड़
- लातेहार
- पलामू
- दुमका
Explanation:
- वर्ष 2011 की जनगणना के आंकड़ों के मुताबिक पलामू जिले ने संबंधित श्रेणी में उच्च दशकीय शहरी विकास दर दर्ज की थी।
निम्न में से कौन-सा जिला पलामू जिले की दक्षिणी सीमा का निर्माण करता है?
- पाकुड़
- लातेहार
- चतरा
- दुमका
Explanation:
- भौगोलिक स्थिति के अनुसार लातेहार जिला पलामू जिले के दक्षिण में स्थित होकर उसकी दक्षिणी सीमा का निर्धारण करता है।
एक स्वतंत्र जिला ‘गढ़वा’ के रूप में पलामू जिले के कितने ब्लॉक अलग किए गए थे?
- 8
- 5
- 12
- 7
Explanation:
- जब 1991 में पलामू से अलग करके गढ़वा को नया जिला बनाया गया था, तब इसके शुरुआती गठन के समय पलामू के 8 ब्लॉकों (अंचलों) को अलग किया गया था।
किस वर्ष में गढ़वा जिला का गठन किया गया था?
- 1 अप्रैल, 1991
- 2 अप्रैल, 1992
- 3 अप्रैल, 1994
- 6 अप्रैल, 1995
Explanation:
- प्रशासनिक दृष्टिकोण से गढ़वा जिले की आधिकारिक स्थापना 1 अप्रैल, 1991 को की गई थी।
झारखण्ड का कौन-सा जिला छत्तीसगढ़ और यू. पी. के साथ अपनी सीमावर्ती हिस्सेदारी करता है?
- गढ़वा
- लातेहार
- चतरा
- दुमका
Explanation:
- झारखंड का एकमात्र गढ़वा जिला ऐसा है जिसकी सीमा उत्तर प्रदेश (उत्तर-पश्चिम में) तथा छत्तीसगढ़ (दक्षिण-पश्चिम में) दोनों पड़ोसी राज्यों को स्पर्श करती है।
गढ़वा जिले में कितने उप-विभाजन हैं?
- 2
- 5
- 3
- 7
Explanation:
- प्रशासनिक सुविधा के लिए गढ़वा जिले को कुल 3 अनुमंडलों (उप-विभाजनों – गढ़वा, नगर उंटारी और धुरकी) में विभाजित किया गया है।
गढ़वा जिले को विभाजित किया गया है, जिसमें उप-विभाजनों के नाम क्या हैं?
- चाकुलिया और गुरुबंध
- ढालभूम और घाटशीला
- पोटका, पटमदा
- गढ़वा, नगर ऊँटारी और धुरकी
Explanation:
- गढ़वा जिला प्रमुख रूप से गढ़वा, नगर ऊँटारी (श्री बंशीधर नगर) और धुरकी उप-विभाजनों (अनुमंडलों) में बंटा हुआ है।
झारखण्ड का सबसे पश्चिमी जिला है: TGT – 2012
- गढ़वा
- लातेहार
- गुमला
- सिमडेगा
Explanation:
- भौगोलिक मानचित्र के अनुसार गढ़वा झारखंड राज्य का सबसे पश्चिमी छोर पर स्थित जिला है।
निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गढ़वा जिले के बारे में सही नहीं है?
- 2011 की जनगणना के अनुसार गढ़वा जिले की जनसंख्या 13.22 लाख है।
- पलामू जिले के पूर्व गढ़वा उप डिवीजन 6 ब्लॉकों को मिलाकर था, जिसे पलामू जिले से अलग किया गया।
- 6 मई, 1924 को गढ़वा संघ बोर्ड, 1922 के ग्राम प्रशासन अधिनियम के अंतर्गत बनाया गया था।
- जिले में केवल एक नगरपालिका है जो गढ़वा मुख्यालय में स्थित है।
Explanation:
- कथन असत्य है क्योंकि गढ़वा जिले के गठन के समय पलामू जिले से 6 नहीं बल्कि 8 ब्लॉकों (अंचलों) को अलग किया गया था; बाकी अन्य सभी तथ्य गढ़वा जिले के संदर्भ में सही हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा जिला संथाल परगना संभाग के अंतर्गत नहीं आता है?
- गढ़वा
- देवघर
- पाकुड़
- गोड्डा
Explanation:
- गढ़वा जिला पलामू प्रमंडल के अंतर्गत आता है, जबकि देवघर, पाकुड़ और गोड्डा जिले संथाल परगना प्रभाग के हिस्से हैं।
गढ़वा जिला उत्तर में किस नदी से घिरा है?
- गंगा
- सोन
- यमुना
- रावी
Explanation:
- भौगोलिक रूप से झारखंड के गढ़वा जिले की उत्तरी सीमा पर प्रमुख रूप से सोन नदी प्रवाहित होती है जो इसे उत्तर की ओर से घेरती है।
झारखण्ड के गढ़वा जिले में निम्नलिखित में से मेले का आयोजन किया जाता है?
- हिजला
- विशु
- नरसिंह
- बिरहोर
Explanation:
- गढ़वा जिले में प्रसिद्ध सांस्कृतिक एवं पारंपरिक मेलों में विशु मेला (तुलसीदाम आदि स्थानों पर) का आयोजन विशेष रूप से किया जाता है।
लातेहार जिले का भौगोलिक क्षेत्रफल कितना है?
- 4,651 वर्ग किमी
- 3,651 वर्ग किमी
- 3,742 वर्ग किमी
- 4,742 वर्ग किमी
Explanation:
- पलामू से अलग होकर बने लातेहार जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 3,651 वर्ग किलोमीटर है।
लातेहार जिले में कितने प्रशासकीय प्रखंड या मंडल हैं?
- 14
- 12
- 10
- 9
Explanation:
- प्रशासनिक और विकासात्मक कार्यों के लिए लातेहार जिले के अंतर्गत कुल 10 सामुदायिक विकास प्रखंड (प्रखंड/मंडल) आते हैं।
जामताड़ा जिले में कितने ब्लॉक (विकास खंड) हैं?
- 6
- 7
- 5
- 8
Explanation:
- साइबर अपराध चर्चा और संथाल परगना प्रमंडल के अंतर्गत आने वाले जामताड़ा जिले में कुल 6 प्रशासनिक ब्लॉक हैं।
बरहैत घाटी झारखण्ड के निम्नलिखित जिलों में से किस जिले में स्थित है?
- गढ़वा
- साहेबगंज
- पाकुड़
- गोड्डा
Explanation:
- ऐतिहासिक और भौगोलिक महत्व वाली ‘बरहैत घाटी’ (संथाल विद्रोह से जुड़ी) झारखंड के साहेबगंज जिले के अंतर्गत स्थित है।
झारखण्ड राज्य में निम्नलिखित जिलों में से कौन-सा जिला राज्य के उत्तरी भाग पर स्थित है? Constable – 2016
- गढ़वा
- साहेबगंज
- पाकुड़
- गोड्डा
Explanation:
- दिए गए विकल्पों में से गंगा नदी के तट पर और राज्य के उत्तर-पूर्वी छोर पर स्थित साहेबगंज जिला झारखंड के उत्तरी सीमांत भाग पर स्थित है।
झारखण्ड के साहेबगंज जिले में कितने प्रभाग (अनुमंडल) हैं?
- 2
- 3
- 5
- 4
Explanation:
- प्रशासनिक नियंत्रण के लिए साहेबगंज जिले में कुल 2 अनुमंडल (साहेबगंज और राजमहल) बनाए गए हैं।
झारखण्ड के साहेबगंज जिले में कितने समुदाय विकास ब्लॉक शामिल हैं?
- 10
- 9
- 5
- 8
Explanation:
- साहेबगंज जिले के प्रशासनिक दायरे के अंतर्गत कुल 9 सामुदायिक विकास प्रखंड (प्रखंड) शामिल हैं।
निम्नलिखित में से कौन-सा झारखण्ड के साहेबगंज जिले की एक प्रभाग (अनुमंडल) है?
- मन्द्रो
- राजमहल
- बोरिओ
- बरहैत
Explanation:
- साहेबगंज जिले के अंतर्गत कुल दो प्रमुख अनुमंडल (प्रभाग) आते हैं, जिनमें राजमहल और साहेबगंज शामिल हैं।
गोड्डा जिले के किन भागों को राजमहल पहाड़ियों ने ढक लिया है?
- बोआरीजोर और सुंदरपहाड़ी
- बरीजोर और चिपली
- चिपली और संथाल
- राजगढ़ और बोरियोर
Explanation:
- गोड्डा जिले के पूर्वी एवं दक्षिणी क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बोआरीजोर और सुंदरपहाड़ी प्रखंडों के भूभागों को राजमहल की पहाड़ियों ने आच्छादित कर रखा है।
झारखण्ड के गोड्डा जिला कहां स्थित है?
- झारखण्ड राज्य के उत्तर-पूर्व
- झारखण्ड राज्य के दक्षिण-पूर्व
- झारखण्ड राज्य के उत्तर-पश्चिम
- झारखण्ड राज्य के दक्षिण-उत्तर
Explanation:
- संथाल परगना प्रमंडल के अंतर्गत आने वाला गोड्डा जिला भौगोलिक रूप से झारखंड राज्य के उत्तर-पूर्व हिस्से में स्थित है।
गोड्डा जिले का भौगोलिक क्षेत्र कितना है?
- 4,231 km2
- 2,342 km2
- 1,321 km2
- 2,110.40 km2
Explanation:
- गोड्डा जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 2,110.40 वर्ग किलोमीटर है।
गोड्डा जिले में कितने समुदाय विकास ब्लॉक हैं?
- 4
- 9
- 13
- 10
Explanation:
- प्रशासनिक और विकासात्मक गतिविधियों के संचालन हेतु गोड्डा जिले में कुल 9 सामुदायिक विकास प्रखंड (ब्लॉक) बनाए गए हैं।
यह झारखण्ड का एक जिला है, जहां 50 एकड़ भूमि पर एक बड़ा तालाब हुआ करता था और किंवदंती के अनुसार कोई भी व्यक्ति तैरकर अथवा हाथी पर या नाव पर तालाब को एक छोर से दूसरे छोर तक पार नहीं कर पाया है। यदि किसी ने ऐसा दुस्साहस किया भी तो उसके पांव घेरे में फंस जाते थे और वह अपने आपको जल समाधि में पाता था। उस जिले का नाम बताएं जहाँ यह तालाब स्थित है? Special Branch – 2019
- गोड्डा
- गिरिडीह
- गढ़वा
- गुमला
Explanation:
- यह प्रसिद्ध ऐतिहासिक और पौराणिक किंवदंती गोड्डा जिले के बसंतराई क्षेत्र से जुड़ी हुई है, अतः सही उत्तर गोड्डा है।
दुमका उप प्रभाग के तहत कितने ब्लॉक होंगे?
- 4
- 9
- 13
- 10
Explanation:
- दुमका अनुमंडल (उप प्रभाग) के प्रशासनिक दायरे के अंतर्गत कुल 10 प्रखंड (ब्लॉक) शामिल हैं।
झारखण्ड के निम्नलिखित जिलों में से किसमें कुल जनसंख्या में से ग्रामीण जनसंख्या का उच्चतम प्रतिशत है?
- रांची
- बोकारो
- देवघर
- धनबाद
Explanation:
- दिए गए विकल्पों और जनगणना के आधार पर देवघर जिले की कुल जनसंख्या में ग्रामीण आबादी का अनुपात अपेक्षाकृत उच्च श्रेणी में आता है।
सरायकेला जिला किसका मक्का बन गया है?
- शिक्षा का
- कला और पेंटिंग का
- कारीगरों का
- संगीत और नृत्य का
Explanation:
- विश्वविख्यात ‘छऊ नृत्य’ और पारंपरिक लोक कलाओं के संरक्षण व संवर्धन के कारण सरायकेला को संगीत और नृत्य का प्रमुख केंद्र (मक्का) माना जाता है।
सरायकेला-खरसावां जिला पूर्व में निम्न में से किस राज्य का शाही राज्य था?
- सेराई मेला
- सेरे
- केला
- सरायकेला
Explanation:
- स्वतंत्रता से पूर्व सरायकेला-खरसावां क्षेत्र ब्रिटिश काल के दौरान एक प्रमुख रियासत (शाही राज्य) के रूप में सरायकेला रियासत के नाम से शासित था।
इनमें से कौन-सा शहर सरायकेला-खरसावां जिले का जिला मुख्यालय है?
- सेराई मेला
- सेरे
- केला
- सरायकेला
Explanation:
- सरायकेला-खरसावां प्रशासनिक जिले का आधिकारिक जिला मुख्यालय स्वयं सरायकेला शहर में ही स्थित है।
क्षेत्र के अनुसार झारखण्ड का सबसे बड़ा जिला कौन-सा है?
- पश्चिमी सिंहभूम
- पलामू
- रांची
- गिरिडीह
Explanation:
- क्षेत्रफल (लगभग 5,351 वर्ग किमी) की दृष्टि से पश्चिमी सिंहभूम झारखंड राज्य का सबसे बड़ा जिला है।
सिंहभूम जिले का कितना प्रतिशत घने जंगलों और पहाड़ों से ढका है?
- 65%
- 50%
- 45%
- 25%
Explanation:
- भौगोलिक बनावट के अनुसार सिंहभूम क्षेत्र का लगभग 50% हिस्सा घने जंगलों, पहाड़ियों और प्राकृतिक वनस्पतियों से आच्छादित है।
सिंहभूम जिला भारत के कितने राज्यों के साथ अपनी सीमाओं का हिस्सा साझा करता है?
- 3
- 5
- 4
- 2
Explanation:
- सिंहभूम क्षेत्र मुख्य रूप से ओडिशा और पश्चिम बंगाल जैसे 2 पड़ोसी राज्यों के साथ अपनी सीमा साझा करता है।
1837 में कोल्हान की ब्रिटिश विजय के बाद, सिंहभूम का गठन हुआ और किसको मुख्यालय बनाया गया?
- चाईबासा
- मयूरभंज
- केला
- सरायकेला
Explanation:
- सन 1837 में कोल्हान क्षेत्र पर ब्रिटिश नियंत्रण स्थापित होने के बाद सिंहभूम प्रशासनिक इकाई का मुख्यालय चाईबासा को बनाया गया था।
पूर्वी सिंहभूम जिले में निम्न में से कौन-सी सीमा / पर्वत श्रेणी है?
- डॉकलामेट रेंज
- दलमा रेंज
- चिकन रेंज
- उत्तर पश्चिम रेंज
Explanation:
- पूर्वी सिंहभूम और आसपास के क्षेत्रों में वन्यजीव अभयारण्य और पहाड़ियों से जुड़ी प्रसिद्ध दलमा रेंज (Dalma Range) स्थित है।
औद्योगिक दृष्टिकोण से ……. जिले को झारखण्ड की आर्थिक राजधानी कहा जा सकता है?
- राँची
- बोकारो
- पूर्वी सिंहभूम
- पश्चिमी सिंहभूम
Explanation:
- जमशेदपुर (टाटानगर) जैसे प्रमुख औद्योगिक केंद्र के कारण पूर्वी सिंहभूम जिले को झारखंड की प्रमुख आर्थिक और औद्योगिक रीढ़ माना जाता है।
पूर्वी सिंहभूम जिले में कितने ब्लॉक हैं?
- 12
- 11
- 10
- 13
Explanation:
- प्रशासनिक व्यवस्था के तहत पूर्वी सिंहभूम जिले के अंतर्गत कुल 11 सामुदायिक विकास प्रखंड (ब्लॉक) शामिल हैं।
पुराने सिंहभूम से कितने ब्लॉक अलग करने के बाद पूर्वी सिंहभूम जिला का गठन किया गया है?
- 12
- 11
- 9
- 8
Explanation:
- पुराने सिंहभूम जिले से कुल 9 ब्लॉकों को अलग करके पूर्वी सिंहभूम जिले का स्वतंत्र रूप से गठन किया गया था।
प्रशासनिक दृष्टि से पूर्वी सिंहभूम जिले को कितने उप-विभाजनों (अनुमंडलों) में विभाजित किया गया है?
- 2
- 1
- 3
- 4
Explanation:
- प्रशासनिक नियंत्रण की सुविधा के लिए पूर्वी सिंहभूम जिले को 2 अनुमंडलों (धालभूम और घाटशिला) में विभाजित किया गया है।
पूर्वी सिंहभूम जिला झारखण्ड के किस किनारे पर स्थित है?
- उत्तर-पश्चिमी कोने
- पूर्व कोने
- दक्षिण-पूर्व कोने
- पश्चिम कोने
Explanation:
- भौगोलिक मानचित्र की स्थिति के अनुसार पूर्वी सिंहभूम जिला झारखंड राज्य के अत्यंत दक्षिण-पूर्वी कोने पर स्थित है।
झारखण्ड राज्य के पूरे क्षेत्र की तुलना में पूर्वी सिंहभूम जिले का प्रतिशत क्षेत्र क्या है?
- संपूर्ण राज्य का 3.01%
- संपूर्ण राज्य का 2.03%
- संपूर्ण राज्य का 1.02%
- संपूर्ण राज्य का 4.01%
Explanation:
- पूर्वी सिंहभूम जिले का क्षेत्रफल झारखंड राज्य के कुल क्षेत्रफल का लगभग 2.03% हिस्सा कवर करता है।
पूर्वी सिंहभूम जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्र क्या है?
- 3,533 वर्ग किमी
- 3,541.06 वर्ग किमी
- 5,421.10 वर्ग किमी
- 2,365.20 वर्ग किमी
Explanation:
- आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार पूर्वी सिंहभूम जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 3,533 वर्ग किलोमीटर है।
पूर्वी सिंहभूम जिले के मुख्यालय कहाँ है?
- जमशेदपुर
- रांची
- बोकारो
- लातेहार
Explanation:
- पूर्वी सिंहभूम जिले का प्रशासनिक मुख्यालय जमशेदपुर शहर में स्थित है।
स्वतंत्रता से पहले पूर्वी सिंहभूम जिले का सम्पूर्ण क्षेत्र पुराने जिले का भाग था।
- मानभूम
- बोकारो
- हजारीबाग
- राँची
Explanation:
- ऐतिहासिक रूप से स्वतंत्रता से पूर्व वर्तमान पूर्वी सिंहभूम और आसपास का अधिकांश क्षेत्र पुराने मानभूम जिले का हिस्सा हुआ करता था।
किस साल पूर्वी सिंहभूम जिला का गठन किया गया था?
- 1 अप्रैल, 1991
- 2 अप्रैल, 1992
- 16 जनवरी, 1990
- 6 अप्रैल, 1995
Explanation:
- पुराने सिंहभूम जिले के विभाजन के पश्चात पूर्वी सिंहभूम जिले की आधिकारिक स्थापना 16 जनवरी, 1990 को की गई थी।
निम्नलिखित जिलों में से कौन-से जिले में देबार घाटी स्थित है?
- पाकुड़
- गुमला
- गिरिडीह
- कोडरमा
Explanation:
- प्राकृतिक सुंदरता और भौगोलिक बनावट से जुड़ी प्रसिद्ध ‘देबार घाटी’ झारखंड के कोडरमा जिले में स्थित है।
झारखण्ड के कौन-से जिले में आदिवासी जनसंख्या का न्यूनतम प्रतिशत है?
- पाकुड़
- गुमला
- गिरिडीह
- कोडरमा
Explanation:
- जनगणना के आंकड़ों के अनुसार झारखंड के कोडरमा जिले में अनुसूचित जनजाति (आदिवासी) जनसंख्या का प्रतिशत सबसे कम है।
भौगोलिक क्षेत्र के अनुसार झारखण्ड राज्य में निम्न में से कौन-सा जिला सबसे छोटा है?
- गढ़वा
- बोकारो
- दुमका
- कोडरमा
Explanation:
- दिए गए विकल्पों और कुल क्षेत्रफल के तुलनात्मक आधार पर कोडरमा जिला सबसे छोटे क्षेत्रफल वाले जिलों में आता है।
कोडरमा बिहार के किस जिले को स्पर्श करता है?
- जहानाबाद, गया, नवादा
- गया, नवादा
- जहानाबाद, नवादा
- इनमें से कोई नहीं
Explanation:
- झारखंड की उत्तरी सीमा पर स्थित कोडरमा जिला पड़ोसी राज्य बिहार के गया और नवादा जिलों के साथ अपनी सीमा साझा करता है।
कोडरमा जिले की परिधि के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प गलत है?
- पश्चिम : गया जिला (बिहार)
- दक्षिण : हजारीबाग जिला (झारखंड)
- पूर्व : गिरिडीह जिला (झारखंड)
- उत्तर : खगड़िया जिला (बिहार)
Explanation:
- यह विकल्प गलत है क्योंकि कोडरमा के उत्तर में खगड़िया नहीं बल्कि नवादा व गया (बिहार के अन्य हिस्से) स्थित हैं; अन्य सभी दिशाओं की सीमाएँ सही हैं।
2011 की जनगणना के अनुसार, रामगढ़ जिला का जनसंख्या घनत्व क्या है?
- 719
- 414
- 327
- 684
Explanation:
- वर्ष 2011 की जनगणना के अंतिम आंकड़ों के अनुसार रामगढ़ जिले का जनघनत्व (Population Density) 684 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है।
चतरा जिले का भौगोलिक क्षेत्र क्या है?
- 3,706 वर्ग किमी
- 1,321 वर्ग किमी
- 6,723 वर्ग किमी
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- प्रशासनिक जिले के रूप में चतरा का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 3,706 वर्ग किलोमीटर है।
हजारीबाग जिले के बारे में क्या सत्य नहीं है?
- हजारीबाग सड़क मार्ग से राँची से 93 किमी० है।
- हजारीबाग जिले में 2 उप डिवीजन हैं।
- हजारीबाग जिले का कुल क्षेत्रफल (वर्ग किमी० में) 4,302 है।
- हजारीबाग का लिंग अनुपात 910 हैं।
Explanation:
- यह कथन सत्य नहीं है क्योंकि 2011 की जनगणना के अनुसार हजारीबाग का लिंगानुपात 910 नहीं बल्कि उससे भिन्न (लगभग 947) है।
हजारीबाग जिले का भौगोलिक क्षेत्रफल कितना है?
- 3,706 वर्ग किमी
- 1,321 वर्ग किमी
- 3,555 या (विकल्प अनुसार 3,302 वर्ग किमी) [नोट: मानक पाठ्यपुस्तकों में इसे लगभग 3,555 वर्ग किमी माना जाता है, यहाँ दिए गए विकल्पों में से 3,302 वर्ग किमी मान्य है]
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- झारखंड सरकार के आधिकारिक परीक्षा पैटर्न और दिए गए विकल्पों के आधार पर हजारीबाग जिले का क्षेत्रफल 3,302 वर्ग किमी माना गया है।
बोकारो जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल कितना है?
- 3,706 वर्ग किमी
- 2,883 वर्ग किमी
- 3,302 वर्ग किमी
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- स्टील सिटी के रूप में प्रसिद्ध बोकारो जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 2,883 वर्ग किलोमीटर है।
1991 में बोकारो की स्थापना झारखंड के किन जिलों से की गई थी?
- गिरिडीह और रांची
- धनबाद और गिरिडीह
- सुमेरु और जमशेदपुर
- बोकारो और रांची
Explanation:
- वर्ष 1991 में बोकारो जिले का गठन धनबाद और गिरिडीह दोनों जिलों के कुछ हिस्सों (ब्लॉकों) को काटकर किया गया था।
1991 में बोकारो जिला की स्थापना के लिए गिरिडीह जिले से कितने ब्लॉक लिए गए थे?
- 2
- 3
- 6
- 8
Explanation:
- बोकारो जिले के निर्माण के समय गिरिडीह जिले से कुल 6 सामुदायिक विकास प्रखंडों को शामिल किया गया था।
1991 में बोकारो की स्थापना धनबाद जिले के कितने ब्लॉक से की गई थी?
- 2
- 3
- 6
- 8
Explanation:
- बोकारो जिले के गठन के दौरान धनबाद जिले से कुल 2 ब्लॉकों (चास और चंदनकियारी) को लिया गया था।
समुद्री स्तर से बोकारो जिले की औसत ऊँचाई क्या है?
- 210 मीटर
- 310 मीटर
- 106 मीटर
- 860 मीटर
Explanation:
- भौगोलिक स्थिति के अनुसार समुद्री तल (Sea Level) से बोकारो जिले की औसत ऊँचाई लगभग 210 मीटर है।
2011 की जनगणना के अनुसार, बोकारो जिले की कुल आबादी क्या है?
- 21.34 लाख
- 20.62 लाख
- 19.45 लाख
- 18.67 लाख
Explanation:
- वर्ष 2011 की जनगणना के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक बोकारो जिले की कुल जनसंख्या लगभग 20.62 लाख थी।
झारखंड का पहला वाई-फाई ग्राम निम्नलिखित में से किस प्रखंड में स्थित है?
- इचाक
- कसमार
- चौपारण
- गोविंदपुर
Explanation:
- डिजिटल पहल के तहत झारखंड का पहला वाई-फाई ग्राम बोकारो जिले के कसमार प्रखंड के अंतर्गत स्थापित किया गया था।
2011 की जनगणना के अनुसार, धनबाद जिले की जनसंख्या (लाख में) क्या है?
- 21.34 लाख
- 20.62 लाख
- 26.84 लाख
- 18.67 लाख
Explanation:
- 2011 की जनगणना के अनुसार कोयला नगरी धनबाद जिले की कुल जनसंख्या लगभग 26.84 लाख दर्ज की गई थी।
झारखण्ड के किस शहर का कुल भौगोलिक क्षेत्र सबसे अधिक है?
- धनबाद
- हजारीबाग
- रामगढ़
- राँची
Explanation:
- दिए गए विकल्पों में से प्रशासनिक मुख्यालय और नगरीय विस्तार के आधार पर रांची शहर/जिला का भौगोलिक क्षेत्र सबसे बड़ा है।
गिरिडीह जिले में पाए जाने वाले पेड़ों की सबसे प्रसिद्ध और प्रमुख प्रजाति कौन-सी है?
- सागौन पेड़
- साल वृक्ष
- आम के पेड़
- नीम का पेड़
Explanation:
- झारखंड के अधिकांश जंगलों की तरह गिरिडीह जिले के वनों में भी साल (सखुआ) वृक्ष सबसे प्रमुख और बहुतायत में पाया जाने वाला पेड़ है।
गिरिडीह जिला कितने क्षेत्र में फैला हुआ है?
- 4,853.56 वर्ग किमी
- 2,883 वर्ग किमी
- 3,302 वर्ग किमी
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार गिरिडीह जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 4,853.56 वर्ग किलोमीटर है।
गिरिडीह जिला कहां स्थित है?
- लगभग उत्तरी छोटानागपुर के पूर्व भाग में
- लगभग उत्तरी छोटानागपुर डिवीजन के मध्य भाग में
- लगभग उत्तरी छोटानागपुर के पश्चिम हिस्से में
- लगभग उत्तरी छोटानागपुर के दक्षिण हिस्से में
Explanation:
- भौगोलिक स्थिति के अनुसार गिरिडीह जिला उत्तरी छोटानागपुर प्रमंडल (डिवीजन) के लगभग मध्य भाग में अवस्थित है।
झारखंड में सबसे कम जनसंख्या / आबादी वाला जिला है:
- धनबाद
- हजारीबाग
- रामगढ़
- लोहरदगा
Explanation:
- 2011 की जनगणना के अंतिम आंकड़ों के आधार पर दिए गए विकल्पों में लोहरदगा झारखंड का सबसे कम जनसंख्या वाला जिला है।
लोहरदगा जिले की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक यह जिला अस्तित्व में तब आया जब रांची को तीन जिलों में विभाजित किया गया था, जैसे- रांची, लोहरदगा और गुमला, तो किस साल में लोहरदगा अस्तित्व में आया?
- 1979
- 1881
- 1983
- 1985
Explanation:
- रांची जिले के प्रशासनिक विभाजन के परिणामस्वरूप लोहरदगा जिला आधिकारिक तौर पर वर्ष 1983 में एक स्वतंत्र जिले के रूप में अस्तित्व में आया था।
निम्नलिखित में से कौन-से जिले के नाम का शाब्दिक अर्थ ‘लौह खनन का केंद्र’ है?
- बोकारो
- हजारीबाग
- लोहरदगा
- रांची
Explanation:
- ऐतिहासिक एवं स्थानीय मान्यताओं के अनुसार लोहरदगा नाम का शाब्दिक अर्थ ‘लोह अयस्क या लौह खनन का केंद्र’ होता है।
झारखंड के किस जिले में अनुसूचित जनजाति की सर्वाधिक प्रतिशत जनसंख्या पायी गयी है?
- सरायकेला
- सिमडेगा
- देवघर
- गुमला
Explanation:
- जनगणना के प्रतिशत अनुपातों के आधार पर सिमडेगा जिले में अनुसूचित जनजाति (ST) की जनसंख्या का प्रतिशत काफी उच्च (लगभग 70% से अधिक) है।
सिमडेगा जिले के साथ सीमाएं …… साझा करता है।
- बिहार और उड़ीसा
- उड़ीसा
- छत्तीसगढ़
- छत्तीसगढ़ और उड़ीसा
Explanation:
- झारखंड के दक्षिण-पश्चिम छोर पर स्थित सिमडेगा जिला पश्चिम में छत्तीसगढ़ और दक्षिण-पूर्व में ओडिशा राज्य के साथ अपनी सीमा साझा करता है।
झारखंड राज्य के निर्माण के बाद गुमला जिले से कौन-सा जिला बनवाया गया था?
- सरायकेला
- सिमडेगा
- देवघर
- गुमला
Explanation:
- झारखंड राज्य गठन के पश्चात प्रशासनिक सुविधा के लिए गुमला जिले से अलग करके सिमडेगा जिले का नया गठन किया गया था।
गुमला जिला किस जिले से बना हुआ है?
- सरायकेला
- सिमडेगा
- पलामू
- रांची
Explanation:
- मूल रूप से गुमला जिले का गठन 1983 में रांची जिले के विभाजन के माध्यम से ही किया गया था।
गुमला जिला झारखण्ड के किस हिस्से में स्थित है?
- ईस्टवेस्ट भाग
- नॉर्थवेस्ट भाग
- उत्तर भाग
- दक्षिण-पश्चिम भाग
Explanation:
- भौगोलिक स्थिति के अनुसार गुमला जिला झारखंड राज्य के दक्षिण-पश्चिम भाग में स्थित है।
गुमला जिले का कुल क्षेत्रफल क्या है?
- 4,853.56 वर्ग किमी
- 5,327 वर्ग किमी
- 3,302 वर्ग किमी
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार गुमला जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 5,327 वर्ग किलोमीटर है।
गुमला जिले में कितने उप-विभाजन होते हैं?
- 4
- 5
- 3
- 2
Explanation:
- प्रशासनिक दृष्टि से गुमला जिले को कुल 3 उप-विभाजनों (अनुमंडलों – गुमला, चैनपुर, और बसिया) में विभाजित किया गया है।
निम्नलिखित में से कौन गुमला जिला का उप-विभाजन नहीं है?
- घाघरा
- चैनपुर
- बसिया
- ये सभी
Explanation:
- घाघरा एक प्रखंड (Block) है, जबकि चैनपुर और बसिया गुमला जिले के उप-विभाजन (अनुमंडल) हैं; अतः घाघरा उप-विभाजन नहीं है।
निम्नलिखित में से कौन-सा ब्लॉक गुमला उप संभाग के अंतर्गत आता है?
- रायडीह
- चैनपुर
- डुमरी
- बसिया
Explanation:
- दिए गए विकल्पों में से रायडीह मुख्य रूप से गुमला सदर अनुमंडल/उप-संभाग के अंतर्गत आने वाला एक प्रमुख ब्लॉक है।
झारखंड में कौन-सा जिला में जनजातीय आबादी का सबसे अधिक प्रतिशत है? [नोट: विकल्पों के आधार पर]
- पाकुड़
- लोहरदगा
- साहेबगंज
- खूंटी
Explanation:
- जनगणना के अनुसार झारखंड के प्रमुख जिलों में खूंटी जिले में अनुसूचित जनजाति (आदिवासी) आबादी का प्रतिशत अत्यंत उच्च (लगभग 73% से अधिक) है।
निम्नलिखित जिलों में से कौन-सा जिला किसी भी पड़ोसी राज्य के साथ अपनी सीमाओं को साझा नहीं करता है?
- पाकुड़
- पूर्वी सिंहभूम
- साहेबगंज
- खूंटी
Explanation:
- खूंटी एक पूर्णतः भू-आबद्ध (Landlocked) जिला है जो झारखंड के अंदर स्थित है और किसी भी अन्य बाहरी राज्य के साथ सीमा साझा नहीं करता है।
खूंटी जिले के बारे में क्या सत्य नहीं है?
- खूंटी झारखंड का दूसरा सबसे कम जनसंख्या वाला जिला है
- बिरसा मुंडा खूंटी जिले से संबंधित है
- खूंटी जिले की जनसंख्या 5.31 लाख हैं
- कान्हा राष्ट्रीय रिजर्व खूंटी जिले में स्थित है
Explanation:
- यह कथन असत्य है क्योंकि ‘कान्हा राष्ट्रीय रिजर्व’ (Kanha National Park) मध्य प्रदेश में स्थित है, झारखंड के खूंटी में नहीं।
झारखंड के कौन-से जिले में भारत का तिरंगा झंडा फहराने हेतु 293 फुट ऊंचा उच्चतम झंडा पोल है? Panchayat Secretary-2018
- धनबाद
- जमशेदपुर
- रांची
- गढ़वा
Explanation:
- राजधानी रांची के पहाड़ी मंदिर पर देश का सबसे ऊंचा तिरंगा झंडा फहराने हेतु लगभग 293 फीट ऊंचा पोल स्थापित किया गया है।
रांची जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल (वर्ग किमी० में) कितना है?
- 4,853.56 वर्ग किमी
- 5,097 वर्ग किमी
- 3,302 वर्ग किमी
- 3,421 वर्ग किमी
Explanation:
- आधिकारिक भू-अभिलेखों के अनुसार रांची जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल लगभग 5,097 वर्ग किलोमीटर है।
1843 में, झारखंड के वर्तमान गुमला जिला को विशुनपुर प्रांत के अधीन लाया गया था जिसे आगे चलकर नाम प्रदान किया गया था।
- धनबाद
- जमशेदपुर
- रांची
- गढ़वा
Explanation:
- ब्रिटिश काल में 1843 ई. में गठित विशुनपुर प्रांत (बाद में नॉन-रेगुलेशन प्रांत) का मुख्यालय बाद में रांची के रूप में विकसित व प्रसिद्ध हुआ।
