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Updated on 06/04/26 by Mananjay Mahato
ओडिशा | Odisa | orissa | उड़ीसा
- राजधानी: भुवनेश्वर
- स्थापना दिवस: 1 अप्रैल 1936 (30 जिले)
- (1 अप्रैल : ओडिशा दिवस/(Utkal Divas)
- ओडिशा (Odisha )
- मुख्यमंत्री – मोहन चरण माझी (भाजपा) ;
- उड़ीसा के पहले मुख्यमंत्री : हरेकृष्ण महताबी
- राज्यपाल – डॉ. हरि बाबू कंभमपति
- उपमुख्यमंत्री : कनक वर्धन सिंह देव (भाजपा) ; प्रवती परिदा (भाजपा)
- विधानसभा -147 सीटें
- ओडिशा विधानसभा Election Result 2024 : BJP 78 ; BJD 51 ; INC- 14; CPI(M)-1; Independent – 3
- राज्यसभा – 10 सीटें
- लोकसभा- 21 सीटें
- ओडिशा विधानसभा के नए अध्यक्ष : सुरामा पाढ़ी
- ओडिशा HC (26 July 1948),मुख्य न्यायाधीश – चक्रधारी शरण सिंह ;
- राजकीय
- पक्षी – भारतीय रोलर ;
- मछली – महानदी महासीर ;
- फूल – अशोक ;
- स्तनपायी सांभर ;
- वृक्ष – अंजीर
- उड़ीसा (odisha) राज्य में मनाए जाने गए अन्य पर्व
- शीतल षष्ठी पर्व
- बाली यात्रा
- बोईता बंदना
- 15वां तोशाली राष्ट्रीय शिल्प मेला 2021
- कलिंग महोत्सव
- रज पर्व अथवा राजा पर्ब
- नुआखाई जुहार,नुआखाई पर्व ,नबन्ना पर्व ,बारा मस्सा रे तेरा पर्व

अंगुल
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- कोयला भंडार के लिए प्रसिद्ध
- तालचेर ताप विद्युत परियोजना यहीं स्थित है
चांदीपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- चांदीपुर समुद्र तट (जहाँ समुद्र पीछे हटता है)
- मिसाइल परीक्षण केंद्र (DRDO)
बारगढ़
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- धान का कटोरा (Rice Bowl of Odisha)
- नुआखाई पर्व के लिए प्रसिद्ध
भद्रक
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- सालंदी नदी
- स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ा क्षेत्र
बलांगीर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- कपड़ा व हथकरघा उद्योग
- ऐतिहासिक पत्थर के मंदिर
बौध
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- ओडिशा का सबसे कम आबादी वाला जिला
- बौद्ध धर्म से संबंधित स्थल
कटक
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- ओडिशा की पूर्व राजधानी
- बाराबती किला और कटक चांदी का काम
देवगढ़
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- खनिज संसाधन
- घने जंगल
ढेंकानाल
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- कपड़ा उद्योग
- कपिलास वन्यजीव अभयारण्य
गजपति
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- जनजातीय बहुल जिला
- आंध्र प्रदेश से सीमा
गंजाम
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- सबसे अधिक जनसंख्या वाला जिला
- चिल्का झील का हिस्सा
जगसिंहपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- पारादीप बंदरगाह
- चक्रवात प्रभावित क्षेत्र
जाजपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- बैतरणी नदी
- बौद्ध अवशेष (रत्नगिरि, उदयगिरि)
झारसुगुड़ा
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- ओडिशा का पावर हब
- वीर सुरेन्द्र साय हवाई अड्डा
कालाहांडी
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- पिछड़ेपन के लिए प्रसिद्ध (SSC में बार-बार पूछा जाता है)
- इंद्रावती नदी
कंधमाल
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- हल्दी उत्पादन
- जनजातीय बहुल क्षेत्र
केंद्रापड़ा
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- भितरकनिका राष्ट्रीय उद्यान
- खारे पानी के मगरमच्छ
केंदुझर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- लौह अयस्क
- बदघरा जलप्रपात
खोरधा
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- राजधानी – भुवनेश्वर
- लिंगराज मंदिर
- भुवनेश्वर
- ओडिशा के खुर्दा जिले में है।
- यह महानदी डेल्टा के पास स्थित है।
- इसे प्राचीन काल में ‘एकाम्र क्षेत्र‘ या ‘चक्र क्षेत्र‘ कहा जाता था।
- यहाँ कलिंग युद्ध (261 ईसा पूर्व) धौली के निकट दया नदी के किनारे हुआ था।
- लिंगराज मंदिर (11वीं शताब्दी): यह भगवान हरिहर (शिव और विष्णु का रूप) को समर्पित है ।
- अन्य प्रमुख मंदिर: राजारानी मंदिर, मुक्तेश्वर मंदिर, परशुरामेश्वर मंदिर।
- 19 अगस्त 1949 को कटक की जगह भुवनेश्वर को ओडिशा की राजधानी बनाया गया।
- आधुनिक शहर की योजना 1946 में जर्मन वास्तुकार ओटो कोनिग्सबर्गर ने बनाई थी।
- यह चंडीगढ़ और जमशेदपुर के साथ भारत के पहले नियोजित शहरों में से एक है।
- उपनाम: मंदिरों का शहर, पूर्व का भुवनेश्वर।
- यहाँ स्थित नंदनकानन चिड़ियाघर सफेद बाघों के लिए प्रसिद्ध है।
- 2014 में इसे भारत में ‘व्यापार करने के लिए सबसे अच्छा शहर’ (Best city to do business) का दर्जा मिला था।
- भुवनेश्वर और कटक को ‘ओडिशा के जुड़वां शहर’ (Twin Cities of Odisha) कहा जाता है।
कोरापुट
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- जनजातीय संस्कृति
- दुदुमा जलप्रपात
मलकानगिरी
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- ओडिशा का सबसे दक्षिणी जिला
- बस्तर पठार का भाग
मयूरभंज
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- सिमिलिपाल राष्ट्रीय उद्यान
- ओडिशा का सबसे बड़ा जिला (क्षेत्रफल में)
नबरंगपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- जनजातीय जिला
- इंद्रावती नदी
नयागढ़
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- कांटिलो नीलमाधव मंदिर
- कृषि प्रधान जिला
नुआपाड़ा
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- छत्तीसगढ़ सीमा से सटा
- सूखा प्रभावित क्षेत्र
पुरी
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- जगन्नाथ मंदिर
- रथ यात्रा (विश्व प्रसिद्ध)
- उपनाम:
- ‘श्री जगन्नाथ धाम’, ‘शंख क्षेत्र’ और ‘नीलाचल’
- चार धाम: पुरी भारत के चार पवित्र धामों (बद्रीनाथ, द्वारका, रामेश्वरम और पुरी) में से एक है।
- प्रसिद्ध मंदिर:
- जगन्नाथ मंदिर: 12वीं शताब्दी में गंग वंश के राजा अनंतवर्मन चोडगंग देव द्वारा निर्मित।
- कोणार्क सूर्य मंदिर: 13वीं शताब्दी में राजा नरसिंहदेव प्रथम (गंग वंश) द्वारा निर्मित। इसे ‘ब्लैक पैगोडा’ भी कहा जाता है।
- यूनेस्को साइट: कोणार्क सूर्य मंदिर को 1984 में यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल घोषित किया गया था।
- प्रसिद्ध उत्सव:
- रथ यात्रा, जो आषाढ़ महीने के शुक्ल पक्ष की द्वितीया को आयोजित होती है।
- इसमें तीन रथ होते हैं: नंदीघोष (जगन्नाथ), तालध्वज (बलभद्र) और देवदलन (सुभद्रा)।
- भौगोलिक स्थल:
- चिल्का झील: भारत की सबसे बड़ी खारे पानी की लैगून झील (पुरी, खुर्दा और गंजम जिलों में फैली हुई है)।
- सतापाड़ा: चिल्का झील का वह हिस्सा जो पुरी जिले में है, यहाँ इरावदी डॉल्फिन पाई जाती हैं।
- गोल्डन बीच (पुरी): इसे ‘ब्लू फ्लैग’ (Blue Flag) प्रमाणन प्राप्त है।
- कला और संस्कृति:
- रघुराजपुर: यह एक ‘हेरिटेज क्राफ्ट विलेज’ है, जो अपनी पट्टचित्र (Pattachitra) पेंटिंग के लिए विश्व प्रसिद्ध है।
- रेत कला (Sand Art): सुदर्शन पटनायक जैसे प्रसिद्ध रेत कलाकार इसी जिले से संबंधित हैं।
- धार्मिक मठ: आदि शंकराचार्य द्वारा स्थापित चार मठों में से एक, गोवर्धन मठ, पुरी में स्थित है।
- नदियाँ: भार्गवी, दया और कुशाभद्रा यहाँ की प्रमुख नदियाँ हैं।
रायगड़ा
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- बॉक्साइट खनन
- जनजातीय बहुल क्षेत्र
संबलपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- हीराकुंड बांध
- संबलपुरी साड़ी
सुबर्णपुर
- ओडिशा के 30 जिले में एक जिला
- महानदी व तेल नदी का संगम
- ऐतिहासिक मंदिर
सुंदरगढ़
- हॉकी खिलाड़ियों के लिए प्रसिद्ध
- स्थापना: 1 जनवरी 1948 (गांगपुर और बोनाई रियासतों के विलय के बाद)।
- क्षेत्रफल: 9,712 वर्ग किमी (ओडिशा का दूसरा सबसे बड़ा जिला)।
- सीमा:
- उत्तर में छत्तीसगढ़ और झारखंड, पूर्व में क्योंझर, पश्चिम में झारसुगुड़ा और दक्षिण में संबलपुर/देवगढ़।
- प्रमुख नदियाँ:
- ब्राह्मणी (शंख और दक्षिण कोयल के संगम से बनती है)
- इब और शंख
- खनिज संसाधन: यह जिला लौह अयस्क (Iron Ore), मैंगनीज, और चूना पत्थर (Limestone) के लिए प्रसिद्ध है।
- राउरकेला स्टील प्लांट (RSP): जर्मनी के सहयोग से स्थापित (भारत का पहला सार्वजनिक क्षेत्र का एकीकृत इस्पात संयंत्र)।
- सीमेंट: राजगांगपुर में स्थित ओसीएल (OCL) इंडिया लिमिटेड।
- पर्यटन और धार्मिक स्थल
- खंडाधार जलप्रपात (Khandadhar Waterfall): 244 मीटर की ऊंचाई के साथ ओडिशा का सबसे ऊँचा जलप्रपात।
- वेदव्यास (Vedavyas): शंख और कोयल नदियों का संगम। मान्यता है कि महर्षि व्यास ने यहीं महाभारत की रचना की थी।
- हनुमान वाटिका: हनुमान जी की 75 फीट ऊंची प्रतिमा है।
- मंदिरा बांध (Mandira Dam): शंख नदी पर बना है, जो मुख्य रूप से राउरकेला स्टील प्लांट को पानी की आपूर्ति करता है।
- जनसांख्यिकी और संस्कृति (Demographics & Culture)
- जनसंख्या: 20,93,437 (2011 की जनगणना के अनुसार)।
- साक्षरता दर: 73.34%।
- प्रमुख जनजातियाँ:
- उरांव (Oraon), मुंडा (Munda), खड़िया (Kharia) और गोंड (Gond)।
- खेल राजधानी: सुंदरगढ़ को अक्सर ‘भारतीय हॉकी का पालना‘ कहा जाता है
- दिलीप तिर्की जैसे दिग्गज यहीं से हैं)।
- NIT राउरकेला: तकनीकी शिक्षा के लिए प्रसिद्ध संस्थान।
- बिरसा मुंडा अंतर्राष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम: राउरकेला में स्थित, दुनिया के सबसे बड़े हॉकी स्टेडियमों में से एक।
- इसे ओडिशा का ‘औद्योगिक जिला’ (Industrial District) भी कहा जाता है।