No Of Zeros|MATHS
1003 × 1001 × 999 × ……. × 123 के अंत में शून्यों की संख्या है:
- 7
- 3
- 0
- 6
Explanation:
- इस श्रृंखला में सभी संख्याएँ विषम (Odd) हैं। शून्य (0) बनने के लिए कम से कम एक सम संख्या (2 का गुणनखण्ड) और 5 का होना आवश्यक है।
- यहाँ 5 के गुणांक तो हैं, परंतु कोई भी सम संख्या (2) नहीं है। इसलिए शून्यों की संख्या = 0
21 x 35 x 625 x 8 x 165 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 1
- 3
- 5
- 7
Explanation:
- संख्याओं का अभाज्य गुणनखंडन (Prime Factorization):
- 21 = 3 × 7
- 35 = 5 × 7 (5¹ भर)
- 625 = 5⁴
- 8 = 2³
- 165 = 3 × 5 × 11 (5¹ भर)
- कुल 5 की घात = 5^(1+4+1) = 5⁶, कुल 2 की घात = 2³
- (2, 5) के युग्मों (pairs) की संख्या = min(3, 6) = 3
- अतः शून्यों की संख्या = 3
25 x 35 x 40 x 50 x 60 x 65 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 6
- 8
- 5
- 7
Explanation:
- गुणनखंड करने पर:
- 25 = 5²
- 35 = 5 × 7
- 40 = 2³ × 5
- 50 = 2 × 5²
- 60 = 2² × 3 × 5
- 65 = 5 × 13
- कुल 2 की घात = 3 + 1 + 2 = 6 (2⁶)
- कुल 5 की घात = 2 + 1 + 1 + 2 + 1 + 1 = 8 (5⁸)
- (2, 5) के युग्म = min(6, 8) = 6
- अतः शून्यों की संख्या = 6
1003 x 1001 x 999 x ………….. x 123 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 224
- 217
- 0
- 212
Explanation:
- यह 123 से 1003 तक की विषम संख्याओं की श्रृंखला है।
- विषम संख्याओं के गुणनफल में 2 का कोई गुणनखंड नहीं होता। अतः शून्यों की संख्या = 0
1 से 1000 तक की सभी प्राकृत संख्याओं के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 30
- 200
- 211
- 249
Explanation:
- 1 से 1000 तक का गुणनफल = 1000! (फ़ैक्टोरियल 1000)
- 1000! में 5 की कुल घात निकालने की विधि:
- 1000 / 5 = 200
- 200 / 5 = 40
- 40 / 5 = 8
- 8 / 5 = 1
- कुल शून्यों की संख्या = 200 + 40 + 8 + 1 = 249
300! के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 74
- 72
- 75
- 76
Explanation:
- 300 में 5 की घातों का विभाजन:
- 300 / 5 = 60
- 60 / 5 = 12
- 12 / 5 = 2
- कुल शून्यों की संख्या = 60 + 12 + 2 = 74
625! के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 125
- 150
- 155
- 156
Explanation:
- 625 में 5 की घातों का भाग देने पर:
- 625 / 5 = 125
- 125 / 5 = 25
- 25 / 5 = 5
- 5 / 5 = 1
- कुल शून्यों की संख्या = 125 + 25 + 5 + 1 = 156
C = 2502 x 5205 के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 502
- 205
- 707
- इनमें से कोई नहीं
Explanation:
- शून्यों की संख्या (2, 5) के न्यूनतम घात वाले जोड़े पर निर्भर करती है।
- यहाँ 2 की घात 502 है तथा 5 की घात 205 है।
- न्यूनतम घात = 205
- अतः शून्यों की संख्या = 205
D = 1 × 3 × 5 × 7 × ………… × 999 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 246
- 199
- 99
- 0
Explanation:
- यह 1 से 999 तक लगातार सभी विषम संख्याओं का गुणनफल है।
- किसी भी विषम संख्या में 2 एक गुणनखंड के रूप में उपस्थित नहीं होता, अतः शून्यों की संख्या = 0
E = 1 × 3 × 5 × 7 × 9 × … …………× 99 x 128 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 10
- 12
- 7
- 19
Explanation:
- 1 से 99 तक विषम संख्याओं में 5 के अभाज्य गुणनखंड: 5, 15, 25(5²), 35, 45, 55, 65, 75(5²), 85, 95
- 5 के कुल गुणनखंड = 1 + 1 + 2 + 1 + 1 + 1 + 1 + 2 + 1 + 1 = 12
- 128 = 2⁷ (2 की कुल घात = 7)
- (2, 5) के युग्म = min(7, 12) = 7
- अतः शून्यों की संख्या = 7
H = 168! × 143! के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 40
- 34
- 74
- 1360
Explanation:
- गुणनफल में कुल शून्यों की संख्या = (168! में शून्य) + (143! में शून्य)
- 168! में 5 से विभाजन: 168/5 = 33; 33/5 = 6; 6/5 = 1 ⇒ 33 + 6 + 1 = 40
- 143! में 5 से विभाजन: 143/5 = 28; 28/5 = 5; 5/5 = 1 ⇒ 28 + 5 + 1 = 34
- कुल शून्यों की संख्या = 40 + 34 = 74
I = 2 × 4 × 6 × 8 × … × 1000 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 249
- 125
- 124
- 997
Explanation:
- श्रृंखला को 2⁵⁰⁰ × (1 × 2 × 3 × … × 500) = 2⁵⁰⁰ × 500! के रूप में लिखा जा सकता है।
- यहाँ 2 प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है, अतः केवल 500! में 5 की घात ज्ञात करनी है:
- 500 / 5 = 100
- 100 / 5 = 20
- 20 / 5 = 4
- कुल शून्यों की संख्या = 100 + 20 + 4 = 124
J = 5 × 10 × 15 × 20 × … × 1000 के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 49
- 111
- 197
- 247
Explanation:
- श्रृंखला = 5²⁰⁰ × (1 × 2 × 3 × … × 200) = 5²⁰⁰ × 200!
- यहाँ 5 अत्यधिक मात्रा में है (200 + 200! में 5 की घात), इसलिए शून्यों की संख्या 200! में 2 की कुल घात के बराबर होगी।
- 200! में 2 की कुल घात:
- 200/2 = 100; 100/2 = 50; 50/2 = 25; 25/2 = 12; 12/2 = 6; 6/2 = 3; 3/2 = 1
- 2 की कुल घात = 100 + 50 + 25 + 12 + 6 + 3 + 1 = 197
- अतः शून्यों की संख्या = 197
K = 10100 + 1090 + 1080 + … + 1020 + 1010 के योगफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 10
- 100
- 550
- 55
Explanation:
- जब विभिन्न घातों वाली 10 की संख्याओं को जोड़ा जाता है, तो योगफल के अंत में शून्यों की संख्या सबसे न्यूनतम घात वाली संख्या के शून्यों के बराबर होती है।
- उदाहरण: 1000 + 100 + 10 = 1110 (अंत में 1 शून्य, जो 10¹⁰/10¹ की न्यूनतम घात के कारण है)
- यहाँ न्यूनतम पद 10¹⁰ है, जिसमें 10 शून्य हैं।
- अतः योगफल के अंत में शून्यों की संख्या = 10
L = (5!)6! के प्रसार के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 120
- 720
- 600
- 840
Explanation:
- 5! = 1 × 2 × 3 × 4 × 5 = 120 (5! के अंत में 1 शून्य है)।
- 6! = 1 × 2 × 3 × 4 × 5 × 6 = 720।
- L = (120)720
- यदि आधार में 1 शून्य है, तो घात (exponent) से गुणा करने पर अंत में शून्यों की संख्या = 1 × 720 = 720 होगी।
P = 1¹ × 2² × 3³ × 4⁴ × 5⁵ × … × 100¹⁰⁰ के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 1050
- 1200
- 1300
- 1450
Explanation:
- शून्यों की संख्या 5 के अभाज्य गुणनखंडों पर निर्भर करेगी। 5 के गुणांक वाले पद:
- 5⁵ + 10¹⁰ + 15¹⁵ + 20²⁰ + 25²⁵ + … + 100¹⁰⁰
- समानांतर श्रेणी (AP) का योग = 5 + 10 + 15 + … + 100 = 5 × (1 + 2 + … + 20) = 5 × (20 × 21 / 2) = 1050
- अतिरिक्त 5 वाले पद (25 = 5², 50 = 2×5², 75 = 3×5², 100 = 4×5²):
- 25²⁵ → +25, 50⁵⁰ → +50, 75⁷⁵ → +75, 100¹⁰⁰ → +100 (कुल = 250)
- कुल शून्यों की संख्या = 1050 + 250 = 1300
Q = 100¹ × 99² × 98³ × … × 2⁹⁹ × 1¹⁰⁰ के गुणनफल के अंत में शून्यों की संख्या क्या होगी?
- 1124
- 1120
- 970
- 1121
Explanation:
- यहाँ किसी संख्या N की घात = (101 – N) है।
- 5 के गुणांक वाले पद: 5⁹⁶, 10⁹¹, 15⁸⁶, …, 100¹
- घातों का योग = 96 + 91 + 86 + … + 1 (20 पद)
- योग = (20 / 2) × (96 + 1) = 10 × 97 = 970
- अतिरिक्त 5 वाले पद (25, 50, 75, 100):
- 25⁷⁶ → +76, 50⁵¹ → +51, 75²⁶ → +26, 100¹ → +1 (कुल = 154)
- कुल शून्यों की संख्या = 970 + 154 = 1124
100! में 4 की उच्चतम घात क्या है?
- 32
- 49
- 48
- इनमें से कोई नहीं
Explanation:
- 4 की घात ज्ञात करने के लिए पहले 100! में 2 की उच्चतम घात निकालेंगे:
- 100/2 = 50; 50/2 = 25; 25/2 = 12; 12/2 = 6; 6/2 = 3; 3/2 = 1
- 2 की कुल घात = 50 + 25 + 12 + 6 + 3 + 1 = 97 (अर्थात् 2⁹⁷)
- 4 = 2², अतः 4 की घात = [97 / 2] = 48
100! में 72 की उच्चतम घात क्या है?
- 20
- 21
- 19
- 24
Explanation:
- 72 = 2³ × 3²
- 100! में 3 की उच्चतम घात = 100/3 + 33/3 + 11/3 + 3/3 = 33 + 11 + 3 + 1 = 48 (अर्थात् 3⁴⁸)
- 3² की घात = 48 / 2 = 24
- 100! में 2 की घात = 97 ⇒ 2³ की घात = [97 / 3] = 32
- 72 की उच्चतम घात = min(32, 24) = 24
संख्याओं 1, 2, 3, 4 ……. ………. 1000 को एक साथ गुना किया जाता है। गुणनफल के अंत ( दाहिनी ओर ) में शून्यों की संख्या है:
- 200
- 30
- 211
- 249
Explanation:
- 1 से 1000 तक का गुणनफल = 1000!
- 1000/5 = 200; 200/5 = 40; 40/5 = 8; 8/5 = 1
- कुल शून्यों की संख्या = 200 + 40 + 8 + 1 = 249
A = 300! में शून्यों की संख्या है:
- 200
- 73
- 74
- 249
Explanation:
- 300/5 = 60; 60/5 = 12; 12/5 = 2
- कुल शून्यों की संख्या = 60 + 12 + 2 = 74
B = 625! में शून्यों की संख्या है:
- 150
- 173
- 174
- 156
Explanation:
- 625/5 = 125; 125/5 = 25; 25/5 = 5; 5/5 = 1
- कुल शून्यों की संख्या = 125 + 25 + 5 + 1 = 156
C = 2502 × 5205 में शून्यों की संख्या है:
- 502
- 173
- 205
- 156
Explanation:
- शून्यों की संख्या 2 और 5 की न्यूनतम घात पर निर्भर करती है।
- यहाँ 2 की घात 502 तथा 5 की घात 205 है।
- न्यूनतम घात = 205
D= 1× 3 × 5 × 7× …………….999 में शून्यों की संख्या है:
- 502
- 173
- 0
- 156
Explanation:
- यह केवल विषम संख्याओं की श्रृंखला है, जिसमें 2 का कोई गुणनखंड मौजूद नहीं है।
- अतः शून्यों की संख्या = 0
100! में 4 की उच्चतम घात क्या है?
- 50
- 73
- 48
- 56
Explanation:
- 100! में 2 की कुल घात = 97
- 4 = 2², अतः 4 की उच्चतम घात = [97 / 2] = 48
100! में 72 की उच्चतम घात क्या है?
- 50
- 24
- 48
- 56
Explanation:
- 72 = 2³ × 3²
- 3² के आधार पर अधिकतम घात = 48/2 = 24
- 2³ के आधार पर अधिकतम घात = [97/3] = 32
- अतः 72 की उच्चतम घात = min(32, 24) = 24
