GK
निम्नलिखित में से कौन सा राज्य हर साल हॉर्नबिल त्योहार मनाता है?
- मणिपुर
- नागालैंड
- असम
- सिक्किम
Explanation:
- हॉर्नबिल त्योहार (Hornbill Festival) नागालैंड राज्य द्वारा हर साल 1-10 दिसंबर के बीच मनाया जाता है।
- इसे “त्योहारों का त्योहार” (Festival of Festivals) भी कहा जाता है।
- यह नागा जनजातियों की समृद्ध संस्कृति, परंपराओं और विरासत को प्रदर्शित करता है।
- इसका आयोजन किसामा (Kisama) गाँव में होता है।
- हॉर्नबिल (धनेश) – नागालैंड का राज्य पक्षी है।
लेपाक्षी मंदिर निम्नलिखित में से किस राज्य में स्थित है?
- केरल
- कर्नाटक
- आंध्र प्रदेश
- तमिलनाडु
Explanation:
- लेपाक्षी मंदिर (Lepakshi Temple) आंध्र प्रदेश के अनंतपुर जिले में स्थित है।
- यह वीरभद्र (शिव) को समर्पित है।
- यह विजयनगर वास्तुकला (Vijayanagara Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह अपने “नागलिंग” (सात सिर वाला नाग) और हवा में लटकता हुआ स्तंभ के लिए प्रसिद्ध है।
- यहाँ महाभारत के जटायु (पक्षी राजा) की कथा जुड़ी है।
हिंडोला महल और जहाज हवेली किस क्षेत्रीय वास्तुकला शैली से संबंधित हैं?
- मांडू क्षेत्र
- गुजरात क्षेत्र
- कश्मीर का क्षेत्र
- बंगाल क्षेत्र
Explanation:
- हिंडोला महल (Hindola Mahal) और जहाज हवेली (Jahaz Haveli) मांडू (मध्य प्रदेश) की वास्तुकला शैली से संबंधित हैं।
- मांडू परमार वंश (Paramara Dynasty) की राजधानी थी।
- हिंडोला महल – अपनी ढलानदार दीवारों (झूले की तरह) के लिए प्रसिद्ध।
- जहाज हवेली – जहाज के आकार में निर्मित।
- यह अफगान/गुजरी वास्तुकला का मिश्रण है।
मार्तंड सूर्य मंदिर कहाँ स्थित है?
- वाराणसी
- शिमला
- कश्मीर
- मदुरै
Explanation:
- मार्तंड सूर्य मंदिर (Martand Sun Temple) कश्मीर के अनंतनाग जिले में स्थित है।
- इसका निर्माण 8वीं सदी में कर्कोट वंश के राजा ललितादित्य ने करवाया था।
- यह सूर्य देव को समर्पित है।
- यह कश्मीरी वास्तुकला (Kashmiri Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- इसे सिकंदर बुतशिकन (Sikandar Butshikan) ने 14वीं सदी में नष्ट कर दिया था।
घूमर लोक नृत्य है ________ से संबंधित है।
- झारखंड
- उत्तराखंड
- मेघालय
- राजस्थान
Explanation:
- घूमर (Ghoomar) राजस्थान का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह महिलाओं द्वारा किया जाता है।
- यह वृत्ताकार गति में किया जाता है।
- इसे त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- इस नृत्य ने भूमिका चावला की फिल्म “पद्मावत” में प्रसिद्धि प्राप्त की।
- अन्य विकल्प:
- झारखंड – करमा, नटुआ, पाइका
- उत्तराखंड – नंदा देवी, जागर
- मेघालय – लाहो, वांगला
निम्नलिखित में से किस भाषा समूह से दक्षिण भारतीय भाषाएँ संबंधित हैं?
- द्रविड़
- टिबेटो-बर्मन
- ऑस्ट्रियाई
- एंग्लो-इंडियन
Explanation:
- दक्षिण भारतीय भाषाएँ द्रविड़ (Dravidian) भाषा परिवार से संबंधित हैं।
- द्रविड़ भाषा परिवार की मुख्य भाषाएँ:
- तमिल (सबसे पुरानी, शास्त्रीय भाषा)
- तेलुगु (सबसे अधिक बोली जाने वाली)
- कन्नड़
- मलयालम
- तमिल को भारत की शास्त्रीय भाषा का दर्जा प्राप्त है (2004)।
- द्रविड़ भाषा परिवार की मुख्य भाषाएँ:
- अन्य विकल्प:
- टिबेटो-बर्मन – पूर्वोत्तर भारत (असम, अरुणाचल, मणिपुर आदि)
- ऑस्ट्रियाई – मुण्डा भाषाएँ (संथाली, मुण्डारी आदि)
निम्नलिखित में से किस त्योहार को रंगों का त्योहार कहा जाता है?
- होली
- जन्माष्टमी
- दुर्गा पूजा
- दशहरा
Explanation:
- होली को “रंगों का त्योहार” (Festival of Colours) कहा जाता है।
- यह फाल्गुन माह की पूर्णिमा पर मनाया जाता है (फरवरी-मार्च)।
- यह ब्रज क्षेत्र (मथुरा-वृंदावन) में विशेष रूप से प्रसिद्ध है।
- यह हिरण्यकश्यप और भक्त प्रह्लाद की कथा से जुड़ा है।
- अन्य त्योहार:
- जन्माष्टमी – कृष्ण जन्म
- दुर्गा पूजा – देवी दुर्गा
- दशहरा – राम-रावण युद्ध, विजय
निम्नलिखित में से किस नृत्य शैली को ‘पूर्व की गाथा’ के रूप में जाना जाता है?
- मोहिनी अट्टम
- कुचिपुड़ी
- कथकली
- कथक
Explanation:
- कथकली (Kathakali) को “पूर्व की गाथा” (Story of the East) के रूप में जाना जाता है।
- यह केरल का शास्त्रीय नृत्य है।
- इसकी उत्पत्ति 17वीं सदी में हुई।
- यह रामायण और महाभारत की कथाओं पर आधारित है।
- इसमें रंगीन मुखौटे और विस्तृत वेशभूषा का उपयोग किया जाता है।
- कथकली के प्रणेता: राजा कुलशेखर वर्मा
इनमें से कौन-सा एक शास्त्रीय नृत्य नहीं है?
- मणिपुरी
- ओडिसी
- रसाली
- कुचिपुड़ी
Explanation:
- रसाली (Rasali) शास्त्रीय नृत्य नहीं है, यह एक लोक नृत्य है।
- रसाली उत्तर प्रदेश का एक लोक नृत्य है।
- भारत के 8 शास्त्रीय नृत्य (Sangeet Natak Akademi):
- भरतनाट्यम (तमिलनाडु)
- कथक (उत्तर प्रदेश)
- कथकली (केरल)
- कुचिपुड़ी (आंध्र प्रदेश)
- मणिपुरी (मणिपुर)
- ओडिसी (ओडिशा)
- मोहिनी अट्टम (केरल)
- सत्त्रिया (असम)
हॉर्नबिल त्योहार निम्नलिखित में से किस राज्य में मनाया जाता है?
- नागालैंड
- केरल
- कर्नाटक
- मिजोरम
Explanation:
- हॉर्नबिल त्योहार नागालैंड में मनाया जाता है।
- यह 1-10 दिसंबर को किसामा में होता है।
- यह नागालैंड के पर्यटन को बढ़ावा देने का प्रमुख माध्यम है।
- इसमें नागा जनजातियों के नृत्य, संगीत, खेल और हस्तशिल्प प्रदर्शित किए जाते हैं।
लावणी __________ का प्रसिद्ध लोक नृत्य है।
- राजस्थान
- महाराष्ट्र
- केरल
- कर्नाटक
Explanation:
- लावणी (Lavani) महाराष्ट्र का प्रसिद्ध लोक नृत्य है।
- यह स्त्रियों द्वारा किया जाता है।
- यह तेज लय और भावपूर्ण गीतों के लिए प्रसिद्ध है।
- इसकी उत्पत्ति मराठा काल में हुई।
- इसे “नृत्य की रानी” भी कहा जाता है।
- अन्य महाराष्ट्र के लोक नृत्य:
- तमाशा – लोक रंगमंच
- पोवाड़ा – युद्ध गाथाएँ
- किल्ला – किलेबंदी नृत्य
‘वारली लोक चित्रकला’ भारत के किस राज्य से है?
- उत्तर प्रदेश
- तमिलनाडु
- झारखंड
- महाराष्ट्र
Explanation:
- वारली चित्रकला (Warli Art) महाराष्ट्र (विशेष रूप से ठाणे जिले) और गुजरात के सीमावर्ती क्षेत्रों से है।
- यह वारली जनजाति की पारंपरिक कला है।
- इसमें ज्यामितीय आकृतियाँ (वृत्त, त्रिकोण, वर्ग) का उपयोग किया जाता है।
- यह दीवार चित्रकला के रूप में प्रसिद्ध है।
- इसमें सफेद रंग और गेरू/लाल पृष्ठभूमि का उपयोग होता है।
प्रसिद्ध सांची स्तूप कहाँ स्थित है?
- मध्य प्रदेश
- पश्चिम बंगाल
- आंध्र प्रदेश
- गुजरात
Explanation:
- सांची स्तूप (Sanchi Stupa) मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में स्थित है।
- इसका निर्माण सम्राट अशोक ने तीसरी सदी ईसा पूर्व में करवाया था।
- यह बौद्ध धर्म का एक महत्वपूर्ण स्मारक है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1989) है।
- यहाँ बुद्ध के अवशेष रखे गए हैं।
निम्नलिखित में से कौन हिमाचल प्रदेश का लोकप्रिय लोक नृत्य है?
- जवारा
- अलकाप
- चर्बा
- मटकी
Explanation:
- चर्बा (Charba) हिमाचल प्रदेश का लोकप्रिय लोक नृत्य है।
- यह किन्नौर और शिमला क्षेत्रों में प्रचलित है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- हिमाचल प्रदेश के अन्य लोक नृत्य:
- नाटी (सबसे लोकप्रिय)
- झोरा
- कुकरी
लोसार त्यौहार निम्न में से किस धर्म द्वारा मनाया जाता है?
- सिख धर्म
- बुद्ध धर्म
- जैन धर्म
- हिन्दू धर्म
Explanation:
- लोसार (Losar) बौद्ध धर्म द्वारा मनाया जाने वाला नव वर्ष का त्योहार है।
- यह तिब्बती बौद्ध समुदायों द्वारा मनाया जाता है।
- यह हिमाचल प्रदेश (लाहौल-स्पीति), सिक्किम, लद्दाख और अरुणाचल में मनाया जाता है।
- यह फरवरी-मार्च में आता है।
- अन्य बौद्ध त्योहार:
- बुद्ध पूर्णिमा (बुद्ध का जन्म, ज्ञान, निर्वाण)
- सागा दावा (बुद्ध का ज्ञान)
भारत के सांस्कृतिक इतिहास में, कौन उत्तर और दक्षिण द्रविड़ से संबंधित हैं?
- मंगोलायड
- चीन-तिब्बती
- कोकेशियान
- इंडो-आर्यन
Explanation:
- उत्तर और दक्षिण द्रविड़ इंडो-आर्यन (Indo-Aryan) भाषा समूह से संबंधित हैं (प्रश्न के संदर्भ में)।
- वास्तव में द्रविड़ एक अलग भाषा परिवार है।
- इंडो-आर्यन भाषाएँ – हिंदी, बंगाली, मराठी, गुजराती, पंजाबी आदि (उत्तरी भारत)
- द्रविड़ भाषाएँ – तमिल, तेलुगु, कन्नड़, मलयालम (दक्षिणी भारत)
- सही विकल्प: इंडो-आर्यन (भाषाई संबंध के संदर्भ में)
निम्नलिखित में से कौन सा नृत्य रूप जम्मू और कश्मीर राज्य का है?
- रऊफ
- बिदेशिया
- कर्मा
- स्वांग
Explanation:
- रऊफ (Rouf) जम्मू और कश्मीर का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह महिलाओं द्वारा किया जाता है।
- यह रमजान और ईद के अवसर पर किया जाता है।
- यह कश्मीरी लोक संगीत पर आधारित है।
- अन्य विकल्प:
- बिदेशिया – बिहार
- कर्मा – झारखंड/छत्तीसगढ़
- स्वांग – हरियाणा/राजस्थान
पंजाब के त्योहार लोहड़ी में प्रकृति के किस तत्व की पूजा की जाती है?
- वायु
- पृथ्वी
- पानी
- अग्नि
Explanation:
- लोहड़ी (Lohri) में अग्नि (Fire) की पूजा की जाती है।
- यह 13 जनवरी को मनाया जाता है (मकर संक्रांति से एक दिन पहले)।
- यह पंजाब और हरियाणा का प्रमुख त्योहार है।
- इसमें अलाव (गीत और नृत्य के साथ) जलाया जाता है।
- यह रबी फसल (गेहूँ) की कटाई का उत्सव है।
______ एक नुकीला और चित्रकारी उपकरण है जिसका आकार एक पेन की तरह होता है। इसका उपयोग टच स्क्रीन पर किया जाता है।
- स्टाइलस
- फ्लैग
- कर्सर
- इंडेक्स
Explanation:
- स्टाइलस (Stylus) एक नुकीला उपकरण है जिसका आकार पेन की तरह होता है।
- इसका उपयोग टच स्क्रीन (मोबाइल, टैबलेट) और ग्राफिक्स टैबलेट पर किया जाता है।
- यह सटीकता और नियंत्रण के लिए उपयोगी है।
- प्राचीन काल में ग्रीक और रोमन लोग मोम की गोलियों पर लिखने के लिए इसका उपयोग करते थे।
निम्नलिखित में से कौन-सा लोक नृत्य पंजाब से संबंधित है?
- बागुरुम्बा
- लज़ीम
- नाटी
- गिद्दा
Explanation:
- गिद्दा (Giddha) पंजाब का पारंपरिक महिलाओं का लोक नृत्य है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- इसमें लोकगीत (बोलियाँ) और तालियाँ का उपयोग किया जाता है।
- भांगड़ा – पंजाब का पुरुषों का लोक नृत्य।
- अन्य विकल्प:
- बागुरुम्बा – असम
- लज़ीम – महाराष्ट्र
- नाटी – हिमाचल प्रदेश
निम्नलिखित में से कौन सा राजस्थान का पारंपरिक नृत्य नहीं है?
- घूमर
- कठपुतली
- गैर
- दुमहल
Explanation:
- दुमहल (Dumhal) राजस्थान का नृत्य नहीं है, यह जम्मू और कश्मीर का नृत्य है।
- दुमहल – वट्टल जनजाति (कश्मीर) का नृत्य।
- राजस्थान के पारंपरिक नृत्य:
- घूमर (महिलाएँ)
- कठपुतली (नृत्य/नाट्य)
- गैर (पुरुष, होली पर)
- कलबेलिया (साँप नृत्य)
- तेरह ताली
निम्नलिखित में से कौन सा लोक नृत्य असम से है?
- गिद्धा
- लेज़िम
- नाटी
- बगुरुम्बा
Explanation:
- बगुरुम्बा (Baghurumba) असम (विशेष रूप से बोडो जनजाति) का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह स्त्रियों द्वारा किया जाता है।
- यह बैसागु (Baisagu) त्योहार के अवसर पर किया जाता है।
- इसका नाम बगुर (Bagur – पतंग/तितली) से लिया गया है।
- असम के अन्य लोक नृत्य:
- बिहू (Bihu) – सबसे लोकप्रिय
- झुमुर
- आलई-लीगई
निम्नलिखित में से कौन-सा लोक नृत्य हिमाचल प्रदेश का है?
- नाटी
- लेजिम
- बगुरुंबा
- गिद्दा
Explanation:
- नाटी (Nati) हिमाचल प्रदेश का सबसे लोकप्रिय लोक नृत्य है।
- यह UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (Intangible Cultural Heritage) में शामिल है।
- यह किन्नौर, शिमला और कुल्लू क्षेत्रों में प्रचलित है।
- यह त्योहारों और शादियों पर किया जाता है।
- कुल्लू दशहरा के दौरान यह नृत्य विशेष रूप से प्रसिद्ध है।
कुचिपुड़ी की जड़ें किस भारतीय राज्य में हैं?
- अरुणाचल प्रदेश
- केरल
- आंध्र प्रदेश
- हिमाचल प्रदेश
Explanation:
- कुचिपुड़ी (Kuchipudi) की जड़ें आंध्र प्रदेश राज्य में हैं।
- इसकी उत्पत्ति कुचिपुड़ी (Kuchipudi) गाँव (कृष्णा जिला, आंध्र प्रदेश) में हुई।
- इसका विकास सिद्धेंद्र योगी ने 17वीं सदी में किया।
- यह नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) की शैली है।
- यह भरतनाट्यम और ओडिसी से मिलता-जुलता है।
इनमें से कौन सा एक फसल उत्सव है?
- तीज
- जन्माष्टमी
- दीपावली
- ओणम
Explanation:
- ओणम (Onam) फसल उत्सव है, जो केरल का सबसे महत्वपूर्ण त्योहार है।
- यह चिंगम (Chingam) माह (अगस्त-सितंबर) में मनाया जाता है।
- यह राजा महाबली (King Mahabali) की वापसी का प्रतीक है।
- इसमें पूक्कलम (फूलों की रंगोली), ओणम सद्या (भोज), और वल्लमकली (नाव दौड़) शामिल हैं।
- अन्य फसल उत्सव:
- पोंगल – तमिलनाडु
- मकर संक्रांति – उत्तर भारत
- बिहू – असम
- लोहड़ी – पंजाब
“गुड़ीपड़वा” एक शुभ दिन है, जो मराठी हिंदुओं के लिए पारंपरिक नव वर्ष की शुरुआत का प्रतीक है। यह किस हिंदू मास में मनाया जाता है?
- वैशाख
- भाद्र
- श्रवण
- चैत्र
Explanation:
- गुड़ी पड़वा (Gudi Padwa) चैत्र मास के शुक्ल पक्ष प्रतिपदा (पहले दिन) को मनाया जाता है।
- यह मराठी और कोंकणी नव वर्ष का प्रतीक है।
- यह उगादी (Ugadi) – तेलुगु नव वर्ष (आंध्र प्रदेश) के साथ मेल खाता है।
- इस दिन गुड़ी (बाँस पर रेशमी कपड़ा) को प्रवेश द्वार पर लगाया जाता है।
- यह ब्रह्मा (सृष्टि के रचयिता) के दिन के रूप में मनाया जाता है।
धन्यवाद उत्सव पोंगल मुख्य रूप से भारत के किस राज्य में मनाया जाता है?
- तमिलनाडु
- राजस्थान
- महाराष्ट्र
- उत्तर प्रदेश
Explanation:
- पोंगल (Pongal) तमिलनाडु राज्य में धन्यवाद उत्सव के रूप में मनाया जाता है।
- यह 4 दिनों का त्योहार है (14-17 जनवरी)।
- यह सूर्य देव (Surya) को समर्पित है।
- इसका नाम “पोंगल” (उबालना) – चावल और गुड़ के पकवान से लिया गया है।
- यह मकर संक्रांति के साथ मेल खाता है।
- अन्य दक्षिण भारतीय त्योहार:
- ओणम – केरल
- उगादी – तेलुगु नव वर्ष
- मकर संक्रांति – कर्नाटक (संक्रांति)
लाहो नृत्य भारत में _________ राज्य से संबंधित है।
- मेघालय
- राजस्थान
- उड़ीसा
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- लाहो नृत्य (Laho Dance) मेघालय राज्य से संबंधित है।
- यह खासी (Khasi) और जयंतिया (Jaintia) जनजातियों का नृत्य है।
- यह बिहू जैसे त्योहारों पर किया जाता है।
- यह स्त्रियों और पुरुषों दोनों द्वारा किया जाता है।
- मेघालय के अन्य नृत्य:
- वांगला (Wangala) – गारो जनजाति
- शाद सुक मायनसिम (Shad Suk Mynsiem) – खासी
दिए गए विकल्पों में से विषम का चयन कीजिए।
- ओडिसी
- भरतनाट्यम
- लावणी
- कुचिपुड़ी
Explanation:
- लावणी विषम है क्योंकि यह एक लोक नृत्य है, जबकि ओडिसी, भरतनाट्यम और कुचिपुड़ी शास्त्रीय नृत्य हैं।
- ओडिसी – ओडिशा (शास्त्रीय)
- भरतनाट्यम – तमिलनाडु (शास्त्रीय)
- कुचिपुड़ी – आंध्र प्रदेश (शास्त्रीय)
- लावणी – महाराष्ट्र (लोक नृत्य)
निम्नलिखित में से कौन सा नृत्य भारत का शास्त्रीय नृत्य नहीं है?
- कुचिपुड़ी
- मणिपुरी
- बुगाकू
- ओडिसी
Explanation:
- बुगाकू (Bugaku) भारत का शास्त्रीय नृत्य नहीं है, यह जापान का पारंपरिक नृत्य है।
- बुगाकू जापान की शाही सभा का नृत्य है।
- भारत के शास्त्रीय नृत्य (8):
- भरतनाट्यम, कथक, कथकली, कुचिपुड़ी, मणिपुरी, ओडिसी, मोहिनी अट्टम, सत्त्रिया
भरतनाट्यम की उत्पत्ति किस राज्य में हुई थी?
- ओडिशा
- गुजरात
- केरल
- तमिलनाडु
Explanation:
- भरतनाट्यम (Bharatanatyam) की उत्पत्ति तमिलनाडु राज्य में हुई थी।
- यह भारत का सबसे पुराना शास्त्रीय नृत्य है।
- इसका उल्लेख भरत मुनि के “नाट्य शास्त्र” में मिलता है।
- इसे “भाव, राग, ताल” का संगम कहा जाता है।
- यह मंदिरों में देवदासियों द्वारा किया जाता था।
- अन्य नृत्यों की उत्पत्ति:
- ओडिसी – ओडिशा
- मोहिनी अट्टम – केरल
- कथक – उत्तर प्रदेश
निम्नलिखित में से किस चित्रकला का नाम बिहार के एक जिले पर रखा गया है?
- मेवाड़
- बुंधि
- मधुबनी
- कांगड़ा
Explanation:
- मधुबनी चित्रकला (Madhubani Painting) का नाम बिहार के मधुबनी जिले पर रखा गया है।
- यह मिथिला क्षेत्र की पारंपरिक चित्रकला है।
- इसे “मिथिला चित्रकला” (Mithila Art) भी कहा जाता है।
- यह महिलाओं द्वारा दीवारों और फर्श पर बनाई जाती है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों (पौधे, मिट्टी) का उपयोग होता है।
- अन्य चित्रकला शैलियाँ:
- कांगड़ा – हिमाचल प्रदेश
- मेवाड़ – राजस्थान
- बुंधि – राजस्थान
निम्नलिखित में से कौन सा राज्य शास्त्रीय नृत्य, ओडिसी से संबंधित है?
- मध्य प्रदेश
- उड़ीसा
- बिहार
- केरल
Explanation:
- ओडिसी (Odissi) शास्त्रीय नृत्य ओडिशा राज्य से संबंधित है।
- इसकी उत्पत्ति उड़िया संस्कृति से हुई है।
- इसका उल्लेख महारी (मंदिर नृत्यांगनाओं) से जुड़ा है।
- यह भरतनाट्यम की तरह अर्ध-बैठी (अराधित) मुद्रा में किया जाता है।
- यह त्रिभंग (Tribhanga) मुद्रा के लिए प्रसिद्ध है।
राजा रवि वर्मा किस क्षेत्र में प्रसिद्ध थे?
- नृत्य
- साहित्य शीर्ष
- संगीत
- चित्रकला
Explanation:
- राजा रवि वर्मा (1848-1906) चित्रकला (Painting) में प्रसिद्ध थे।
- वे केरल के एक शाही परिवार से थे।
- उन्होंने भारतीय पौराणिक विषयों को यूरोपीय (अकादमिक) शैली में चित्रित किया।
- उनकी प्रसिद्ध पेंटिंग्स – “शकुंतला”, “सावित्री”, “महिषासुर मर्दिनी”।
- उन्होंने लिथोग्राफिक प्रेस (1894) की स्थापना की।
थिलाना किस नृत्य शैली की प्रस्तुति शैली है?
- कथक
- कुचिपुड़ी
- भरतनाट्यम
- ओडिसी
Explanation:
- थिलाना (Thillana) भरतनाट्यम (Bharatanatyam) नृत्य शैली की एक प्रस्तुति शैली है।
- यह तेज और लयबद्ध नृत्य है।
- इसमें नृत्य के माध्यम से आनंद (Bliss) को व्यक्त किया जाता है।
- यह कर्नाटक संगीत (Carnatic Music) में एक लोकप्रिय रचना है।
- यह पूर्वी संगीत से प्रभावित एक वैविध्यपूर्ण नृत्य है।
एलीफेंटा गुफाएँ कहाँ स्थित हैं?
- मुंबई
- जयपुर
- बेंगलुरु
- कोणार्क
Explanation:
- एलीफेंटा गुफाएँ (Elephanta Caves) मुंबई (महाराष्ट्र) के पास एलीफेंटा द्वीप पर स्थित हैं।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1987) है।
- यह गुफाएँ 6वीं-8वीं सदी में शैल-कृत (Rock-cut) हैं।
- यहाँ त्रिमूर्ति (Trimurti) – ब्रह्मा, विष्णु, शिव की विशाल मूर्ति स्थित है।
- यह शिव (भगवान शिव) को समर्पित है।
‘ओणम’ सबसे महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक है-
- गुजरात
- कर्नाटक
- केरल
- महाराष्ट्र
Explanation:
- ओणम (Onam) केरल का सबसे महत्वपूर्ण त्योहार है।
- यह राजा महाबली (King Mahabali) की वापसी का प्रतीक है।
- यह 10 दिनों का उत्सव है।
- यह फसल उत्सव भी है।
- इसमें वल्लमकली (Vallam Kali) – नाव दौड़ प्रमुख आकर्षण है।
निम्नलिखित में से कौन सा लोक नृत्य पंजाब में फसल के मौसम के दौरान लोकप्रिय है?
- ओडिसी
- कथक
- भांगड़ा
- गरबा
Explanation:
- भांगड़ा (Bhangra) पंजाब में फसल के मौसम (विशेषकर गेहूँ की कटाई) के दौरान किया जाने वाला लोकप्रिय नृत्य है।
- यह पुरुषों द्वारा किया जाता है।
- यह ढोल और ताल की थाप पर किया जाता है।
- यह ऊर्जावान और जोशपूर्ण नृत्य है।
- अब यह दुनिया भर में लोकप्रिय हो गया है।
इनमें से कौन सा अनिवार्य रूप से एकल नृत्य है?
- कथक
- मणिपुरी
- मोहिनी अट्टम
- कुचिपुड़ी
Explanation:
- मोहिनी अट्टम (Mohiniyattam) अनिवार्य रूप से एकल नृत्य (Solo Dance) है।
- यह केरल का शास्त्रीय नृत्य है।
- यह महिलाओं द्वारा किया जाता है।
- इसका नाम “मोहिनी” (भगवान विष्णु का स्त्री रूप) से लिया गया है।
- यह लास्य (सौम्य, मधुर) शैली पर आधारित है।
- अन्य नृत्य:
- कथक – एकल या समूह
- मणिपुरी – समूह
- कुचिपुड़ी – एकल या युग्म
निम्नलिखित में से कौन-सा महाराष्ट्र का एक लोकप्रिय लोक नृत्य है?
- गरबा
- भांगड़ा
- डांडिया
- तमाशा
Explanation:
- तमाशा (Tamasha) महाराष्ट्र का एक लोकप्रिय लोक नृत्य/रंगमंच है।
- यह लोक नाट्य (Folk Theatre) का एक रूप है।
- इसमें संगीत, नृत्य और हास्य का मिश्रण है।
- यह ग्रामीण महाराष्ट्र में बहुत लोकप्रिय है।
- गरबा और डांडिया – गुजरात के लोक नृत्य हैं।
शुभाशुभ मुद्गल ________ से संबंधित हैं।
- शास्त्रीय नृत्य
- खेल
- हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत
- भित्ति चित्र
Explanation:
- शुभाशुभ मुद्गल (Shubhashubh Mudgal) हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत (Hindustani Classical Music) से संबंधित हैं।
- वे एक प्रसिद्ध गायिका हैं।
- वे ठुमरी, दादरा और खयाल गायन के लिए जानी जाती हैं।
- उन्हें पद्म श्री (2000) और पद्म भूषण (2018) से सम्मानित किया गया है।
‘खजुराहो’ स्मारकों का समूह कहाँ देखा जा सकता है? A. महाराष्ट्र B. बिहार C. मध्य प्रदेश D. गुजरात
- C (मध्य प्रदेश)
- B
- A
- D
Explanation:
- खजुराहो स्मारक (Khajuraho Monuments) मध्य प्रदेश (C) के छतरपुर जिले में स्थित हैं।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1986) है।
- इनका निर्माण चंदेल वंश (Chandela Dynasty) ने 10वीं-12वीं सदी में करवाया था।
- यहाँ हिंदू और जैन मंदिरों का समूह है।
- यह अपनी उत्कृष्ट मूर्तिकला और कामुक मुद्राओं के लिए प्रसिद्ध है।
स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी कहाँ स्थित है। A. पेरिस B. वाशिंगटन C. जिनेवा D. न्यूयॉर्क
- B
- D (न्यूयॉर्क)
- C
- A
Explanation:
- स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी (Statue of Liberty) न्यूयॉर्क (D) शहर के लिबर्टी द्वीप पर स्थित है।
- यह फ्रांस ने अमेरिका को 1886 में स्वतंत्रता की 100वीं वर्षगांठ पर भेंट किया था।
- इसका डिज़ाइन फ्रेडरिक अगस्टे बार्थोल्डी ने बनाया था।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1984) है।
कुंभ का मेला मध्य प्रदेश के इन शहरों में से किसमें लगता है – A. ग्वालियर B. भोपाल C. उज्जैन D. इंदौर
- D
- B
- A
- C (उज्जैन)
Explanation:
- कुंभ मेला उज्जैन (C) में शिप्रा नदी के तट पर लगता है।
- भारत में 4 कुंभ मेला स्थल हैं:
- प्रयागराज (उत्तर प्रदेश) – गंगा, यमुना, सरस्वती
- हरिद्वार (उत्तराखंड) – गंगा
- उज्जैन (मध्य प्रदेश) – शिप्रा
- नाशिक (महाराष्ट्र) – गोदावरी
- यह हर 12 वर्षों में लगता है।
- महाकुंभ – हर 144 वर्षों में (प्रयागराज में)।
- भारत में 4 कुंभ मेला स्थल हैं:
हनुमानकोंडा शहर में स्थित एक ऐतिहासिक हिंदू मंदिर, हजार स्तंभों का मंदिर, इनके द्वारा निर्मित किया गया था : A. रुद्र देव B. कृष्णदेव राय C. जहाँगीर D. औरंगजेब
- A (रुद्र देव)
- B
- D
- C
Explanation:
- हजार स्तंभों का मंदिर (Thousand Pillar Temple) हनुमानकोंडा (तेलंगाना) में रुद्र देव (A) ने 1163 में बनवाया था।
- यह काकतीय वंश (Kakatiya Dynasty) का शासक था।
- यह मंदिर शिव, विष्णु, सूर्य को समर्पित है।
- यह अपनी उत्कृष्ट वास्तुकला और 1000 स्तंभों के लिए प्रसिद्ध है।
शास्त्रीय नृत्य कथकली किस भारतीय राज्य से संबंधित है? A. ओडिशा B. केरल C. आंध्र प्रदेश D. असम
- B (केरल)
- D
- A
- C
Explanation:
- कथकली (Kathakali) केरल (B) का शास्त्रीय नृत्य है।
- इसकी उत्पत्ति 17वीं सदी में हुई।
- यह “पूर्व की गाथा” (Story of the East) के रूप में जाना जाता है।
- यह नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) है।
- इसमें मुखौटे और विस्तृत वेशभूषा का उपयोग होता है।
कृष्णनट्टम निम्नलिखित में से किस राज्य का प्रसिद्ध नृत्य है? A. आंध्र प्रदेश B. कर्नाटक C. केरल D. तमिलनाडु
- A
- D
- B
- C (केरल)
Explanation:
- कृष्णनट्टम (Krishnattam) केरल (C) का प्रसिद्ध नृत्य है।
- यह कृष्ण की कथाओं पर आधारित है।
- यह कथकली का पूर्ववर्ती माना जाता है।
- इसकी उत्पत्ति गुरुवायूर मंदिर में हुई।
- यह 8 भागों (Avatar) में प्रस्तुत किया जाता है।
निम्नलिखित में से कौन सा तमिलनाडु में एक स्मारक नहीं है?
- बेल किला
- मीनाक्षी अम्मन मंदिर
- वल्लुवलुर कोट्टम
- पद्मनाभपुरम पैलेस
Explanation:
- बेल किला (Bell Fort) तमिलनाडु में स्थित नहीं है, यह उत्तर प्रदेश (सहारनपुर) में है।
- यह सहारनपुर शहर के पास घाघरा नदी के किनारे स्थित है।
- तमिलनाडु के स्मारक:
- मीनाक्षी अम्मन मंदिर – मदुरै
- वल्लुवलुर कोट्टम – चेन्नई
- पद्मनाभपुरम पैलेस – कन्याकुमारी
- ब्रिगेड मैदान – चेन्नई
बिहार और नेपाल के मिथिला क्षेत्र में किस भारतीय चित्रकला का अभ्यास किया जाता है?
- तंजौर कला
- कालमेजुथु
- मधुबनी चित्रकला
- पट्टा चित्र चित्रकला
Explanation:
- मधुबनी चित्रकला (Madhubani Art) का अभ्यास बिहार और नेपाल के मिथिला क्षेत्र में किया जाता है।
- यह महिलाओं द्वारा दीवारों और फर्श पर बनाई जाती है।
- यह रामायण और महाभारत की कथाओं पर आधारित है।
- इसे UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- अन्य चित्रकला शैलियाँ:
- तंजौर कला – तमिलनाडु
- कालमेजुथु – केरल
- पट्टा चित्र – ओडिशा/पश्चिम बंगाल
हम्पी को विश्व धरोहर स्थल निम्नलिखित में से किसके द्वारा घोषित किया गया था?
- अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष
- संयुक्त राष्ट्र संघ
- विश्व स्वास्थ्य संगठन
- यूनेस्को
Explanation:
- हम्पी (Hampi) को यूनेस्को (UNESCO) द्वारा 1986 में विश्व धरोहर स्थल घोषित किया गया था।
- हम्पी कर्नाटक राज्य में स्थित है।
- यह विजयनगर साम्राज्य (1336-1565) की राजधानी थी।
- यहाँ विरुपाक्ष मंदिर, विट्ठलस्वामी मंदिर (संगीतमय स्तंभ) और हजार राम मंदिर स्थित हैं।
- यह तुंगभद्रा नदी के तट पर स्थित है।
- UNESCO विश्व धरोहर स्थल:
- भारत में 43 विश्व धरोहर स्थल हैं (2025 तक)।
- यह UNESCO (संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक एवं सांस्कृतिक संगठन) द्वारा घोषित किए जाते हैं।
निम्नलिखित में से किस राज्य में प्रसिद्ध सूर्य मंदिर स्थित है?
- पंजाब
- तमिलनाडु
- आंध्र प्रदेश
- उड़ीसा
Explanation:
- सूर्य मंदिर (Sun Temple) ओडिशा (उड़ीसा) के कोणार्क में स्थित है।
- इसे “ब्लैक पैगोडा” (Black Pagoda) भी कहा जाता है।
- इसका निर्माण 13वीं सदी में गंग वंश के राजा नरसिंहदेव प्रथम ने करवाया था।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1984) है।
- मंदिर रथ (चार पहियों वाला) के आकार में बना है, जिसे 7 घोड़े खींच रहे हैं।
- यह कलिंग वास्तुकला (Kalinga Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
पत्थर की बनी नृत्य करते हुए पुरुष की मूर्ति, ‘नटराज’ किस स्थान पर पाई गई थी?
- रंगपुर
- लोथल
- मोहनजोदड़ो
- हड़प्पा
Explanation:
- नटराज (नृत्य करते हुए पुरुष) की पत्थर की मूर्ति हड़प्पा (Harappa) से पाई गई थी।
- यह सिंधु घाटी सभ्यता (Indus Valley Civilisation) का एक महत्वपूर्ण पुरातात्विक साक्ष्य है।
- यह 2500-2000 ईसा पूर्व की है।
- यह मूर्ति 18.5 सेमी लंबी है।
- यह एक नृत्य मुद्रा में है, जो शिव (नटराज) का प्रारंभिक रूप हो सकता है।
- अन्य सिंधु घाटी स्थल:
- मोहनजोदड़ो – “मृतकों का टीला” (Sindh, पाकिस्तान)
- लोथल – गुजरात (भारत) – कृत्रिम बंदरगाह
- धौलावीरा – गुजरात – जल प्रबंधन
प्रसिद्ध हॉर्नबिल महोत्सव भारत के किस पूर्वोत्तर राज्य के लिए अद्वितीय है?
- नागालैंड
- असम
- मेघालय
- मिजोरम
Explanation:
- हॉर्नबिल महोत्सव (Hornbill Festival) नागालैंड राज्य के लिए अद्वितीय है।
- यह 1-10 दिसंबर को किसामा (Kisama) में आयोजित होता है।
- इसे “त्योहारों का त्योहार” (Festival of Festivals) भी कहा जाता है।
- यह नागा जनजातियों (16 से अधिक जनजातियाँ) की संस्कृति को प्रदर्शित करता है।
- इसमें नृत्य, संगीत, खेल (लड़ाई), हस्तशिल्प और पारंपरिक भोजन शामिल हैं।
- हॉर्नबिल (धनेश) – नागालैंड का राज्य पक्षी है।
- अन्य पूर्वोत्तर त्योहार:
- बिहू – असम
- वांगला – मेघालय (गारो)
- मोआत्सु – नागालैंड (ओंगमी)
निम्नलिखित में से कौन-सा नृत्य रूप राजस्थान से संबंधित नहीं है?
- घूमर
- कालबेलिया
- गणगौर
- लावणी
Explanation:
- लावणी (Lavani) महाराष्ट्र का लोक नृत्य है, राजस्थान से संबंधित नहीं है।
- यह तेज लय और भावपूर्ण गीतों के लिए प्रसिद्ध है।
- राजस्थान के लोक नृत्य:
- घूमर (महिलाएँ)
- कालबेलिया (साँप नृत्य)
- गणगौर (त्योहार)
- गैर (पुरुष, होली पर)
- कठपुतली
निम्नलिखित में से कौन हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत की शैली नहीं है?
- अलापना
- ठुमरी
- ध्रुपद
- टप्पा
Explanation:
- अलापना (Alapana) हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत की शैली नहीं है, यह कर्नाटक संगीत (Carnatic Music) का हिस्सा है।
- अलापना राग का मंत्रोच्चारण (improvisation) है।
- हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत की शैलियाँ:
- ध्रुपद (सबसे पुरानी, गंभीर)
- खयाल (सबसे लोकप्रिय)
- ठुमरी (भावपूर्ण, श्रृंगार)
- टप्पा (तेज़, पंजाबी प्रभाव)
- दादरा (हल्का)
- कर्नाटक संगीत:
- वर्णम, कीर्तन, कृति, पल्लवी, अलापना
निम्नलिखित में से कौन सा मंदिर मौजूदा चोल मंदिरों में से एक नहीं है?
- कंपहारेश्वर
- ऐरावतेश्वर
- बृहदेश्वर
- गंगईकोंडा चोलापुरम
Explanation:
- कंपहारेश्वर (Kampahareshwar) चोल मंदिर नहीं है। यह बंगलुरु (कर्नाटक) में स्थित एक शिव मंदिर है, जिसे विजयनगर वंश ने बनवाया था।
- यह कम्पा (एक विजयनगर राजकुमार) के नाम पर है।
- चोल मंदिर (UNESCO विश्व धरोहर, 1987, 2004):
- बृहदेश्वर मंदिर (तंजावुर) – राजा राज चोल प्रथम (1010 ई.)
- गंगईकोंडा चोलापुरम – राजेंद्र चोल प्रथम
- ऐरावतेश्वर मंदिर (दारासुरम) – राजराज चोल द्वितीय
भारतीय शास्त्रीय नृत्य का नाम क्या है, जिसके बारे में माना जाता है कि भगवान ब्रह्मा ने एक प्रसिद्ध ऋषि भरत को प्रकट किया था, जिन्होंने तब इस पवित्र नृत्य को ‘नाट्य शास्त्र’ नामक संस्कृत पाठ में संहिताबद्ध किया था?
- ओडिसी
- कथक
- भरतनाट्यम
- कथकली
Explanation:
- भरतनाट्यम (Bharatanatyam) का नाम ऋषि भरत (Bharata Muni) के नाम पर रखा गया है।
- माना जाता है कि भगवान ब्रह्मा ने यह नृत्य ऋषि भरत को प्रकट किया था।
- उन्होंने इसे “नाट्य शास्त्र” (Natya Shastra) में संहिताबद्ध किया।
- यह भारत का सबसे पुराना शास्त्रीय नृत्य है।
- यह तमिलनाडु का शास्त्रीय नृत्य है।
- “नाट्य शास्त्र” – नृत्य, संगीत और नाट्य कला का सबसे पुराना ग्रंथ है (लगभग 200 BCE – 200 CE)।
पश्चिमी भारत में घारपुरी द्वीप पर पाई जाने वाली गुफाओं के नाम बताइए जिन्हें 1987 में यूनेस्को विरासत स्थल का दर्जा मिला था?
- अजंता गुफाएं
- एलीफेंटा गुफाएं
- खजुराहो गुफाएं
- एलोरा गुफाएं
Explanation:
- एलीफेंटा गुफाएँ (Elephanta Caves) मुंबई के पास घारपुरी द्वीप (Gharapuri Island) पर स्थित हैं।
- इन्हें 1987 में UNESCO विश्व धरोहर स्थल का दर्जा मिला था।
- यह गुफाएँ 6वीं-8वीं सदी (राष्ट्रकूट) की शैल-कृत (Rock-cut) गुफाएँ हैं।
- यहाँ त्रिमूर्ति (Trimurti) – ब्रह्मा, विष्णु, शिव की विशाल मूर्ति (5.45 मी) स्थित है।
- अन्य UNESCO विश्व धरोहर गुफाएँ:
- अजंता (1983) – महाराष्ट्र (बौद्ध)
- एलोरा (1983) – महाराष्ट्र (हिंदू, बौद्ध, जैन)
यक्षगान किस भारतीय राज्य का लोक प्रदर्शन है?
- महाराष्ट्र
- असम
- गुजरात
- कर्नाटक
Explanation:
- यक्षगान (Yakshagana) कर्नाटक (और केरल के कुछ भागों) का एक पारंपरिक लोक प्रदर्शन है।
- यह नृत्य, संगीत, संवाद और वेशभूषा का मिश्रण है।
- यह रामायण, महाभारत और पुराणों की कथाओं पर आधारित है।
- इसे रात्रि में किया जाता है।
- अन्य कर्नाटक लोक कलाएँ:
- डोल्लू कुनिथा (ड्रम नृत्य)
- गोरवारा कुनिथा (मुखौटा नृत्य)
हुड़किया बौल किस भारतीय राज्य से संबंधित लोक नृत्य शैली है?
- उत्तराखंड
- हरियाणा
- महाराष्ट्र
- गोवा
Explanation:
- हुड़किया बौल (Hudkiya Baul) उत्तराखंड (विशेष रूप से कुमाऊँ क्षेत्र) का लोक नृत्य है।
- यह “हुड़का” (Hudka) – एक पारंपरिक वाद्य यंत्र (ढोल) के साथ किया जाता है।
- यह फसल कटाई और त्योहारों के अवसर पर किया जाता है।
- इसमें गीत और नृत्य का मिश्रण होता है।
- अन्य उत्तराखंड लोक नृत्य:
- नंदा देवी – नंदा देवी राज जात यात्रा
- जागर (लोक गाथा)
- छोलिया (युद्ध नृत्य)
बार्डो छम कहाँ का लोक नृत्य है?
- सिक्किम
- पश्चिम बंगाल
- उत्तराखंड
- अरुणाचल प्रदेश
Explanation:
- बार्डो छम (Bardo Chham) अरुणाचल प्रदेश (विशेष रूप से मोनपा जनजाति) का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह बौद्ध धर्म से प्रभावित एक धार्मिक नृत्य है।
- यह सितंबर-अक्टूबर में “ताशी” (Tashi) त्योहार के दौरान किया जाता है।
- इसमें रंगीन मुखौटे और वेशभूषा का उपयोग होता है।
- अन्य अरुणाचल प्रदेश नृत्य:
- वांचो
- पोंग-तो
- चिरो
फड़, राजस्थान का एक कला रूप, चित्रकला का एक ________ रूप है।
- जनजातीय
- कामुक
- संगीतमय
- धार्मिक
Explanation:
- फड़ (Phad) राजस्थान की एक धार्मिक चित्रकला शैली है।
- यह कपड़े (लंबे रोल) पर बनाई जाती है।
- इसमें पौराणिक कथाओं (महाभारत, रामायण) और लोक देवताओं (पाबूजी, देवनारायण) की गाथाएँ चित्रित की जाती हैं।
- इसका उपयोग भोपा (गायक) द्वारा फड़ वाचन (Phad Vachan) के दौरान किया जाता है।
- यह राजस्थानी परंपरा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
तिरुवरूर और अजंता मंदिरों की दीवारों पर किस प्रकार के चित्र पाए जाते हैं?
- राजस्थानी
- भित्ति
- मधुबनी
- मुगल
Explanation:
- तिरुवरूर (तमिलनाडु) और अजंता (महाराष्ट्र) मंदिरों की दीवारों पर भित्ति चित्र (Mural Paintings) पाए जाते हैं।
- अजंता की भित्ति चित्रकारी (2nd Century BCE – 5th Century CE) – बौद्ध धर्म से संबंधित, जातक कथाएँ दर्शाती हैं।
- तिरुवरूर (चोल काल) – शैव भित्ति चित्रकारी।
- भित्ति चित्र दीवारों (गीली/सूखी) पर बनाए जाते हैं।
- अन्य भित्ति चित्र स्थल:
- बृहदेश्वर मंदिर (तंजावुर) – चोल भित्ति चित्र
- लेपाक्षी मंदिर (आंध्र प्रदेश)
- बाग गुफाएँ (मध्य प्रदेश)
घूमर एक लोकगीत और नृत्य शैली है जो ________ में लोकप्रिय है।
- राजस्थान
- उत्तर प्रदेश
- गुजरात
- बिहार
Explanation:
- घूमर (Ghoomar) राजस्थान का एक लोकप्रिय लोकगीत और नृत्य शैली है।
- यह महिलाओं द्वारा वृत्ताकार गति में किया जाता है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- यह राजस्थानी संस्कृति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
भारत के किस भाग में ‘मोआत्सु’ त्योहार मनाया जाता है?
- महाराष्ट्र
- नागालैंड
- राजस्थान
- गोवा
Explanation:
- मोआत्सु (Moatsu) त्योहार नागालैंड के ओंगमी (Ao) जनजाति द्वारा मनाया जाता है।
- यह मई माह में मनाया जाता है।
- यह बुआई के मौसम के अंत का प्रतीक है।
- इसमें गीत, नृत्य, दावत और सामुदायिक भोज शामिल है।
- यह नागालैंड के प्रमुख त्योहारों में से एक है।
‘पटना कलम’ एक ______ है:
- प्रसिद्ध कलम
- बिहारी कवियों का समूह
- पटना में संग्रहालय
- चित्रकला की शैली
Explanation:
- “पटना कलम” (Patna Kalam) चित्रकला की शैली है।
- यह 18वीं-19वीं सदी में पटना (बिहार) में विकसित हुई।
- यह मुगल और कंपनी शैली का मिश्रण है।
- इसमें दैनिक जीवन, बाजार, त्योहार और शिल्पकार को चित्रित किया गया है।
- इसे पटना कलम या कंपनी स्कूल (Company School) भी कहा जाता है।
ओडिशा का लिंगराज मंदिर किस शैली में बना है?
- नागर शैली की वास्तुकला
- द्रविड़ शैली की वास्तुकला
- इंडो-गॉथिक शैली की वास्तुकला
- राजपूत शैली की वास्तुकला
Explanation:
- लिंगराज मंदिर (Lingaraja Temple) नागर शैली (Nagara Style) की वास्तुकला में बना है।
- यह ओडिशा के भुवनेश्वर में स्थित है।
- इसका निर्माण 11वीं सदी में गंग वंश के राजा जजाति केशरी ने करवाया था।
- यह शिव (लिंगराज) को समर्पित है।
- यह कलिंग वास्तुकला (Kalinga Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह ओडिशा का सबसे बड़ा मंदिर है।
- वास्तुकला शैलियाँ:
- नागर (उत्तरी) – शिखर (शंकु के आकार का)
- द्रविड़ (दक्षिणी) – विमान (मंदिर टॉवर)
- वेसरा (मिश्रित) – दक्कन क्षेत्र
प्रख्यात नृत्यांगना प्रतिभा प्रह्लाद किस नृत्य शैली से संबंधित हैं?
- भरत नाट्यम
- कथकली
- कथक
- ओडिसी
Explanation:
- प्रतिभा प्रह्लाद (Protima Gauri) भरतनाट्यम (Bharatanatyam) की प्रख्यात नृत्यांगना थीं।
- उन्होंने ओडिसी और कथकली में भी प्रशिक्षण लिया था।
- उन्होंने नृत्यग्राम (Nrityagram) – नृत्य गांव (बंगलुरु) की स्थापना की।
- उनकी आत्मकथा “द मिरर ऑफ गेस्ट्योर” (The Mirror of Gesture) है।
भारतीय शास्त्रीय नृत्य कुचिपुड़ी ________ राज्य में विकसित हुआ।
- कर्नाटक
- केरल
- आंध्र प्रदेश
- उड़ीसा
Explanation:
- कुचिपुड़ी (Kuchipudi) आंध्र प्रदेश राज्य में विकसित हुआ।
- इसकी उत्पत्ति कुचिपुड़ी गाँव (कृष्णा जिला) में हुई।
- इसका विकास सिद्धेंद्र योगी ने 17वीं सदी में किया।
- यह नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) है।
- इसमें ताराम (तांबे की थाली) पर नृत्य करने की परंपरा है।
निम्नलिखित में से कौन भारत में यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थलों में सूचीबद्ध नहीं है?
- फतेहपुर सीकरी
- सूर्य मंदिर, कोणार्क
- मांडू, मध्य प्रदेश में स्मारकों का समूह
- आगरा का किला
Explanation:
- मांडू के स्मारकों का समूह (Monuments of Mandu) UNESCO विश्व धरोहर सूची में शामिल नहीं है (यह अस्थायी सूची में है)।
- मांडू मध्य प्रदेश में स्थित है।
- यह परमार वंश और बाद में मालवा सल्तनत की राजधानी थी।
- UNESCO विश्व धरोहर स्थल (भारत):
- फतेहपुर सीकरी (1986) – उत्तर प्रदेश
- सूर्य मंदिर, कोणार्क (1984) – ओडिशा
- आगरा का किला (1983) – उत्तर प्रदेश
पोटलोई किस राज्य की दुल्हनों द्वारा पहनी जाने वाली दुल्हन की पोशाक है?
- मणिपुर
- केरल
- राजस्थान
- ओडिशा
Explanation:
- पोटलोई (Potloi) मणिपुर राज्य की दुल्हनों द्वारा पहनी जाने वाली पारंपरिक दुल्हन की पोशाक है।
- यह बांस के फ्रेम पर रेशम की बनी होती है।
- यह घंटी (बेल) के आकार की होती है।
- यह लाई-हराओबा (Lai Haraoba) त्योहार पर भी पहनी जाती है।
- अन्य पारंपरिक पोशाक:
- मेखला चादर – असम
- कास्टा – महाराष्ट्र
- कांचीपुरम – तमिलनाडु
विश्व प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ी लोक गायिका तीजन बाई किस प्रकार के लोक संगीत की प्रतिपादक हैं?
- गोंधल
- लावणी
- भरुड़
- पंडवानी
Explanation:
- तीजन बाई (Tejan Bai) पंडवानी (Pandavani) लोक संगीत की प्रतिपादक हैं।
- पंडवानी छत्तीसगढ़ का एक लोक संगीत रूप है।
- यह महाभारत की कथाओं (पांडवों) पर आधारित है।
- तीजन बाई भारतीय लोक संगीत की एक प्रसिद्ध गायिका हैं।
- उन्हें पद्म श्री (1988) और पद्म भूषण (2018) से सम्मानित किया गया है।
निम्नलिखित में से किस मंदिर का निर्माण राजा राज चोल ने करवाया था?
- लिंगराज मंदिर
- बृहदीश्वर मंदिर
- मीनाक्षी मंदिर
- जगन्नाथ मंदिर
Explanation:
- बृहदीश्वर मंदिर (Brihadeeswarar Temple) का निर्माण राजा राज चोल प्रथम (Raja Raja Chola I) ने 1010 में करवाया था।
- यह तंजावुर (तमिलनाडु) में स्थित है।
- यह शिव को समर्पित है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1987) है।
- इसका विमान (शिखर) 66 मीटर ऊँचा है।
- अन्य चोल मंदिर:
- गंगईकोंडा चोलापुरम – राजेंद्र चोल प्रथम
- ऐरावतेश्वर मंदिर (दारासुरम) – राजराज चोल द्वितीय
निम्नलिखित में से कौन-से केंद्र शासित प्रदेश में तारपा उत्सव मनाया जाता है?
- लद्दाख
- दादरा और नगर हवेली
- अंडमान और निकोबार द्वीप समूह
- लक्षद्वीप
Explanation:
- तारपा उत्सव (Tarpa Festival) दादरा और नगर हवेली केंद्र शासित प्रदेश में मनाया जाता है।
- यह वारली और कोकना जनजातियों का प्रमुख त्योहार है।
- यह फसल कटाई का उत्सव है।
- यह तारपा (पारंपरिक वाद्य यंत्र) के साथ किया जाता है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में गंभीरा एक लोकप्रिय नृत्य है, जो विभिन्न लकड़ी के मुखौटों का उपयोग करके किया जाता है?
- गुजरात
- पश्चिम बंगाल
- तेलंगाना
- राजस्थान
Explanation:
- गंभीरा (Gambhira) पश्चिम बंगाल (विशेष रूप से मालदा और मुर्शिदाबाद जिलों) का एक लोकप्रिय नृत्य है।
- इसमें लकड़ी के मुखौटे (Gambhira masks) का उपयोग किया जाता है।
- यह शैव (भगवान शिव) धर्म से संबंधित है।
- यह नृत्य, संगीत और हास्य का मिश्रण है।
- यह गंभीरा त्योहार (अप्रैल) के दौरान किया जाता है।
निम्नलिखित में से कौन सा महाराष्ट्र का लोक नृत्य है?
- लावणी
- बाउल
- बिहु
- मंडो
Explanation:
- लावणी (Lavani) महाराष्ट्र का एक लोकप्रिय लोक नृत्य है।
- यह स्त्रियों द्वारा किया जाता है।
- यह तेज लय में किया जाता है।
- यह ढोलक और ताल पर आधारित है।
- अन्य विकल्प:
- बाउल – पश्चिम बंगाल
- बिहु – असम
- मंडो – गोवा
निम्नलिखित में से किस शहर ने 2019 में 4 दिवसीय भारत अंतर्राष्ट्रीय चेरी ब्लॉसम उत्सव की मेजबानी की?
- अगरतला
- शिलांग
- गुवाहाटी
- इंफाल
Explanation:
- शिलांग (मेघालय) ने 2019 में 4 दिवसीय भारत अंतर्राष्ट्रीय चेरी ब्लॉसम उत्सव की मेजबानी की।
- यह उत्सव चेरी ब्लॉसम (Cherry Blossom) फूलों के खिलने पर आयोजित किया जाता है।
- यह नवंबर माह में होता है।
- यह मेघालय के पर्यटन को बढ़ावा देने का एक प्रयास है।
दिलवाड़ा मंदिर ________ पर स्थित है।
- भुवनेश्वर
- माउंट आबू
- औरंगाबाद
- खजुराहो
Explanation:
- दिलवाड़ा मंदिर (Dilwara Temples) माउंट आबू (राजस्थान) पर स्थित हैं।
- ये जैन मंदिर हैं (5 मंदिरों का समूह)।
- इनका निर्माण 11वीं-13वीं सदी में चालुक्य वंश ने करवाया था।
- ये अपनी उत्कृष्ट संगमरमर की नक्काशी के लिए प्रसिद्ध हैं।
- विमल वासाही (पहला) और लून वासाही (सबसे बड़ा) सबसे प्रसिद्ध हैं।
घर के सामने फर्श को सजाने के लिए किस कला का उपयोग किया जाता है?
- वर्ली
- मेहंदी
- मधुबनी
- कोलम
Explanation:
- कोलम (Kolam) दक्षिण भारत में घरों के सामने फर्श को सजाने के लिए उपयोग की जाने वाली पारंपरिक कला है।
- इसे चावल के आटे (Rice Flour) या चूर्ण (Rangoli) से बनाया जाता है।
- यह ज्यामितीय आकृतियों में बनाया जाता है।
- यह तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश में प्रचलित है।
- इसे “मुग्गु” (तेलंगाना) और “रंगोली” (उत्तर भारत) भी कहा जाता है।
हॉर्नबिल महोत्सव एक प्रसिद्ध आदिवासी महोत्सव है। यह भारत के निम्नलिखित में से किस उत्तर-पूर्वी राज्य में मनाया जाता है?
- असम
- नागालैंड
- अरुणाचल प्रदेश
- मिजोरम
Explanation:
- हॉर्नबिल महोत्सव नागालैंड में मनाया जाता है।
- यह नागालैंड का सबसे बड़ा त्योहार है।
- यह हॉर्नबिल (धनेश) पक्षी के नाम पर है।
- यह 1-10 दिसंबर को मनाया जाता है।
विरासत शहर ओरछा को यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थलों की अस्थायी सूची में शामिल किया गया है। यह शहर किस राज्य में स्थित है?
- तमिलनाडु
- राजस्थान
- उत्तर प्रदेश
- मध्य प्रदेश
Explanation:
- ओरछा (Orchha) मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में स्थित है।
- यह बेतवा नदी के तट पर स्थित है।
- इसकी स्थापना 16वीं सदी में बुंदेलखंड (Bundelkhand) राजाओं ने की थी।
- यहाँ राजमहल, जहाँगीर महल और चतुर्भुज मंदिर स्थित हैं।
- इसे 2019 में UNESCO की अस्थायी सूची में शामिल किया गया था।
निम्नलिखित में से कौन सा केरल का पारंपरिक रंगमंच है जहाँ आठ दिनों में आठ नाटक खेले जाते हैं?
- यक्षगान
- कृष्णनट्टम
- थेरुकूथु
- माच
Explanation:
- कृष्णनट्टम (Krishnattam) केरल का पारंपरिक रंगमंच है, जहाँ 8 दिनों में 8 नाटक खेले जाते हैं।
- यह कृष्ण की कथाओं (अवतार) पर आधारित है।
- इसकी उत्पत्ति गुरुवायूर मंदिर में हुई।
- यह कथकली (Kathakali) का पूर्ववर्ती माना जाता है।
- अन्य केरल रंगमंच:
- कथकली – नृत्य-नाटिका
- यक्षगान – कर्नाटक/केरल
- थेरुकूथु – तमिलनाडु
विश्व धरोहर स्थल, प्रसिद्ध अजंता गुफाएं निम्नलिखित में से किस स्थान पर स्थित हैं?
- नासिक
- पुणे
- औरंगाबाद
- मुंबई
Explanation:
- अजंता गुफाएँ (Ajanta Caves) औरंगाबाद (महाराष्ट्र) में स्थित हैं।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1983) है।
- यह गुफाएँ 2nd Century BCE – 5th Century CE की हैं।
- यह बौद्ध धर्म से संबंधित हैं।
- यहाँ जातक कथाएँ (बुद्ध के पिछले जन्म) चित्रित हैं।
- यहाँ 29 गुफाएँ हैं।
सोनल मानसिंह किसके लिए प्रसिद्ध हैं:
- खेलना
- गायन
- अभिनय
- नृत्य
Explanation:
- सोनल मानसिंह (Sonal Mansingh) ओडिसी (Odissi) और भरतनाट्यम (Bharatanatyam) की प्रसिद्ध नृत्यांगना हैं।
- वे पद्म विभूषण (2003) से सम्मानित हैं।
- उन्होंने नृत्य को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई।
- वे राज्यसभा सदस्य भी रही हैं।
अजंता की गुफाओं की पेंटिंग क्या दर्शाती हैं?
- जातक कथाएँ
- वेदों से कहानियाँ
- महाभारत की कहानियाँ
- रामायण कथाएँ
Explanation:
- अजंता की गुफाओं की पेंटिंग्स जातक कथाएँ (Jataka Tales) दर्शाती हैं।
- जातक कथाएँ बुद्ध के पिछले जन्मों की कहानियाँ हैं।
- यह बौद्ध धर्म के प्रचार का एक माध्यम था।
- यहाँ सिगिरिया (श्रीलंका) के समान भित्ति चित्र हैं।
नागार्जुनी गुफाएं कहां स्थित हैं?
- आंध्र प्रदेश
- असम
- ओडिशा
- बिहार
Explanation:
- नागार्जुनी गुफाएँ (Nagarjuni Caves) बिहार के गया जिले में स्थित हैं।
- यह बराबर गुफाएँ (Barabar Caves) के पास स्थित हैं।
- यह मौर्य काल (तीसरी सदी ईसा पूर्व) की हैं।
- यह अशोक (Ashoka) और उनके पौत्र दशरथ द्वारा बनवाई गई थीं।
- यह आजीविक (Ajivika) धर्म से संबंधित हैं।
- बराबर गुफाएँ – बिहार (पुरानी शैल-कृत गुफाएँ)
‘कलमकारी चित्रकला’ किस राज्य में प्रारंभ हुई?
- हिमाचल प्रदेश
- मध्य प्रदेश
- उत्तर प्रदेश
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- कलमकारी चित्रकला (Kalamkari) आंध्र प्रदेश राज्य में प्रारंभ हुई।
- यह हाथ से चित्रित (Hand-painted) या ब्लॉक प्रिंट (Block-printed) कला है।
- इसका नाम “कलम” (pen) और “कारी” (work) से लिया गया है।
- यह स्वदेशी रंगों (प्राकृतिक) का उपयोग करती है।
- यह मसुलिपट्टनम (Masulipatnam) और श्रीकालहस्ती (Srikalahasti) शैलियों में विकसित हुई।
- श्रीकालहस्ती – पौराणिक कथाओं पर आधारित
- मसुलिपट्टनम – मुगल/फारसी प्रभाव
निम्नलिखित में से कौन सा गुजरात का लोकप्रिय लोक नृत्य है?
- छऊ
- कालबेलिया
- मफलर
- गरबा
Explanation:
- गरबा (Garba) गुजरात का सबसे लोकप्रिय लोक नृत्य है।
- यह नवरात्रि (Navratri) के दौरान किया जाता है।
- यह महिलाओं द्वारा वृत्ताकार गति में किया जाता है।
- यह देवी माँ (अंबा) को समर्पित है।
- डांडिया (Dandiya) भी गुजरात का एक लोक नृत्य है (डंडों के साथ)।
- अन्य विकल्प:
- छऊ – झारखंड (मुखौटा नृत्य)
- कालबेलिया – राजस्थान
निम्नलिखित में से किस गुफा में प्रसिद्ध चित्रकला “मरणासन्न राजकुमारी” है?
- बाग की गुफाएँ
- सीट रहित गुफाएँ
- अजंता की गुफाएँ
- एलोरा की गुफाएँ
Explanation:
- प्रसिद्ध चित्रकला “मरणासन्न राजकुमारी” (Dying Princess) अजंता गुफाओं (गुफा नंबर 16) में स्थित है।
- यह जातक कथा का एक हिस्सा है।
- यह चित्र अपनी भावनात्मक अभिव्यक्ति के लिए प्रसिद्ध है।
- यह 5वीं सदी (गुप्त काल) की है।
तांडव नृत्य मुद्रा में प्रसिद्ध नटराज की मूर्ति निम्नलिखित में से किस काल की है?
- चोल
- चेर
- विजयनगर
- पांड्य
Explanation:
- नटराज (Nataraja) की प्रसिद्ध मूर्ति चोल काल (Chola Period) की है।
- यह तांबे (Bronze) की मूर्ति है।
- यह भगवान शिव को तांडव (Tandava) नृत्य मुद्रा में दर्शाती है।
- यह 10वीं-12वीं सदी की है।
- यह “आनंद तांडव” (Blissful Dance) कहलाता है।
- यह शिव के पाँच कार्यों (सृष्टि, संरक्षण, संहार, आवरण, अनुग्रह) को दर्शाता है।
पुष्कर मेला भारत के किस राज्य में आयोजित होने वाला वार्षिक पशु मेला है?
- गुजरात
- महाराष्ट्र
- मध्य प्रदेश
- राजस्थान
Explanation:
- पुष्कर मेला (Pushkar Fair) राजस्थान के पुष्कर में आयोजित होने वाला एक वार्षिक पशु मेला है।
- यह नवंबर माह में आयोजित होता है (कार्तिक पूर्णिमा पर)।
- यह एशिया का सबसे बड़ा पशु मेला है।
- यहाँ ऊँट, घोड़े, गाय आदि का व्यापार होता है।
- इसमें संगीत, नृत्य और प्रतियोगिताएँ भी होती हैं।
निम्नलिखित में से किस राज्य में पाईका अखाड़ा नामक मार्शल आर्ट का प्रदर्शन किया जाता है?
- ओडिशा
- आंध्र प्रदेश
- केरल
- उत्तर प्रदेश
Explanation:
- पाईका अखाड़ा (Paika Akhada) ओडिशा (Odisha) की एक पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- यह युद्ध कला (Martial Art) है।
- इसमें तलवार, ढाल, बरछा का उपयोग किया जाता है।
- यह पाइका विद्रोह (1817) से जुड़ा है।
- यह भारत का सबसे पुराना मार्शल आर्ट माना जाता है।
- अन्य भारतीय मार्शल आर्ट:
- कलारीपायट्टू – केरल (सबसे पुराना)
- सिलंबम – तमिलनाडु
- थंग-ता – मणिपुर
निम्नलिखित में से कौन सा राज्य बांस के साथ ‘चेरावण’ नृत्य के लिए जाना जाता है?
- मिजोरम
- मणिपुर
- असम
- नागालैंड
Explanation:
- चेरावण (Cheraw) नृत्य मिजोरम राज्य के लिए जाना जाता है।
- यह बांस नृत्य (Bamboo Dance) है।
- इसमें बांस की डंडियों को ताल पर बजाया जाता है।
- यह स्त्रियों द्वारा किया जाता है।
- यह चेराव (पारंपरिक) त्योहार पर किया जाता है।
- अन्य बांस नृत्य:
- खुंडी नृत्य – मेघालय
- चोलम – नागालैंड
निम्नलिखित में से कौन सा मंदिर “ब्लैक पैगोडा” के नाम से भी जाना जाता है?
- खजुराहो में विश्वनाथ मंदिर
- शोर मंदिर (महाबलीपुरम)
- सूर्य मंदिर
- जगन्नाथ मंदिर
Explanation:
- सूर्य मंदिर (कोणार्क, ओडिशा) को “ब्लैक पैगोडा” (Black Pagoda) भी कहा जाता है।
- यह गहरे ग्रेनाइट पत्थरों से बना है, जो इसे काला दिखाता है।
- यह 13वीं सदी में नरसिंहदेव प्रथम ने बनवाया था।
- इसे पूर्वी भारत की वास्तुकला का एक उत्कृष्ट उदाहरण माना जाता है।
विट्ठलस्वामी मंदिर कहाँ स्थित है?
- हम्पी
- पेडल
- जयबिदु
- ऐहोल
Explanation:
- विट्ठलस्वामी मंदिर (Vittala Swami Temple) हम्पी (कर्नाटक) में स्थित है।
- यह विजयनगर वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह अपने संगीतमय स्तंभों (Musical Pillars) के लिए प्रसिद्ध है।
- इसमें पत्थर का रथ (Stone Chariot) भी है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (हम्पी) का हिस्सा है।
निम्नलिखित में से कौन-सी शैली कलकत्ता स्थित विक्टोरिया मेमोरियल की स्थापत्य कला से संबंधित है?
- नव-रोमन
- फ्रेंच
- पुर्तगाली
- इंडो-सरसेनिक
Explanation:
- विक्टोरिया मेमोरियल (कोलकाता) इंडो-सरसेनिक (Indo-Saracenic) शैली में बना है।
- इसका निर्माण 1906-1921 के बीच हुआ।
- इसका डिज़ाइन विलियम एमर्सन (William Emerson) ने बनाया।
- यह मुगल और ब्रिटिश वास्तुकला का मिश्रण है।
- इसका डिज़ाइन ताजमहल से प्रेरित है।
- इंडो-सरसेनिक शैली:
- मुगल और हिंदू तत्वों का मिश्रण
- गेटवे ऑफ इंडिया (मुंबई)
- इंडिया गेट (दिल्ली)
सुजानी कढ़ाई किस राज्य से प्राप्त हुई?
- राजस्थान
- बिहार
- हिमाचल प्रदेश
- मणिपुर
Explanation:
- सुजानी कढ़ाई (Sujani Embroidery) बिहार राज्य से प्राप्त हुई है।
- यह बिहार (विशेष रूप से भोजपुर क्षेत्र) की पारंपरिक कढ़ाई है।
- यह सूत (सिल्क) के धागों से बनाई जाती है।
- इसका उपयोग साड़ियों और दुपट्टों पर किया जाता है।
- यह ग्रामीण महिलाओं द्वारा की जाती है।
पाल और दास का ठिया लोक संगीत परंपरा के बीच संबंध कहाँ है?
- जम्मू और कश्मीर
- ओडिसा
- गोवा
- अंडमान
Explanation:
- पाल और दास का ठिया (Pala and Dasa) ओडिशा की लोक संगीत परंपरा है।
- पाल (Pala) – शैव (भगवान शिव) कथाओं का गायन
- दास (Dasa) – वैष्णव (भगवान विष्णु) कथाओं का गायन
- यह ओडिशा की समृद्ध संगीत परंपरा का हिस्सा है।
‘मुकेश’ नाम से जानी जाने वाली कढ़ाई की कला मूल रूप से किस राज्य से संबंधित है?
- राजस्थान
- उत्तर प्रदेश
- नागालैंड
- मिजोरम
Explanation:
- ‘मुकेश’ (Mukesh) कढ़ाई उत्तर प्रदेश (विशेष रूप से लखनऊ) की पारंपरिक कढ़ाई है।
- यह सोने और चाँदी के धागों (सितारा) का उपयोग करती है।
- यह शाही और शादियों की पोशाकों में प्रयोग होती है।
- यह चिकनकारी (Chikankari) के समान है, लेकिन अधिक भव्य है।
प्रसिद्ध वीरभद्र मंदिर ________ के लेपाक्षी में स्थित है।
- आंध्र प्रदेश
- कर्नाटक
- केरल
- तमिलनाडु
Explanation:
- वीरभद्र मंदिर (Veerabhadra Temple) लेपाक्षी (Lepakshi) में स्थित है, जो आंध्र प्रदेश (अनंतपुर जिला) में है।
- यह शिव के रूप वीरभद्र को समर्पित है।
- यह विजयनगर वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह अपने हवा में लटकते स्तंभ (हवा में लटकता हुआ) के लिए प्रसिद्ध है।
- यहाँ नागलिंग (सात सिर वाला नाग) भी है।
हिंदू मंदिरों में एक छोटा कमरा होता है जिसमें उनके मुख्य देवताओं को स्थापित किया जाता है जिसे ‘देवी’ कहा जाता है।
- चोटी
- गर्भगृह
- मंडप
- वाहनों
Explanation:
- हिंदू मंदिरों में मुख्य देवताओं को स्थापित करने वाले छोटे कमरे को गर्भगृह (Garbhagriha) कहा जाता है।
- यह मंदिर का सबसे पवित्र स्थान है।
- यहाँ मूल मूर्ति (Moola Murthi) स्थापित होती है।
- इसे “विमान” (Vimana) – दक्षिण भारत, या “शिखर” (Shikhara) – उत्तर भारत के नीचे स्थित है।
- मंदिर के अन्य भाग:
- मंडप (भक्तों के लिए हॉल)
- शिखर/विमान (मंदिर टॉवर)
- गोपुरम (प्रवेश द्वार)
- अंबालम (हॉल) – केरल शैली
प्रसिद्ध चिकनकारी कढ़ाई मूलतः किस राज्य से संबंधित है?
- कर्नाटक
- केरल
- उत्तर प्रदेश
- तमिलनाडु
Explanation:
- चिकनकारी (Chikankari) कढ़ाई उत्तर प्रदेश (विशेष रूप से लखनऊ) से संबंधित है।
- यह सफेद सूती कपड़े पर सफेद धागों से की जाती है।
- यह मुगल काल (17वीं सदी) में शुरू हुई।
- यह अपनी नाजुकता और सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है।
- इसमें फूल, पत्तियाँ और ज्यामितीय आकृतियाँ बनाई जाती हैं।
- अन्य कढ़ाई शैलियाँ:
- फूल पत्ती – उत्तर प्रदेश
- कश्मीरी कढ़ाई – जम्मू और कश्मीर
- गुजराती कढ़ाई (बन्नी) – गुजरात
कंडरिया महादेव मंदिर निम्नलिखित में से किस स्थापत्य शैली का उदाहरण है?
- द्रविड़
- होयसला
- वेसरा
- नागर
Explanation:
- कंडरिया महादेव मंदिर (Kandariya Mahadev Temple) खजुराहो (मध्य प्रदेश) में है और नागर (Nagara) शैली का उदाहरण है।
- यह चंदेल वंश (11वीं सदी) का है।
- यह शिव को समर्पित है।
- यह अपनी उत्कृष्ट मूर्तिकला और क्षेपक (Shikhar) के लिए प्रसिद्ध है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1986) का हिस्सा है।
- वास्तुकला शैलियाँ:
- नागर (उत्तरी) – शिखर (शंकु)
- द्रविड़ (दक्षिणी) – विमान (सीढ़ीदार)
- वेसरा (मिश्रित) – दक्कन
- होयसला – कर्नाटक (तारा के आकार का)
निम्नलिखित में से कौन कोरिया की पारंपरिक मार्शल आर्ट है?
- तायक्वांडो
- कराटे
- क्राव मगा
- कबड्डी
Explanation:
- तायक्वांडो (Taekwondo) दक्षिण कोरिया की पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- यह अपनी तेज़ किक (किक) और हाथ की तकनीकों के लिए जाना जाता है।
- यह 1988 (सियोल) में ओलंपिक खेल बन गया।
- यह किकबॉक्सिंग और कराटे से अलग है।
- अन्य मार्शल आर्ट:
- कराटे – जापान (ओकिनावा)
- क्राव मगा – इज़राइल
- कबड्डी – भारत (खेल, मार्शल आर्ट नहीं)
प्रसिद्ध चंदेरी साड़ी मूलतः किस राज्य में बनाई जाती है?
- जम्मू और कश्मीर
- मिजोरम
- केरल
- मध्य प्रदेश
Explanation:
- चंदेरी साड़ी (Chanderi Saree) मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में बनाई जाती है।
- इसकी उत्पत्ति चंदेरी (Chanderi) शहर में हुई।
- यह रेशम और सूती से बनी होती है।
- यह अपनी पारदर्शिता और हल्के वजन के लिए प्रसिद्ध है।
- इसमें ज़री (सोने/चाँदी का काम) होता है।
- अन्य प्रसिद्ध साड़ियाँ:
- बनारसी साड़ी – उत्तर प्रदेश
- कांचीपुरम – तमिलनाडु
- पैठणी – महाराष्ट्र
निम्नलिखित में प्रसिद्ध कंदारिया महादेव मंदिर कहां स्थित है?
- मध्य प्रदेश
- महाराष्ट्र
- गुजरात
- गोवा
Explanation:
- कंडरिया महादेव मंदिर खजुराहो, मध्य प्रदेश में स्थित है।
- यह चंदेल वंश (11वीं सदी) का है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1986) का हिस्सा है।
‘पैठणी सिल्क साड़ी’ की उत्पत्ति किस राज्य में हुई?
- त्रिपुरा
- तमिलनाडु
- मणिपुर
- महाराष्ट्र
Explanation:
- पैठणी सिल्क साड़ी (Paithani Silk Saree) महाराष्ट्र राज्य में उत्पन्न हुई।
- इसकी उत्पत्ति पैठण (Paithan) – औरंगाबाद, महाराष्ट्र में हुई।
- यह शुद्ध रेशम से बनी होती है।
- यह अपनी चमक और ज़री (सोने/चाँदी) के काम के लिए प्रसिद्ध है।
- इसमें मोर, हंस और फूल के डिज़ाइन बनाए जाते हैं।
कढ़ाई की कला ‘बन्नी’ की उत्पत्ति किस राज्य में हुई?
- तमिलनाडु
- गुजरात
- नागालैंड
- तेलंगाना
Explanation:
- बन्नी (Banni) कढ़ाई गुजरात (विशेष रूप से कच्छ क्षेत्र) से संबंधित है।
- यह कच्छ की रबारी (Rabari) और मुस्लिम (मेमन) जनजातियों द्वारा की जाती है।
- यह चमकीले रंगों और जटिल डिज़ाइनों के लिए जानी जाती है।
- इसमें दर्पण (Mirror Work) (आभा) का काम भी होता है।
प्रसिद्ध श्री भ्रामराम्बा मल्लिकार्जुन मंदिर ______ में स्थित है।
- तमिलनाडु
- कर्नाटक
- मध्य प्रदेश
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- श्री भ्रामराम्बा मल्लिकार्जुन मंदिर (Sri Bhramaramba Mallikarjuna Temple) श्रीशैलम में है, जो आंध्र प्रदेश (कर्नूल जिला) में स्थित है।
- यह 12 ज्योतिर्लिंगों (Mallikarjuna) और शक्तिपीठों (Bhramaramba) में से एक है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला का उदाहरण है।
- यह कृष्णा नदी के तट पर स्थित है।
टोडा कढ़ाई कला की शुरुआत किस राज्य से हुई थी?
- जम्मू और कश्मीर
- राजस्थान
- नागालैंड
- तमिलनाडु
Explanation:
- टोडा कढ़ाई (Toda Embroidery) तमिलनाडु (नीलगिरी) से शुरू हुई।
- यह टोडा (Toda) जनजाति की पारंपरिक कढ़ाई है।
- यह लाल और नीले धागों से बनाई जाती है।
- इसका उपयोग पोशाक (पुदकुली) और शॉल बनाने में किया जाता है।
- यह ज्यामितीय (ज्यामितीय) पैटर्न के लिए जानी जाती है।
काली घाट कला की उत्पत्ति किस क्षेत्र में हुई थी?
- जम्मू और कश्मीर
- पंजाब
- बंगाल
- केरल
Explanation:
- काली घाट कला (Kalighat Art) की उत्पत्ति बंगाल (पश्चिम बंगाल) के कोलकाता क्षेत्र में हुई थी।
- यह 19वीं सदी के अंत में काली घाट मंदिर के पास विकसित हुई।
- यह पेपर (कागज़) पर जल रंग (वॉटर कलर) चित्रकला है।
- इसमें भारतीय पौराणिक और सामाजिक विषयों को चित्रित किया गया है।
- यह बंगाली लोक चित्रकला का एक महत्वपूर्ण रूप है।
चिकनकारी, कढ़ाई का प्रसिद्ध कार्य किस राज्य से संबंधित है?
- आंध्र प्रदेश
- कर्नाटक
- असम
- उत्तर प्रदेश
Explanation:
- चिकनकारी (Chikankari) उत्तर प्रदेश (लखनऊ) से संबंधित है।
- यह सफेद सूती (Cotton) या रेशम (Silk) पर की जाती है।
- यह हाथ से (हाथ) की जाती है।
- यह मुगल और अवध (Awadh) काल में विकसित हुई।
हिंदू मंदिरों में बड़ी संख्या में भक्तों द्वारा पूजा के लिए बनाए गए बारामदेय या हॉल का क्या नाम है?
- अमूल
- पीक
- मंडप
- वाहनों
Explanation:
- हिंदू मंदिरों में बड़ी संख्या में भक्तों द्वारा पूजा के लिए बनाए गए हॉल को मंडप (Mandapa) कहा जाता है।
- यह गर्भगृह (Garbhagriha) के सामने स्थित होता है।
- यह नृत्य मंडप (नृत्य मंडप) या सभा मंडप (Assembly Hall) हो सकता है।
- यह स्तंभों (सहारों) पर बना होता है।
लोक संगीतकार ‘मंगणियार’ किससे संबंधित हैं?
- पश्चिम बंगाल
- जम्मू और कश्मीर
- राजस्थान
- केरल
Explanation:
- मंगणियार (Manganiyar) राजस्थान (विशेष रूप से बाड़मेर और जैसलमेर) के लोक संगीतकार हैं।
- ये मुस्लिम (मुस्लिम) समुदाय के हैं।
- ये सूफी (सूफी) और राजस्थानी लोक गीतों के लिए प्रसिद्ध हैं।
- उनके वाद्य यंत्रों में खमायचा, सारंगी, ढोलक शामिल हैं।
- अन्य लोक संगीतकार समूह:
- भोपा – राजस्थान (फड़ चित्रकला)
- बाउल – पश्चिम बंगाल
- सूफी कव्वाल – उत्तर प्रदेश/पाकिस्तान
मधुबनी कला को ________ नाम से भी जाना जाता है।
- मिथिला चित्रकला
- कृत्रिम पेंटिंग
- काली घाट चित्रकला
- गांधार चित्रकला
Explanation:
- मधुबनी कला (Madhubani Art) को “मिथिला चित्रकला” (Mithila Painting) भी कहा जाता है।
- यह बिहार के मिथिला क्षेत्र की पारंपरिक कला है।
- यह महिलाओं द्वारा दीवारों और कागज़ पर बनाई जाती है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों (चावल का पेस्ट, गेरू, काजल) का उपयोग किया जाता है।
- अन्य चित्रकला शैलियाँ:
- काली घाट – पश्चिम बंगाल
- गांधार – पाकिस्तान/अफगानिस्तान (बौद्ध कला)
- कृत्रिम पेंटिंग – कृत्रिम
आंध्र शैली की भित्ति चित्रकला के लिए प्रसिद्ध वीरभद्र मंदिर, _____________ में स्थित है।
- हम्पी
- खजुराहो
- लेपाक्षी
- स्पीति घाटी
Explanation:
- वीरभद्र मंदिर (लेपाक्षी, आंध्र प्रदेश) आंध्र शैली की भित्ति चित्रकला (मुरल पेंटिंग) के लिए प्रसिद्ध है।
- यह 16वीं सदी (विजयनगर काल) का है।
- यहाँ रामायण, महाभारत और शिव की कथाओं के भित्ति चित्र हैं।
- यह हवा में लटकता स्तंभ (हवा में लटका हुआ) के लिए भी प्रसिद्ध है।
प्रसिद्ध दंतेश्वरी मंदिर ______ के बस्तर जिले में स्थित है।
- मध्य प्रदेश
- केरल
- छत्तीसगढ
- गुजरात
Explanation:
- दंतेश्वरी मंदिर (Danteshwari Temple) छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में स्थित है।
- यह दंतेश्वरी देवी को समर्पित है, जो बस्तर की कुल देवी हैं।
- यह शक्तिपीठों (शक्तिपीठ) में से एक है।
- यहाँ दंतेश्वरी देवी का बस्तर दशहरा (Dusshera) प्रसिद्ध है।
फूल पत्ती की कढ़ाई का काम मूलतः किस राज्य में किया जाता है?
- केरल
- नागालैंड
- उत्तर प्रदेश
- मणिपुर
Explanation:
- फूल पत्ती (Phool Patti) कढ़ाई उत्तर प्रदेश (लखनऊ) की पारंपरिक कढ़ाई है।
- यह चिकनकारी (Chikankari) का एक रूप है।
- इसमें फूल (फूल) और पत्तियाँ (पत्ती) बनाई जाती हैं।
- यह हाथ से (हाथ) की जाती है।
प्रसिद्ध वराह लक्ष्मी नरसिम्हा मंदिर ________ में सिंहचलम पहाड़ी पर स्थित है।
- तमिलनाडु
- राजस्थान
- झारखंड
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- वराह लक्ष्मी नरसिम्हा मंदिर (Varaha Lakshmi Narasimha Temple) सिंहचलम (Simhachalam) पहाड़ी पर स्थित है, जो आंध्र प्रदेश (विशाखापट्टनम) में है।
- यह भगवान नरसिम्हा (विष्णु) को समर्पित है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला का उदाहरण है।
निम्नलिखित में से कौन सा मंदिर का मुक रचना के लिए प्रसिद्ध है?
- खजुराहो मंदिर
- मार्तण्ड सूर्य मंदिर
- कामाख्या मंदिर
- दिलवाड़ा मंदिर
Explanation:
- खजुराहो मंदिर (खजुराहो) अपनी मुख रचना (Erotic Sculptures) के लिए प्रसिद्ध है।
- यहाँ नागर शैली (नागर) की मूर्तियाँ हैं।
- ये मूर्तियाँ 10वीं-12वीं सदी (चंदेल काल) की हैं।
- यह हिंदू और जैन धर्म दोनों से संबंधित है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1986) है।
दक्षिण भारतीय मंदिरों के प्रवेश द्वारों को ________ कहा जाता है।
- गोपुरम
- घर
- हवाई जहाज
- अंतरिक्ष
Explanation:
- दक्षिण भारतीय मंदिरों के प्रवेश द्वारों को गोपुरम (Gopuram) कहा जाता है।
- यह मंदिर टॉवर (मंदिर टॉवर) है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला (द्रविड़) का एक विशेष तत्व है।
- यह सीढ़ीदार (सीढ़ीदार) होता है और मूर्तियों (मूर्तियों) से सजा होता है।
- उत्तरी भारतीय मंदिरों में:
- शिखर (Shikhara) – मंदिर का शिखर
- मंडप (हॉल)
वास्तुकला में, पंचायत शैली ________ शब्द से संबंधित है।
- शहर
- बाँध
- किला
- मंदिर
Explanation:
- पंचायत शैली (Panchayat Style) मंदिर वास्तुकला से संबंधित है।
- यह 5 मंदिरों (पाँच) का एक समूह है, जो एक मंच (मंच) पर बने होते हैं।
- यह महाराष्ट्र और कर्नाटक में पाया जाता है।
- यह हेमाडपंथी (Hemadpanthi) शैली का हिस्सा है।
खजुराहो में स्थित केन्द्रिया महादेव मंदिर भगवान ________ को समर्पित है।
- ब्रह्मा
- विष्णु
- शंकर
- कृष्णा
Explanation:
- कंडरिया महादेव मंदिर (Kandariya Mahadev) शंकर (भगवान शिव) को समर्पित है।
- “महादेव” (महादेव) – शिव का एक नाम है।
- यह खजुराहो (मध्य प्रदेश) का सबसे बड़ा मंदिर है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल का हिस्सा है।
इनमें से किस राज्य में खनन चित्रकला प्रचलित है?
- हिमाचल प्रदेश
- तमिलनाडु
- राजस्थान
- बिहार
Explanation:
- खनन चित्रकला (Khanan Painting) बिहार (विशेष रूप से मिथिला क्षेत्र) में प्रचलित है।
- यह खनन (खान) या गड्ढों में बनाई जाती है।
- यह मिथिला चित्रकला (मधुबनी) का एक रूप है।
- यह ज्यामितीय और प्रतीकात्मक (प्रतीकात्मक) है।
दुल्लू कुनिथा _______________ की एक प्रसिद्ध लोक संगीत परंपरा है।
- महाराष्ट्र
- कर्नाटक
- आंध्र प्रदेश
- पश्चिम बंगाल
Explanation:
- दुल्लू कुनिथा (Dollu Kunitha) कर्नाटक की एक प्रसिद्ध लोक संगीत/नृत्य परंपरा है।
- यह दुल्लू (Dollu) – एक पारंपरिक ड्रम (ड्रम) पर आधारित है।
- यह कुरुबा (Kuruba) जनजाति का प्रदर्शन है।
- यह तेज (तेज) और लयबद्ध (लयबद्ध) है।
कढ़ाई की कला मूलतः किस राज्य में है?
- तमिलनाडु
- तेलंगाना
- गुजरात
- मणिपुर
Explanation:
- कढ़ाई की कला (Embroidery Art) मणिपुर राज्य से संबंधित है।
- यह हाथ से (हाथ) और मशीन (मशीन) दोनों द्वारा की जाती है।
- यह मणिपुरी (मणिपुरी) वेशभूषा (पोटलोई, इनाफी) का हिस्सा है।
- यह चमकीले रंगों (चमकीले) का उपयोग करती है।
‘ब्लू पॉटरी’ के ‘हस्तशिल्प’ की उत्पत्ति कहां से हुई?
- मद्रास
- पोखरण
- पुणे
- जयपुर
Explanation:
- ब्लू पॉटरी (Blue Pottery) जयपुर (राजस्थान) से उत्पन्न हुई।
- यह नीले (नीले) और सफेद (सफेद) रंगों में बनाई जाती है।
- यह पारंपरिक मिट्टी (मिट्टी) के बरतनों से अलग है।
- यह फारसी (फारसी) और मुगल (मुगल) प्रभाव को दर्शाती है।
प्रसिद्ध ‘सात पहाड़ियों’ का मंदिर किस राज्य में स्थित है?
- ओडिसा
- तेलंगाना
- तमिलनाडु
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- ‘सात पहाड़ियों’ (Seven Hills) का मंदिर तिरुपति बालाजी मंदिर (Tirupati Balaji Temple) है, जो आंध्र प्रदेश (चित्तूर जिला) में स्थित है।
- यह भगवान वेंकटेश्वर (विष्णु) को समर्पित है।
- यह दुनिया का सबसे अमीर मंदिर है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थलों की अस्थायी सूची में है।
आंध्र प्रदेश का लोक नृत्य कौन सा है?
- पखुपिला
- खानतुम
- ओट्टम थेडल
- चेरोकन
Explanation:
- ओट्टम थेडल (Ottam Thedal) आंध्र प्रदेश का एक लोक नृत्य है।
- यह एकल (एकल) या युग्म (युग्म) में किया जाता है।
- यह रामायण की कथाओं पर आधारित है।
- यह त्योहारों (त्योहारों) के अवसर पर किया जाता है।
विरुपाक्ष मंदिर किस राज्य में स्थित है?
- झारखंड
- कर्नाटक
- केरल
- गुजरात
Explanation:
- विरुपाक्ष मंदिर (Virupaksha Temple) हम्पी, कर्नाटक में स्थित है।
- यह भगवान शिव (Virupaksha) को समर्पित है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (हम्पी) का हिस्सा है।
- यह तुंगभद्रा नदी के तट पर स्थित है।
विश्व धरोहर स्थल ‘एलोरा गुफाएँ’ किस राज्य में स्थित है?
- राजस्थान
- झारखंड
- महाराष्ट्र
- उत्तर प्रदेश
Explanation:
- एलोरा गुफाएँ (Ellora Caves) महाराष्ट्र (औरंगाबाद) में स्थित हैं।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1983) है।
- यह 6वीं-11वीं सदी की शैल-कृत (Rock-cut) गुफाएँ हैं।
- यहाँ हिंदू, बौद्ध और जैन तीनों धर्मों की गुफाएँ हैं।
- यहाँ कैलाश मंदिर (गुफा नंबर 16) – विश्व की सबसे बड़ी एकल चट्टान से बनी मूर्ति है।
अमरावती वास्तुकला शैली इनमें से किस राज्य से संबंधित है?
- गुजरात
- कर्नाटक
- महाराष्ट्र
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- अमरावती वास्तुकला शैली (Amaravati Style) आंध्र प्रदेश (विशेष रूप से अमरावती स्तूप) से संबंधित है।
- यह बौद्ध (बौद्ध) वास्तुकला है।
- यह सातवाहन (Satavahana) काल (दूसरी सदी BCE) की है।
- यह अपनी संगमरमर (मार्बल) की मूर्तियों के लिए प्रसिद्ध है।
- यह गांधार और मथुरा शैलियों से भिन्न है।
सजावटी हस्तलेख के निर्माण की संरचना को ________ कहा जाता है।
- चित्रकारी
- हस्तलिपि
- सुलेख
- डिजिटल कला
Explanation:
- सजावटी हस्तलेख (Decorative Handwriting) की संरचना को सुलेख (Calligraphy) कहा जाता है।
- यह हाथ से (हाथ) की जाने वाली कला (कला) है।
- यह इस्लामी (इस्लामी), चीनी (चीनी) और भारतीय (भारतीय) परंपराओं में पाई जाती है।
- इसमें लिपि (लिपि) और सजावट (सजावट) का मिश्रण है।
कोणार्क सूर्य मंदिर ______ में स्थित है।
- आंध्र प्रदेश
- छत्तीसगढ
- पश्चिम बंगाल
- ओडिशा
Explanation:
- कोणार्क सूर्य मंदिर (Konark Sun Temple) ओडिशा राज्य में स्थित है।
- यह 13वीं सदी (गंग वंश) का है।
- इसे “ब्लैक पैगोडा” भी कहा जाता है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1984) है।
कृत्रिम चित्रकला का मुख्य केंद्र ______ है।
- कर्नाटक
- महाराष्ट्र
- पश्चिम बंगाल
- आंध्र प्रदेश
Explanation:
- कृत्रिम चित्रकला (Kalamkari Painting) का मुख्य केंद्र आंध्र प्रदेश (मसुलिपट्टनम और श्रीकालहस्ती) है।
- यह हाथ से (हाथ) और ब्लॉक प्रिंट (ब्लॉक प्रिंट) दोनों में की जाती है।
- यह स्वदेशी रंगों (प्राकृतिक) का उपयोग करती है।
निम्नलिखित में से कौन सी सबसे पुरानी शास्त्रीय नृत्य शैली है?
- बारदो चुम
- भरतनाट्यम
- घुमुरा नृत्य
- बिहु
Explanation:
- भरतनाट्यम (Bharatanatyam) सबसे पुरानी शास्त्रीय नृत्य शैली है।
- इसका उल्लेख नाट्य शास्त्र (2nd Century BCE) में है।
- यह तमिलनाडु की पारंपरिक नृत्य शैली है।
- यह 2000 वर्षों (2000 वर्ष) से अधिक पुरानी है।
कालबेलिया, यूनेस्को की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत ______ राज्य से है।
- पंजाब
- उत्तराखंड
- गुजरात
- राजस्थान
Explanation:
- कालबेलिया (Kalbelia) UNESCO (2010) की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (Intangible Cultural Heritage) है, जो राजस्थान राज्य से है।
- यह कालबेलिया (Kalbelia) जनजाति का साँप (साँप) नृत्य है।
- यह तेज (तेज) और लचीले (लचीले) आंदोलनों के लिए जाना जाता है।
- यह पुंगी (Pungi) – एक पारंपरिक वाद्य यंत्र पर किया जाता है।
मिट्टी के बर्तनों पर चित्रित रंगीन चित्रकला ‘खुर्जा’ किस राज्य से संबंधित है?
- ओडिशा
- उत्तर प्रदेश
- गुजरात
- जम्मू और कश्मीर
Explanation:
- खुर्जा चित्रकला (Khurja Painting) उत्तर प्रदेश (खुर्जा, बुलंदशहर) से संबंधित है।
- यह मिट्टी के बर्तनों (मिट्टी के बर्तनों) पर रंगीन (रंगीन) चित्रकला है।
- खुर्जा अपने मिट्टी के बर्तनों (Ceramics) के लिए प्रसिद्ध है।
- यह चित्रकारी (पेंटिंग) और फूलों (फूलों) के डिजाइनों के लिए जाना जाता है।
निम्नलिखित में से कौन सी शैली राजस्थानी चित्रकला से संबंधित नहीं है?
- किशनगढ़
- बूंदी
- मेवाड़
- कांगडा
Explanation:
- कांगड़ा (Kangra) राजस्थानी चित्रकला (Rajput Painting) से संबंधित नहीं है, यह पहाड़ी चित्रकला (Pahari Painting) है।
- कांगड़ा शैली हिमाचल प्रदेश (कांगड़ा) से है।
- यह 18वीं-19वीं सदी (18वीं-19वीं) में विकसित हुई।
- यह कोमल (कोमल) रंगों और कृष्ण (कृष्ण) की कथाओं के लिए प्रसिद्ध है।
- राजस्थानी चित्रकला शैलियाँ:
- किशनगढ़, बूंदी, मेवाड़, जोधपुर, बीकानेर, जयपुर
गोवा का लोक नृत्य क्या है?
- मांडो
- गगोर
- चकवा
- लूरलू
Explanation:
- मांडो (Mando) गोवा का एक पारंपरिक लोक नृत्य/संगीत है।
- यह पुर्तगाली (पुर्तगाली) और भारतीय (भारतीय) संगीत का मिश्रण है।
- यह प्रेम (प्रेम), विरह (विरह) और सामाजिक (सामाजिक) विषयों पर आधारित है।
- यह गोवा के त्योहारों (कार्निवाल, शादियों) पर किया जाता है।
‘हम्पी में स्मारक चिन्हों का समूह’ विश्व विरासत स्थल किस राज्य में स्थित है?
- गुजरात
- कर्नाटक
- केरल
- तमिलनाडु
Explanation:
- हम्पी (Hampi) कर्नाटक राज्य में स्थित है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1986) है।
- यह विजयनगर साम्राज्य (1336-1565) की राजधानी थी।
- यहाँ विरुपाक्ष मंदिर, विट्ठलस्वामी मंदिर और राजा का स्नानघर स्थित हैं।
भोरमदेव मंदिर किस राज्य में स्थित है?
- छत्तीसगढ
- दिल्ली
- असम
- गोवा
Explanation:
- भोरमदेव मंदिर (Bhoramdev Temple) छत्तीसगढ़ (कबीरधाम जिला) में स्थित है।
- यह शिव को समर्पित है।
- यह नागर शैली (नागर) की वास्तुकला का उदाहरण है।
- इसे “छत्तीसगढ़ का खजुराहो” भी कहा जाता है।
निम्नलिखित में से कौन अपनी मार्शल आर्ट ‘थंग-ता’ शैली के लिए प्रसिद्ध है?
- नागालैंड
- मणिपुर
- मिजोरम
- असम
Explanation:
- थंग-ता (Thang-Ta) मणिपुर (Manipur) की पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- इसमें तलवार (थंग) और बरछा (ता) का उपयोग किया जाता है।
- यह हिंदू (हिंदू) और स्थानीय (स्थानीय) तत्वों का मिश्रण है।
- यह मणिपुरी (मणिपुरी) नृत्य से भी जुड़ा है।
- अन्य मार्शल आर्ट:
- कलारीपायट्टू – केरल
- सिलंबम – तमिलनाडु
- पाईका अखाड़ा – ओडिशा
उस्ताद जाकिर हुसैन किसके लिए प्रसिद्ध हैं?
- पियानो
- गिटार
- बांसुरी
- तबला
Explanation:
- उस्ताद जाकिर हुसैन (Zakir Hussain) तबला (Tabla) वादन के लिए प्रसिद्ध हैं।
- वे हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत (Hindustani Classical Music) के एक प्रसिद्ध वादक हैं।
- उन्हें पद्म श्री (1988) और पद्म भूषण (2002) से सम्मानित किया गया है।
- उनके पिता उस्ताद अल्लाह रक्खा (Allah Rakha) भी प्रसिद्ध तबला वादक थे।
डांडिया एक पारंपरिक लोक नृत्य है-
- कर्नाटक का
- सिक्किम का
- गुजरात का
- उत्तर प्रदेश का
Explanation:
- डांडिया (Dandiya) गुजरात (Gujarat) का एक पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह नवरात्रि (Navratri) के दौरान किया जाता है।
- इसमें डंडे (डांडिया) का उपयोग किया जाता है।
- यह गरबा (Garba) के साथ-साथ किया जाता है।
लावणी ___________ का सबसे प्रसिद्ध लोक नृत्य शैली है।
- कर्नाटक
- केरल
- राजस्थान
- महाराष्ट्र
Explanation:
- लावणी (Lavani) महाराष्ट्र (Maharashtra) का सबसे प्रसिद्ध लोक नृत्य है।
- यह स्त्रियों (स्त्रियों) द्वारा किया जाता है।
- यह तेज गति (तेज) में किया जाता है।
- यह मराठी लोकगीतों (मराठी) पर आधारित है।
त्रिकोण मुद्रा किस नृत्य शैली से जुड़ी है?
- कुचिपुड़ी
- मोहिनी अट्टम
- ओडिसी
- कथक
Explanation:
- त्रिकोण मुद्रा (Tribhanga) ओडिसी (Odissi) नृत्य शैली से जुड़ी है।
- यह तीन मोड़ों (गर्दन, कमर, घुटने) की मुद्रा है।
- यह ओडिसी (ओडिसी) की विशेषता है।
- यह अर्ध-बैठी (अर्ध-बैठी) मुद्रा में किया जाता है।
निम्नलिखित में से कौन गुजरात राज्य का लोकप्रिय नृत्य है?
- गरबा
- मफलर
- बार्डो चूम
- रास लीला
Explanation:
- गरबा (Garba) गुजरात (Gujarat) का लोकप्रिय नृत्य है।
- यह नवरात्रि (Navratri) के दौरान किया जाता है।
- यह महिलाओं (महिलाओं) द्वारा वृत्ताकार (वृत्ताकार) गति में किया जाता है।
- यह देवी माँ (देवी) को समर्पित है।
- अन्य विकल्प:
- मफलर – झारखंड
- बार्डो चूम – अरुणाचल प्रदेश
- रास लीला – उत्तर प्रदेश
निम्नलिखित में से किस शासक ने तंजावुर में बृहदीश्वर मंदिर का निर्माण पूरा किया?
- नरसिंह चोल
- आदित्य चोल
- विजयालय चोल
- राजराज चोल प्रथम
Explanation:
- राजराज चोल प्रथम (Raja Raja Chola I) ने तंजावुर (Tanjore) में बृहदीश्वर मंदिर (Brihadeeswarar Temple) का निर्माण 1010 में पूरा किया।
- यह शिव (शिव) को समर्पित है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला (द्रविड़) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1987) है।
विंग शैली की वास्तुकला किस राज्य से संबंधित है?
- उत्तराखंड
- हिमाचल प्रदेश
- कश्मीर
- पश्चिम बंगाल
Explanation:
- “विंग शैली” (Wing Style) वास्तुकला पश्चिम बंगाल से संबंधित है।
- यह बंगाली मंदिर वास्तुकला की एक विशिष्ट शैली है।
- इसमें झुकी हुई छत (Curved Roof) की विशेषता होती है, जो “चाला” (Chala) कहलाती है।
- यह बांस और मिट्टी से बने पारंपरिक बंगाली घरों से प्रेरित है।
- उदाहरण: दक्षिणेश्वर काली मंदिर, ठाकुरबाड़ी (बोलपुर)।
- अन्य विकल्प:
- उत्तराखंड – गढ़वाली/कुमाऊँनी वास्तुकला
- हिमाचल – कांगड़ा शैली
- कश्मीर – कश्मीरी वास्तुकला (लकड़ी और पत्थर)
चकयार कुथु _________ की एक प्रसिद्ध नृत्य शैली है।
- पंजाब
- छत्तीसगढ़
- हरियाणा
- केरल
Explanation:
- चकयार कुथु (Chakyar Koothu) केरल की एक प्रसिद्ध प्राचीन नृत्य-नाट्य शैली है।
- यह मंदिरों में किया जाने वाला एक एकल नृत्य है।
- इसमें हास्य और व्यंग्य का प्रमुख स्थान है।
- यह संस्कृत और मलयालम के मिश्रण में प्रस्तुत किया जाता है।
- इसे अवसरवादी और हास्यप्रद शैली के रूप में जाना जाता है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में दांडिया रास का पारंपरिक लोक नृत्य है?
- पंजाब
- राजस्थान
- गुजरात
- महाराष्ट्र
Explanation:
- दांडिया रास (Dandiya Raas) गुजरात का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह रास शैली का एक रूप है।
- इसमें लकड़ी की डंडियाँ (Dandiya) का उपयोग किया जाता है।
- यह नवरात्रि के दौरान विशेष रूप से प्रसिद्ध है।
- गरबा – गुजरात का एक अन्य प्रसिद्ध लोक नृत्य (महिलाओं द्वारा)।
- अन्य विकल्प:
- पंजाब – भांगड़ा, गिद्दा
- राजस्थान – घूमर, गैर
- महाराष्ट्र – लावणी, तमाशा
लाई हराओबा त्यौहार इनमें से किस राज्य में मनाया जाता है?
- केरल
- जम्मू और कश्मीर
- मणिपुर
- राजस्थान
Explanation:
- लाई हराओबा (Lai Haraoba) त्योहार मणिपुर राज्य में मनाया जाता है।
- यह मणिपुरी संस्कृति का सबसे पुराना त्योहार है।
- इसका अर्थ है “देवताओं का उत्सव” (Festival of Gods)।
- यह मैतेई (Meitei) समुदाय द्वारा मनाया जाता है।
- इसमें नृत्य, संगीत और अनुष्ठान शामिल हैं।
- मणिपुरी नृत्य: भारत का एक शास्त्रीय नृत्य है।
निम्नलिखित में से कौन सा शास्त्रीय नृत्य हिन्दुस्तानी संगीत पर आधारित है?
- भरतनाट्यम
- कथक
- कुचिपुड़ी
- कथकली
Explanation:
- कथक (Kathak) शास्त्रीय नृत्य हिन्दुस्तानी संगीत (उत्तर भारतीय शास्त्रीय संगीत) पर आधारित है।
- यह उत्तर प्रदेश (लखनऊ) का शास्त्रीय नृत्य है।
- इसकी उत्पत्ति कथकों (कहानीकारों) से हुई है।
- यह ताल (Rhythm) और लय पर आधारित है।
- भरतनाट्यम, कुचिपुड़ी, कथकली – कर्नाटक संगीत (दक्षिण भारतीय) पर आधारित हैं।
विश्व प्रसिद्ध माजुली उत्सव ________ में मनाया जाता है।
- मणिपुर
- असम
- सिक्किम
- त्रिपुरा
Explanation:
- माजुली उत्सव (Majuli Festival) असम राज्य में मनाया जाता है।
- माजुली दुनिया का सबसे बड़ा नदी द्वीप है (ब्रह्मपुत्र नदी पर)।
- यह उत्सव नवंबर में आयोजित किया जाता है।
- यहाँ वैष्णव संस्कृति (सत्र) प्रमुख है।
- रासलीला और बिहू नृत्य प्रदर्शित किए जाते हैं।
अमृता शेरगिल किस क्षेत्र में प्रसिद्ध हैं?
- चित्रकला
- नृत्य
- संगीत
- नाटक
Explanation:
- अमृता शेरगिल (1913-1941) चित्रकला (Painting) में प्रसिद्ध हैं।
- वह भारत की सबसे प्रसिद्ध महिला चित्रकारों में से एक हैं।
- उन्होंने भारतीय कला को पश्चिमी (पोस्ट-इंप्रेशनिस्ट) शैली से जोड़ा।
- उनकी प्रसिद्ध पेंटिंग्स – “ब्राइड्स टॉयलेट”, “थ्री गर्ल्स”।
- उन्हें “भारत की फ्रीडा काहलो” भी कहा जाता है।
- उन्हें 1938 में ग्रैंड सैलून (पेरिस) में चित्रित किया गया था।
एम/एस. सुब्बुलक्ष्मी एक प्रसिद्ध महिला थीं जो _______ के क्षेत्र से संबंधित थीं।
- खेल
- अभिनय
- राजनीति
- संगीत
Explanation:
- एम. एस. सुब्बुलक्ष्मी (1916-2004) संगीत (कर्नाटक शास्त्रीय संगीत) के क्षेत्र में प्रसिद्ध थीं।
- वह भारत की प्रथम संगीतज्ञ थीं जिन्हें भारत रत्न (1998) से सम्मानित किया गया।
- उन्होंने संयुक्त राष्ट्र (UN) में संगीत प्रस्तुत किया।
- उन्होंने मीनाक्षी और एम. एस. सुब्बुलक्ष्मी की भक्ति गीतों की रिकॉर्डिंग के लिए प्रसिद्ध हैं।
सिक्किम का लोकप्रिय मुखौटा नृत्य कौन सा है?
- थंग-ता
- कुमामी
- जुमाजुमार
- सिंहही छाम
Explanation:
- सिंहही छाम (Singhi Chham) सिक्किम का लोकप्रिय मुखौटा नृत्य (Mask Dance) है।
- यह हिमालयी क्षेत्र का एक पारंपरिक नृत्य है।
- इसमें बर्फीले तेंदुए (Snow Leopard) का मुखौटा पहनकर नृत्य किया जाता है।
- यह बौद्ध त्योहारों के दौरान किया जाता है।
- अन्य विकल्प:
- थंग-ता – मणिपुर (मार्शल आर्ट)
- कुमामी – लद्दाख
- जुमाजुमार – मणिपुर
निम्नलिखित में से कौन सा राज्य पारंपरिक चित्रकला कला के लिए जाना जाता है?
- ओडिशा
- सिक्किम
- गुजरात
- मध्य प्रदेश
Explanation:
- ओडिशा पारंपरिक चित्रकला “पट्टचित्र” (Pattachitra) के लिए जाना जाता है।
- पट्टचित्र कैनवास (पट्ट) पर बनाई जाने वाली पारंपरिक चित्रकला है।
- यह रामायण, महाभारत और जगन्नाथ की कथाओं पर आधारित है।
- यह UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- अन्य विकल्प:
- मधुबनी – बिहार
- वारली – महाराष्ट्र
- कलमकारी – आंध्र प्रदेश
अंगकोर वाट मंदिर कहाँ स्थित है?
- वियतनाम
- थाईलैंड
- कंबोडिया
- म्यांमार
Explanation:
- अंगकोर वाट (Angkor Wat) मंदिर कंबोडिया में स्थित है।
- यह दुनिया का सबसे बड़ा हिंदू/बौद्ध मंदिर परिसर है।
- इसका निर्माण 12वीं सदी में खमेर साम्राज्य के राजा सूर्यवर्मन द्वितीय ने करवाया।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1992) है।
- यह विष्णु को समर्पित है और बाद में बौद्ध मंदिर बन गया।
बिरजू महाराज किस नृत्य शैली के प्रसिद्ध कलाकार हैं?
- भरतनाट्यम
- ओडिशी
- मोहिनी अट्टम
- कथक
Explanation:
- बिरजू महाराज (1938-2022) कथक नृत्य शैली के प्रसिद्ध कलाकार थे।
- वह लखनऊ घराना (Lucknow Gharana) से संबंधित थे।
- उन्हें पद्म विभूषण (1986) और संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
- उनका जन्म लखनऊ में हुआ था।
इनमें से कौन सा संगीतकार प्रसिद्ध रॉक बैंड बीटल्स का हिस्सा नहीं था?
- पॉल मॅकार्टनी
- लार्स अलरिक
- जॉर्ज हैरिसन
- रिंगो स्टार
Explanation:
- लार्स अलरिक (Lars Ulrich) प्रसिद्ध रॉक बैंड बीटल्स (The Beatles) का हिस्सा नहीं थे।
- वह मेटालिका (Metallica) नामक हेवी मेटल बैंड के ड्रमर (ड्रम वादक) हैं।
- बीटल्स के सदस्य:
- जॉन लेनन
- पॉल मैकार्टनी
- जॉर्ज हैरिसन
- रिंगो स्टार
‘भाकरी’ और ‘थाली पीठ’ पारंपरिक रूप से किस व्यंजन से संबंधित हैं?
- पंजाबी
- गुजराती
- महाराष्ट्रीयन
- राजस्थानी
Explanation:
- भाकरी (Bhakarī) और थाली पीठ (Thalipeeth) महाराष्ट्रीयन व्यंजन (महाराष्ट्र) से संबंधित हैं।
- भाकरी – ज्वार या बाजरा के आटे से बनी रोटी (महाराष्ट्र की पारंपरिक रोटी)।
- थाली पीठ – चावल, गेहूं और चने के आटे (बेसन) से बनी मसालेदार ब्रेड।
- दोनों महाराष्ट्र के पारंपरिक भोजन हैं।
हॉर्नबिल त्योहार, जिसे ‘त्योहारों का त्योहार’ भी कहा जाता है, भारत के किस राज्य में मनाया जाता है?
- नागालैंड
- सिक्किम
- आंध्र प्रदेश
- जम्मू और कश्मीर
Explanation:
- हॉर्नबिल त्योहार (Hornbill Festival) नागालैंड राज्य में 1-10 दिसंबर को मनाया जाता है।
- इसे “त्योहारों का त्योहार” (Festival of Festivals) कहा जाता है।
- यह नागा जनजातियों की संस्कृति, परंपराओं और विरासत को प्रदर्शित करता है।
- यह किसामा (Kisama) गाँव में आयोजित होता है।
- हॉर्नबिल (धनेश) – नागालैंड का राज्य पक्षी है।
घूमर एक पारंपरिक और उत्साहपूर्ण लोक नृत्य है-
- गुजरात
- राजस्थान
- केरल
- सिक्किम
Explanation:
- घूमर (Ghoomar) राजस्थान का पारंपरिक महिलाओं का लोक नृत्य है।
- यह वृत्ताकार गति में किया जाता है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- यह राजपूत संस्कृति का हिस्सा है।
- भूमिका चावला की फिल्म “पद्मावत” में यह नृत्य प्रसिद्ध हुआ।
निम्नलिखित में से कौन सा एक नृत्य नाटक है?
- कथक
- कथकली
- ओडिसी
- मणिपुरी
Explanation:
- कथकली (Kathakali) एक नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) है।
- यह केरल का शास्त्रीय नृत्य है।
- यह रामायण, महाभारत और पुराणों की कथाओं पर आधारित है।
- इसमें मुखौटे और विस्तृत वेशभूषा का उपयोग किया जाता है।
- यह भाव, राग और ताल का मिश्रण है।
ओट्टंथुल्लल ______ की नृत्य शैली है।
- केरल
- आंध्र प्रदेश
- तमिलनाडु
- कर्नाटक
Explanation:
- ओट्टंथुल्लल (Ottanthullal) केरल की एक प्रसिद्ध नृत्य शैली है।
- यह एकल नृत्य-नाटिका है।
- इसकी उत्पत्ति 18वीं सदी में कुंचन नंबियार (Kunchan Nambiar) ने की।
- यह हास्य और व्यंग्य पर आधारित है।
- यह संगीत, नृत्य और अभिनय का मिश्रण है।
- केरल के अन्य नृत्य:
- कथकली
- मोहिनी अट्टम
- चकयार कुथु
पालीताना मंदिर निम्नलिखित में से किस शहर में स्थित है?
- माउंट आबू
- नासिक
- उज्जैन
- भावनगर
Explanation:
- पालीताना मंदिर (Palitana Temples) गुजरात के भावनगर जिले में शत्रुंजय पहाड़ी (Shatrunjaya Hill) पर स्थित हैं।
- यह जैन धर्म का सबसे पवित्र तीर्थ स्थल है।
- यहाँ 863 से अधिक मंदिर हैं।
- यह जैन तीर्थंकरों को समर्पित है।
- यह 11वीं सदी में बना था।
भांगड़ा कहाँ का लोक नृत्य है?
- तमिलनाडु
- कर्नाटक
- असम
- पंजाब
Explanation:
- भांगड़ा (Bhangra) पंजाब का लोक नृत्य है।
- यह पुरुषों द्वारा किया जाता है।
- यह फसलों (विशेषकर गेहूँ) की कटाई के दौरान किया जाता है।
- यह ढोल और ताल की थाप पर किया जाता है।
- यह पंजाबी संस्कृति का प्रतीक है।
- पंजाब की महिलाओं का नृत्य: गिद्दा (Giddha)
तंजावुर में बृहदेश्वर मंदिर ______ वंश के वास्तुकारों की सबसे बड़ी उपलब्धि है।
- चेर
- पांडय
- चोल
- पल्लव
Explanation:
- बृहदेश्वर मंदिर (Brihadeeswarar Temple) तंजावुर (तमिलनाडु) में चोल (Chola) वंश के वास्तुकारों की सबसे बड़ी उपलब्धि है।
- इसका निर्माण राजा राजा चोल प्रथम (Raja Raja Chola I) ने 1010 में करवाया था।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1987) है।
- यहाँ 66 मीटर ऊँचा विमान (शिखर) है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
निम्नलिखित में से कौन सी शैली की चित्रकारी ओडिशा राज्य में लोकप्रिय है?
- वर्ली
- कलमेषुत्तु
- मधुबनी
- पट्टचित्र
Explanation:
- पट्टचित्र (Pattachitra) ओडिशा राज्य की लोकप्रिय पारंपरिक चित्रकला शैली है।
- यह कैनवास (पट्ट) पर बनाई जाती है।
- यह रामायण, महाभारत और जगन्नाथ की कथाओं पर आधारित है।
- यह पुरी के जगन्नाथ मंदिर से जुड़ी है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों का उपयोग किया जाता है।
- अन्य विकल्प:
- वारली – महाराष्ट्र
- कलमेषुत्तु – केरल
- मधुबनी – बिहार
प्रसिद्ध नृत्य शैली ‘कैकोट्टिकली’ की उत्पत्ति कहाँ हुई है?
- आंध्र प्रदेश
- कर्नाटक
- केरल
- तमिलनाडु
Explanation:
- कैकोट्टिकली (Kaikottikali) केरल की एक प्रसिद्ध नृत्य शैली है।
- यह महिलाओं का सामूहिक (समूह) नृत्य है।
- यह त्योहारों (विशेषकर ओणम) के अवसर पर किया जाता है।
- यह केरल की क्रिश्चियन और हिंदू दोनों संस्कृतियों में प्रचलित है।
- यह तालियों (Clapping) के साथ किया जाता है।
राजेंद्र गंगानी किस नृत्य शैली से जुड़े हैं?
- भरतनाट्यम
- कथक
- कुचिपुड़ी
- ओडिसी
Explanation:
- राजेंद्र गंगानी कथक नृत्य शैली से जुड़े हैं।
- वे लखनऊ घराना (Lucknow Gharana) के प्रमुख कलाकार हैं।
- उन्हें संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
निम्नलिखित में से कौनसा मंदिर ओडिशा में स्थित है?
- पुरी जगन्नाथ मंदिर
- बृहदीश्वर मंदिर
- कोणार्क सूर्य मंदिर
- कोणार्क सूर्य मंदिर और पुरी जगन्नाथ मंदिर दोनों
Explanation:
- कोणार्क सूर्य मंदिर और पुरी जगन्नाथ मंदिर दोनों ओडिशा राज्य में स्थित हैं।
- कोणार्क सूर्य मंदिर – 13वीं सदी में नरसिंहदेव प्रथम (गंग वंश) द्वारा निर्मित।
- कोणार्क सूर्य मंदिर UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1984) है।
- पुरी जगन्नाथ मंदिर – 12वीं सदी में अनंतवर्मन चोडगंगदेव (गंग वंश) द्वारा निर्मित।
- बृहदीश्वर मंदिर – तमिलनाडु (तंजावुर) में स्थित है।
वारली चित्रकारी कहाँ उत्पन्न हुई थी?
- महाराष्ट्र
- ओडिशा
- गुजरात
- राजस्थान
Explanation:
- वारली चित्रकला (Warli Art) महाराष्ट्र (विशेष रूप से ठाणे जिले) और गुजरात की सीमा पर उत्पन्न हुई थी।
- यह वारली जनजाति की पारंपरिक कला है।
- इसमें ज्यामितीय आकृतियों (वृत्त, त्रिकोण, वर्ग) का उपयोग किया जाता है।
- इसमें सफेद रंग और गेरू/लाल पृष्ठभूमि का उपयोग होता है।
- यह दीवार चित्रकला के रूप में प्रसिद्ध है।
कलरीपायट्टु है:
- उत्तर प्रदेश की रोटी की कला
- पश्चिम बंगाल का लोक नृत्य
- राजस्थान का लोक संगीत
- केरल की मार्शल कला और युद्ध कला
Explanation:
- कलरीपायट्टु (Kalaripayattu) केरल की मार्शल आर्ट (युद्ध कला) है।
- यह दुनिया की सबसे पुरानी मार्शल आर्ट में से एक है।
- इसकी उत्पत्ति दक्षिण भारत (केरल और तमिलनाडु) में हुई।
- यह आत्मरक्षा, शारीरिक और आध्यात्मिक विकास पर केंद्रित है।
- बुद्ध, बोधिधर्म और शाओलिन मार्शल आर्ट इससे प्रभावित हैं।
रावण द्वारा कैलाश पर्वत को हिलाते हुए चित्रित प्रतिमा कहाँ पाई गयी है?
- जूनागढ़ गुफाओं में
- एलोरा गुफाओं में
- अजंता गुफाओं में
- बराबर गुफाओं में
Explanation:
- “रावण द्वारा कैलाश पर्वत को हिलाना” की प्रतिमा एलोरा गुफाओं (महाराष्ट्र) में स्थित है।
- यह गुफा संख्या 16 (कैलाश मंदिर) में है।
- यह रॉक-कट (Rock-cut) वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह राष्ट्रकूट वंश (8वीं सदी) द्वारा निर्मित है।
- यहाँ शिव की मूर्ति है जो रावण को अपने पैरों के नीचे दबाते हुए दिखाई गई है।
‘गटका’ एक मार्शल आर्ट है। यह किस राज्य से संबंधित है?
- बिहार
- मणिपुर
- कर्नाटक
- पंजाब
Explanation:
- गटका (Gatka) पंजाब की एक पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- यह सिख योद्धाओं की युद्ध कला है।
- इसमें तलवार (स्वॉर्ड) और ढाल (शील्ड) का उपयोग किया जाता है।
- यह गुरु अर्जन देव और गुरु गोबिंद सिंह के समय विकसित हुई।
- यह निहंग (Nihang) सिखों द्वारा अभ्यास किया जाता है।
तमिलनाडु में, पोंगल का कौन-सा दिन काणुम पोंगल के रूप में मनाया जाता है?
- तीसरा
- दूसरा
- पहला
- चौथा
Explanation:
- पोंगल (Pongal) 4 दिनों का त्योहार है:
- प्रथम दिन – भोगी पोंगल (Bhogi Pongal) – इंद्र (वर्षा देवता) की पूजा
- द्वितीय दिन – सूर्य पोंगल (Surya Pongal) – सूर्य की पूजा (मुख्य दिन)
- तृतीय दिन – मट्टू पोंगल (Mattu Pongal) – गायों की पूजा
- चतुर्थ दिन – काणुम पोंगल (Kanum Pongal) – बंधुता (भाइयों-बहनों) का उत्सव
- काणुम पोंगल को “त्योहार के बाद का दिन” भी कहा जाता है।
असम राज्य में विशेष रूप से मनाए जाने वाले तीन बिहुओं में से एक, काटी बिहू के बारे में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
- काटी बिहू को रंगाली बिहू के रूप में भी जाना जाता है।
- काटी बिहू किसानों द्वारा बुवाई की शुरुआत का प्रतीक है।
- काटी बिहू कटाई के मौसम को चिह्नित करता है।
- काटी बिहू खड़ी फसलों के लिए प्रार्थना करने के लिए मनाया जाता है।
Explanation:
- असम में 3 बिहू मनाए जाते हैं:
- रंगाली बिहू (Rongali Bihu / Bohag Bihu) – अप्रैल में (बुवाई का समय) – सबसे महत्वपूर्ण
- कोंगाली बिहू (Kongali Bihu / Kati Bihu) – अक्टूबर में – खड़ी फसलों (अक्टूबर) के लिए प्रार्थना
- भोगाली बिहू (Bhogali Bihu / Magh Bihu) – जनवरी में (कटाई का समय)
- रंगाली बिहू – सबसे बड़ा बिहू उत्सव
- काटी बिहू – दीये (लैंप) जलाकर मनाया जाता है।
मीराबाई, जो भगवान कृष्ण की भक्त थीं और जिन्होंने अपनी गहन भक्ति को व्यक्त करते हुए असंख्य भजनों की रचना की, ‘अछूत’ मानी जाने वाली जाति से किस संत की शिष्या बनीं?
- दादू दयाल
- कबीरदास
- रविदास
- सूरदास
Explanation:
- मीराबाई (1498-1546) संत रविदास (Ravidas) की शिष्या बनीं, जिन्हें ‘अछूत’ (अस्पृश्य) माना जाता था।
- रविदास निर्गुण भक्ति परंपरा के संत थे।
- मीराबाई ने कृष्ण (गिरिधर गोपाल) की भक्ति में असंख्य भजन (पद) लिखे।
- वह राजस्थान (मेड़ता) की राजकुमारी थीं।
- उनके भजन “मेरे तो गिरिधर गोपाल” प्रसिद्ध हैं।
गोवा का कार्निवल, जहाँ विस्तृत और चमकीले रंगों के झाँकी, संगीत और नृत्य गोवा में कार्निवल के उत्सव का हिस्सा हैं, कितने दिनों तक आयोजित किया जाता है?
- तीन
- चार
- छह
- पाँच
Explanation:
- गोवा का कार्निवल 4 दिनों (चार दिन) तक आयोजित किया जाता है।
- यह ईस्टर से पहले फरवरी/मार्च में मनाया जाता है।
- यह पुर्तगाली संस्कृति का हिस्सा है।
- यहाँ झांकियाँ (परेड), संगीत, नृत्य और रंगों का उत्सव होता है।
- यह गोवा के पर्यटन को बढ़ावा देता है।
राहुल आचार्य एक प्रसिद्ध _____ नर्तक हैं।
- भरतनाट्यम
- ओडिसी
- कथक
- सत्रिया
Explanation:
- राहुल आचार्य (Rahul Acharya) ओडिसी (Odissi) नृत्य शैली के प्रसिद्ध नर्तक हैं।
- वह पुरुष ओडिसी नर्तक हैं।
- उन्हें संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार (2020) से सम्मानित किया गया।
- उन्होंने ओडिसी को विश्व स्तर पर प्रसिद्ध किया।
बिम्बावती देवी एक प्रसिद्ध _____ नर्तकी हैं।
- सत्रिया
- कुचिपुड़ी
- मणिपुरी
- कथक
Explanation:
- बिम्बावती देवी (Bimbavati Devi) मणिपुरी (Manipuri) नृत्य शैली की प्रसिद्ध नर्तकी हैं।
- वह मणिपुर से हैं।
- उन्हें संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार (2015) से सम्मानित किया गया।
मुंडारी, मुंडा जनजातियों का एक अनुष्ठानिक नृत्य रूप है जो _______________ में प्रचलित है।
- तमिलनाडु
- उत्तराखंड
- झारखंड
- पंजाब
Explanation:
- मुंडारी (Mundari) मुण्डा जनजातियों का एक अनुष्ठानिक नृत्य है, जो झारखंड में प्रचलित है।
- यह मुण्डा जनजाति का पारंपरिक नृत्य है।
- यह सरहुल, करमा और सोहराई त्योहारों पर किया जाता है।
- मुण्डा जनजाति झारखंड की प्रमुख जनजाति है।
उज्जैन में सिंहस्थ कुंभ मेला उत्सव _____ नदी के तट पर मनाया जाता है।
- कुनो
- बेतवा
- शिप्रा
- नर्मदा
Explanation:
- उज्जैन में सिंहस्थ कुंभ मेला शिप्रा (Shipra) नदी के तट पर मनाया जाता है।
- यह हर 12 वर्षों में लगता है।
- उज्जैन मध्य प्रदेश में स्थित है।
- शिप्रा नदी को पवित्र माना जाता है।
- यह महाकालेश्वर (शिव) मंदिर के लिए प्रसिद्ध है।
किस राज्य का पर्यटन और कला एवं संस्कृति विभाग हॉर्नबिल महोत्सव का आयोजन करता है?
- मिजोरम
- मणिपुर
- नागालैंड
- सिक्किम
Explanation:
- नागालैंड का पर्यटन और कला एवं संस्कृति विभाग हॉर्नबिल महोत्सव (Hornbill Festival) का आयोजन करता है।
- यह दिसंबर (1-10) में आयोजित होता है।
- यह नागा जनजातियों की संस्कृति को प्रदर्शित करता है।
- यह नागालैंड का सबसे बड़ा पर्यटन कार्यक्रम है।
निम्नलिखित में से कौन सा नृत्य रूप असम से विकसित हुआ है?
- कुचिपुड़ी
- सत्रिया
- कथकली
- कथक
Explanation:
- सत्रिया (Sattriya) नृत्य असम से विकसित हुआ है।
- यह शास्त्रीय नृत्य (8 शास्त्रीय नृत्यों में से एक) है।
- इसकी उत्पत्ति 15वीं सदी में शंकरदेव के सत्र (Satra) संस्कृति से हुई।
- यह भक्ति (वैष्णव) परंपरा पर आधारित है।
- इसे 2000 में शास्त्रीय नृत्य का दर्जा मिला।
जाब्रो नृत्य ___________ का खानाबदोश नृत्य है।
- पुदुचेरी
- लद्दाख
- असम
- सिक्किम
Explanation:
- जाब्रो (Jabro) नृत्य लद्दाख का खानाबदोश (Nomadic) नृत्य है।
- यह लद्दाख की बौद्ध संस्कृति का हिस्सा है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- यह लद्दाखी लोक संगीत पर आधारित है।
दिसंबर के किन तारीखों के भीतर हर साल, कोणार्क में ओडिशा राज्य में सबसे बड़े और भव्य नृत्य उत्सव की कल्पना करने के लिए पर्यटकों और कला प्रेमियों की भीड़ उमड़ती है?
- 6वीं से 10वीं
- 1ली से 5वीं
- 15वीं से 20वीं
- 10वीं से 15वीं
Explanation:
- कोणार्क नृत्य उत्सव (Konark Dance Festival) 1 से 5 दिसंबर तक ओडिशा के कोणार्क में आयोजित किया जाता है।
- यह कोणार्क सूर्य मंदिर (UNESCO विश्व धरोहर) के परिसर में होता है।
- यह ओडिशा का सबसे बड़ा और भव्य नृत्य उत्सव है।
- इसमें शास्त्रीय और लोक नृत्य प्रदर्शित किए जाते हैं।
- ओडिसी, कथक, भरतनाट्यम आदि प्रस्तुत किए जाते हैं।
हिमाचल प्रदेश का कौन सा लोक नृत्य गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स (2015) में एक ही स्थान पर एक साथ प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों की सबसे बड़ी संख्या के लिए पहचाना गया?
- कियांग
- खराईतई
- किन्नौरी
- कुल्लू नाटी
Explanation:
- कुल्लू नाटी (Kullu Nati) हिमाचल प्रदेश का लोक नृत्य है, जिसने 2015 में गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में एक ही स्थान पर एक साथ प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों (लगभग 10,000) की सबसे बड़ी संख्या के लिए पहचान बनाई।
- यह कुल्लू घाटी का सबसे लोकप्रिय नृत्य है।
- यह दशहरा उत्सव के दौरान किया जाता है।
- यह UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
निम्नलिखित में से किस शब्द का उपयोग मणिपुर, भारत में लाई हराओबा नृत्य करने वाली कुछ महिला भक्तों को संदर्भित करने के लिए किया जाता है?
- जोगिन
- मैबा
- मैबी
- पुजारिन
Explanation:
- मैबी (Maibi) मणिपुर में लाई हराओबा (Lai Haraoba) नृत्य करने वाली महिला भक्तों (पुजारिनों) को संदर्भित करने के लिए उपयोग किया जाता है।
- मैबी मणिपुरी संस्कृति में पुजारिन (शामन) होती हैं।
- वे लाई हराओबा (देवताओं का उत्सव) में मुख्य भूमिका निभाती हैं।
- वे अनुष्ठानिक नृत्य और गीत प्रस्तुत करती हैं।
- मैबा – पुजारी (पुरुष)।
कठपुतली निम्नलिखित में से किस भारतीय राज्य का एक पारंपरिक कठपुतली शो है?
- राजस्थान
- असम
- ओडिशा
- केरल
Explanation:
- कठपुतली (Kathputli) राजस्थान का पारंपरिक कठपुतली शो (Puppet Show) है।
- यह लकड़ी की कठपुतलियाँ (Wooden Puppets) हैं।
- यहाँ राजस्थानी लोक संगीत और कथाएँ प्रस्तुत की जाती हैं।
- यह भारत की सबसे पुरानी कठपुतली परंपराओं में से एक है।
- कठपुतली नृत्य – राजस्थान का पारंपरिक नृत्य/नाट्य।
- अन्य कठपुतली शैलियाँ:
- पुतुल नौच – पश्चिम बंगाल (रॉड पपेट)
- गोम्बेयट्टा – कर्नाटक
- थोलू बोम्मलाट्टू – तमिलनाडु (छाया कठपुतली)
ज्ञानेश्वर (1275 ई.) मराठी साहित्य में एक अद्वितीय स्थान रखते हैं, मुख्य रूप से क्योंकि वे थे:
- पहले और सबसे महत्वपूर्ण भक्ति कवि
- एक प्रसिद्ध दरबारी इतिहासकार
- एक प्रसिद्ध नाटककार
- प्राचीन ग्रंथों के संकलक
Explanation:
- ज्ञानेश्वर (1275-1296) मराठी साहित्य के पहले और सबसे महत्वपूर्ण भक्ति कवि हैं।
- उन्होंने “ज्ञानेश्वरी” (Gyaneshwari) – भगवद गीता की मराठी टिप्पणी लिखी।
- यह मराठी भाषा का पहला महान साहित्यिक कार्य है।
- उन्होंने भक्ति मार्ग (ज्ञान) पर जोर दिया।
- वे वर्करी (Warkari) संप्रदाय के प्रमुख संत हैं।
- अन्य प्रमुख मराठी भक्ति कवि:
- तुकाराम (अभंग)
- नामदेव
- एकनाथ
अचुलियन सांस्कृतिक परंपरा को मुख्य रूप से किस प्रकार के उन्नत और सममित पत्थर के औजारों से पहचाना जाता है?
- ब्लेड और बोरर
- माइक्रोलिथ और स्क्रैपर्स
- छेनी और कुल्हाड़ी
- क्लीवर और हाथ-कुल्हाड़ियाँ
Explanation:
- अचुलियन सांस्कृतिक परंपरा (Acheulean Tradition) को क्लीवर (Cleavers) और हाथ-कुल्हाड़ियों (Hand-axes) से पहचाना जाता है।
- यह पुरापाषाण युग (Lower Paleolithic) की एक सांस्कृतिक परंपरा है।
- इन औजारों को प्रारंभिक मानव (होमो इरेक्टस) द्वारा बनाया गया था।
- ये सममित (सिमेट्रिकल) और दोनों तरफ (बाइफेशियल) से काम किए गए थे।
- यह अफ्रीका, यूरोप और एशिया में पाया जाता है।
निम्नलिखित में से कौन सी बिहार की एक पारंपरिक लोक चित्रकला शैली है?
- वारली
- पट्टचित्र
- कलमकारी
- मधुबनी
Explanation:
- मधुबनी (Madhubani) बिहार की एक पारंपरिक लोक चित्रकला शैली है।
- यह मिथिला क्षेत्र की चित्रकला है।
- यह महिलाओं द्वारा दीवारों और फर्श पर बनाई जाती है।
- इसे “मिथिला चित्रकला” (Mithila Art) भी कहा जाता है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों (पौधे, मिट्टी) का उपयोग होता है।
- अन्य विकल्प:
- वारली – महाराष्ट्र
- पट्टचित्र – ओडिशा
- कलमकारी – आंध्र प्रदेश
छत्रपति शिवाजी टर्मिनस निम्नलिखित में से किस प्रकार की वास्तुकला शैली का एक प्रमुख उदाहरण है?
- शुद्ध मुगल
- इंडो-सारासेनिक
- द्रविड़
- केवल गोथिक
Explanation:
- छत्रपति शिवाजी टर्मिनस (CSMT) मुंबई इंडो-सारासेनिक (Indo-Saracenic) वास्तुकला शैली का एक प्रमुख उदाहरण है।
- इसका निर्माण 1887 में पूरा हुआ।
- इसका डिज़ाइन फ्रेडरिक विलियम स्टीवेंस (F.W. Stevens) ने बनाया।
- यह विक्टोरियन गोथिक और भारतीय तत्वों का मिश्रण है।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (2004) है।
निम्नलिखित में से कौन-सा, द्रविड़ मंदिरों की एक सामान्य विशेषता है?
- स्तंभ रहित हॉल
- शिखर
- सपाट छत
- गोपुरम
Explanation:
- गोपुरम (Gopuram) द्रविड़ मंदिरों (दक्षिण भारतीय) की एक सामान्य विशेषता है।
- गोपुरम प्रवेश द्वार (Gateway) है।
- यह ऊँचा और सजावटी होता है।
- यह मंदिर का मुख्य आकर्षण है।
- द्रविड़ मंदिर की अन्य विशेषताएँ:
- विमान (Vimana) – शिखर (स्तूप के आकार का)
- मंडप (Mandapa) – स्तंभों वाला हॉल
- प्राकार (Prakaram) – परकोटा
फड़ चित्रकला (Phad painting) की लोकप्रिय लोक कला, पारंपरिक रूप से निम्नलिखित में से किस भारतीय राज्य से संबंद्ध है?
- मध्य प्रदेश
- महाराष्ट्र
- गुजरात
- राजस्थान
Explanation:
- फड़ चित्रकला (Phad Painting) राजस्थान (विशेष रूप से भीलवाड़ा क्षेत्र) से संबंधित है।
- यह धार्मिक (कथा) चित्रकला है।
- यह रामायण और महाभारत की कथाओं पर आधारित है।
- यह कैनवास (लंबा कपड़ा) पर बनाई जाती है।
- इसमें चमकीले रंगों का उपयोग किया जाता है।
1887 में बनकर तैयार हुए, मुंबई, भारत में स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) भवन की विशेषता किस वास्तुशिल्पीय शैली से है?
- मुगल
- विक्टोरियन गोथिक
- इंडो-सारासेनिक
- राजपूत
Explanation:
- छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) विक्टोरियन गोथिक (Victorian Gothic) वास्तुशिल्प शैली का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह 1887 में क्वीन विक्टोरिया की जयंती के अवसर पर बनकर तैयार हुआ।
- इसमें गोथिक (नुकीले मेहराब, ऊँचे बुर्ज) और भारतीय तत्वों का मिश्रण है।
- इसे “इंडो-सारासेनिक” शैली भी कहा जाता है।
- यह दुनिया के सबसे अच्छे विक्टोरियन गोथिक स्टेशनों में से एक है।
निम्नलिखित में से कौन सा शास्त्रीय नृत्य रूप चेहरे के भाव और हावभाव के माध्यम से कहानी कहने के लिए जाना जाता है, और तमिलनाडु से आता है?
- भरतनाट्यम
- कथक
- ओडिसी
- कुचिपुड़ी
Explanation:
- भरतनाट्यम (Bharatanatyam) तमिलनाडु से आता है और चेहरे के भाव (Abhinaya) और हावभाव (Mudra) के माध्यम से कहानी कहने के लिए जाना जाता है।
- यह भारत का सबसे पुराना शास्त्रीय नृत्य है।
- इसका उल्लेख “नाट्य शास्त्र” (भरत मुनि) में मिलता है।
- यह भाव, राग और ताल का संगम है।
- इसे देवदासियों द्वारा मंदिरों में किया जाता था।
वारली चित्रकला की विशिष्ट विशेषता क्या है?
- ज्यामितीय पैटर्न और सफेद वर्णक
- शाही दरबारों का चित्रण
- स्वर्ण पत्र का उपयोग
- चमकीले रंगों का उपयोग
Explanation:
- वारली चित्रकला (Warli Art) की विशिष्ट विशेषता ज्यामितीय पैटर्न (वृत्त, त्रिकोण, वर्ग) और सफेद वर्णक (White Pigment) का उपयोग है।
- यह गेरू/लाल (खाकी) पृष्ठभूमि पर बनाई जाती है।
- इसमें मानव, पशु और प्रकृति को सरल रेखाओं में चित्रित किया जाता है।
- यह महाराष्ट्र और गुजरात की सीमा पर प्रचलित है।
यक्षगान भारत के निम्नलिखित में से किस राज्य का एक लोक नाट्य रूप है?
- तमिलनाडु
- पंजाब
- कर्नाटक
- गुजरात
Explanation:
- यक्षगान (Yakshagana) कर्नाटक (विशेष रूप से उत्तर कन्नड़ और दक्षिण कन्नड़ जिलों) का लोक नाट्य रूप है।
- यह नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) है।
- यह रामायण, महाभारत और पुराणों की कथाओं पर आधारित है।
- इसमें रंगीन वेशभूषा और मुखौटे का उपयोग किया जाता है।
- यह कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों में लोकप्रिय है।
भारत में महाराष्ट्र में अजंता गुफाओं के स्थान पर गुफा संरचनाओं की कुल संख्या कितनी है, जिसमें वह भी शामिल है जो कभी पूरी नहीं हुई?
- बत्तीस
- तीस
- उनतीस
- इकतीस
Explanation:
- अजंता गुफाएँ (Ajanta Caves) महाराष्ट्र में 30 गुफाएँ (29 बौद्ध गुफाएँ + 1 अधूरी) हैं।
- ये दूसरी सदी ईसा पूर्व से 7वीं सदी के बीच बनीं।
- ये बौद्ध धर्म से संबंधित हैं।
- ये अपनी भित्ति चित्रों (Wall Paintings) के लिए प्रसिद्ध हैं।
- यह UNESCO विश्व धरोहर स्थल (1983) है।
- गुफा 16 में बुद्ध की परिनिर्वाण मूर्ति है।
झुमर, एक पारंपरिक लोक नृत्य, निम्नलिखित में से किस भारतीय राज्य में उत्पन्न हुआ?
- असम
- पंजाब
- केरल
- गुजरात
Explanation:
- झुमर (Jhumur) असम (विशेष रूप से बोडो जनजाति) का एक पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह बिहू त्योहार के दौरान किया जाता है।
- यह स्त्रियों और पुरुषों दोनों द्वारा किया जाता है।
- यह असम के बोडोलैंड क्षेत्र में लोकप्रिय है।
पश्चिम बंगाल के पारंपरिक रॉड कठपुतली शो का उल्लेख करते समय, किस नाम का उपयोग किया जाता है?
- पुतुल नौच
- कठपुतली
- यक्षगान
- गोम्बेयट्टा
Explanation:
- पुतुल नौच (Putul Nautch) पश्चिम बंगाल का पारंपरिक रॉड कठपुतली (Rod Puppet) शो है।
- यह बंगाली संस्कृति का हिस्सा है।
- इसमें कठपुतलियाँ (पुतुल) लकड़ी और कपड़े से बनी होती हैं।
- इसमें बंगाली लोक संगीत और कथाएँ प्रस्तुत की जाती हैं।
- अन्य कठपुतली शैलियाँ:
- कठपुतली (String Puppet) – राजस्थान
- गोम्बेयट्टा (String Puppet) – कर्नाटक
- थोलू बोम्मलाट्टू (Shadow Puppet) – तमिलनाडु
निम्नलिखित में से कौन सा पारंपरिक लोक नाट्य रूप महाराष्ट्र में प्रसिद्ध है?
- तमाशा
- यक्षगान
- नौटंकी
- भवई
Explanation:
- तमाशा (Tamasha) महाराष्ट्र का पारंपरिक लोक नाट्य रूप है।
- यह संगीत, नृत्य और हास्य का मिश्रण है।
- यह ग्रामीण महाराष्ट्र में बहुत लोकप्रिय है।
- इसमें लावणी (Lavani) नृत्य भी शामिल है।
- अन्य विकल्प:
- यक्षगान – कर्नाटक
- नौटंकी – उत्तर प्रदेश
- भवई – गुजरात
ब्रिटिश द्वारा शुरू की गई कौन सी वास्तुशिल्प शैली, भारतीय पारंपरिक तत्वों को गोथिक, विक्टोरियन और नव-शास्त्रीय रूपों के साथ जोड़ती है?
- इंडो-सारासेनिक
- औपनिवेशिक नव-बरोक
- गॉथिक पुनरुद्धार
- विक्टोरियन क्लासिकल
Explanation:
- इंडो-सारासेनिक (Indo-Saracenic) शैली ब्रिटिश द्वारा शुरू की गई, जो भारतीय पारंपरिक तत्वों को गोथिक (Gothic), विक्टोरियन (Victorian) और नव-शास्त्रीय (Neo-Classical) रूपों के साथ जोड़ती है।
- इसमें भारतीय (मुगल, राजपूत) तत्वों को पश्चिमी ढाँचे के साथ मिलाया गया है।
- उदाहरण: छत्रपति शिवाजी टर्मिनस (मुंबई), प्रेसीडेंसी कॉलेज (कोलकाता), विक्टोरिया मेमोरियल (कोलकाता)।
एलोरा में कैलाश मंदिर निम्नलिखित में से किस प्रकार की वास्तुकला का एक उदाहरण है?
- काष्ठ वास्तुकला
- रॉक-कट वास्तुकला
- इस्लामी वास्तुकला
- औपनिवेशिक वास्तुकला
Explanation:
- एलोरा (Ellora) का कैलाश मंदिर (Kailash Temple) रॉक-कट (Rock-cut) वास्तुकला का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह गुफा संख्या 16 (Cave 16) है।
- यह 8वीं सदी में राष्ट्रकूट राजा कृष्ण प्रथम (Krishna I) ने बनवाया।
- यह शिव को समर्पित है।
- यह विश्व की सबसे बड़ी रॉक-कट मोनोलिथिक (एक ही पत्थर से) मूर्ति है।
भारत में कठपुतली कला का सबसे पहला लिखित प्रमाण निम्नलिखित में से किस भाषा में मिलता है?
- बंगाली
- संस्कृत
- गुजराती
- तमिल
Explanation:
- भारत में कठपुतली कला (Puppetry) का सबसे पहला लिखित प्रमाण तमिल भाषा में मिलता है।
- यह सिलप्पदिकारम (Silappadikaram) – तमिल महाकाव्य (5वीं-6वीं सदी) में उल्लेख है।
- यह कठपुतलियों (पपेट) को “बोम्मलट्टू” (Bommalattam) के रूप में वर्णित करता है।
- यह दक्षिण भारत (तमिलनाडु, केरल) में कठपुतली परंपरा की पुरातनता को दर्शाता है।
___________ एक शास्त्रीय नृत्य शैली है जिसकी विशेषता विस्तृत चेहरे का श्रृंगार, रंगीन वेशभूषा और हिंदू महाकाव्यों के विषय हैं, जो मुख्य रूप से पुरुष नर्तकों द्वारा किया जाता है।
- कथक
- कथकली
- भरतनाट्यम
- मोहिनी अट्टम
Explanation:
- कथकली (Kathakali) एक शास्त्रीय नृत्य शैली है, जो विस्तृत चेहरे का श्रृंगार (मेकअप), रंगीन वेशभूषा और हिंदू महाकाव्यों के विषयों के लिए जानी जाती है, और यह मुख्य रूप से पुरुष नर्तकों द्वारा किया जाता है।
- यह केरल का शास्त्रीय नृत्य है।
- इसमें मुखौटे (Make-up) के माध्यम से पात्रों (राम, रावण, सीता) की पहचान की जाती है।
- यह नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) है।
- इसे कथकली नाम “कथा” (कहानी) और “कली” (कला) से लिया गया है।
निम्नलिखित में से कौन एक प्रसिद्ध भारतीय शास्त्रीय नृत्यांगना हैं जिन्हें भरतनाट्यम को विश्व स्तर पर लोकप्रिय बनाने के लिए जाना जाता है?
- हेमा मालिनी
- मल्लिका साराभाई
- सोनल मानसिंह
- रुक्मिणी देवी अरुंडेल
Explanation:
- रुक्मिणी देवी अरुंडेल (Rukmini Devi Arundale) (1904-1986) भरतनाट्यम को विश्व स्तर पर लोकप्रिय बनाने के लिए जानी जाती हैं।
- उन्होंने 1936 में चेन्नई में कलाक्षेत्र (Kalakshetra) की स्थापना की।
- उन्होंने भरतनाट्यम को मंदिरों से बाहर निकालकर स्टेज पर लाया।
- उन्हें 1956 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार मिला।
- वह भारत की पहली महिला राज्यसभा सदस्य (1952) भी थीं।
निम्नलिखित प्रभावशाली कवियों में से कौन उलटा बांसी (जिसे उलटबंसी भी लिखा जाता है), एक विशिष्ट काव्य शैली जिसमें विरोधाभास और पहेलियाँ होती हैं, का उपयोग करने के लिए प्रसिद्ध था?
- कबीर
- अज्ञेय
- बाल कृष्ण शर्मा नवीन
- रामधारी सिंह दिनकर
Explanation:
- कबीर (1440-1518) “उलटा बांसी” (Ultabansi / उलटबंसी) – विरोधाभास और पहेलियों (रहस्यमय) से भरी काव्य शैली का उपयोग करने के लिए प्रसिद्ध थे।
- इस शैली में विरोधाभास (Paradox) और अतिरंजना (Hyperbole) का उपयोग किया जाता है।
- इसका उद्देश्य सामाजिक और धार्मिक रूढ़ियों को चुनौती देना है।
- उदाहरण: “माटी कहे कुम्हार से, तू क्या रोंदे मोय” (मिट्टी कुम्हार से कहती है कि तू मुझे क्यों रौंदता है) – एक पहेली है।
- कबीर निर्गुण भक्ति कवि थे।
निम्नलिखित में से कौन सा शास्त्रीय रंगमंच का रूप कर्नाटक से जुड़ा है और इसमें रंगीन वेशभूषा के साथ नृत्य-नाटक होता है?
- भवई
- जात्रा
- यक्षगान
- कथकली
Explanation:
- यक्षगान (Yakshagana) कर्नाटक से जुड़ा एक शास्त्रीय रंगमंच (Classical Theatre) रूप है, जिसमें रंगीन वेशभूषा के साथ नृत्य-नाटिका (Dance-Drama) होती है।
- यह कर्नाटक (तटीय क्षेत्र) और केरल (कासरगोड) में लोकप्रिय है।
- यह रामायण, महाभारत और पुराणों की कथाओं पर आधारित है।
- यह भरतनाट्यम और कथकली से प्रभावित है।
- इसमें विभिन्न मुखौटे और पात्र के अनुसार रंग होते हैं।
कथक भारत के निम्नलिखित में से किस क्षेत्र का एक शास्त्रीय नृत्य रूप है?
- पश्चिमी भारत
- दक्षिण भारत
- उत्तरी भारत
- पूर्वी भारत
Explanation:
- कथक (Kathak) उत्तरी भारत (उत्तर प्रदेश, विशेष रूप से लखनऊ) का एक शास्त्रीय नृत्य रूप है।
- इसकी उत्पत्ति कथकों (Storytellers) से हुई है।
- यह हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत पर आधारित है।
- यह ताल (Rhythm) और लय पर आधारित है।
- इसमें घुंघरू (घुंघरू) और तेज चाल (तिहाई) शामिल हैं।
- कथक के 3 घराने हैं:
- लखनऊ (भाव प्रधान)
- जयपुर (ताल प्रधान)
- बनारस (ताल प्रधान)
वारली चित्रकला परंपरा को अंतर्राष्ट्रीय पहचान मिली, जो मुख्य रूप से निम्नलिखित में से किस प्रसिद्ध चित्रकार के प्रयासों के कारण मिली?
- जीव्या सोमा माशे
- एमएफ हुसैन
- अमृता शेर-गिल
- एसएच रज़ा
Explanation:
- जीव्या सोमा माशे (Jivya Soma Mashe) को वारली चित्रकला (Warli Art) को अंतर्राष्ट्रीय पहचान दिलाने का श्रेय दिया जाता है।
- वे महाराष्ट्र के वारली जनजाति के कलाकार थे।
- उन्हें पद्म श्री (2011) से सम्मानित किया गया।
- उन्होंने पारंपरिक वारली कला को कैनवास पर उकेरा।
- उन्हें “वारली आर्ट का जनक” भी कहा जाता है।
1923 में आंध्र प्रदेश में जन्मे वेदांतम प्रहलाद शर्मा ने निम्नलिखित में से किस भारतीय शास्त्रीय नृत्य शैली में दीक्षा ली थी?
- भरतनाट्यम
- कथक
- ओडिसी
- कुचिपुड़ी
Explanation:
- वेदांतम प्रहलाद शर्मा (1923-2000) कुचिपुड़ी (Kuchipudi) शास्त्रीय नृत्य शैली के प्रसिद्ध नर्तक थे।
- वे आंध्र प्रदेश के कुचिपुड़ी गाँव से थे।
- उन्हें पद्म श्री (1978) और पद्म भूषण (1989) से सम्मानित किया गया।
- उन्होंने कुचिपुड़ी को शास्त्रीय नृत्य के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
निम्नलिखित में से मंदिर वास्तुकला की कौन सी शैली मुख्य रूप से उत्तर भारत में पाई जाती है?
- नागर
- द्रविड़
- बरोक
- वेसर
Explanation:
- नागर शैली (Nagara Style) मंदिर वास्तुकला उत्तर भारत में मुख्य रूप से पाई जाती है।
- नागर शैली – उत्तर भारत (गुजरात, राजस्थान, MP, UP, बिहार, उड़ीसा)
- द्रविड़ शैली – दक्षिण भारत (तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक)
- वेसर शैली – मध्य भारत (नागर और द्रविड़ का मिश्रण)
- नागर शैली की विशेषताएँ:
- शिखर (Shikhara) – घुमावदार मीनार
- गर्भगृह (Garbhagriha) – मुख्य देवता का स्थान
- मंडप (Mandapa) – स्तंभों वाला हॉल
नाट्यशास्त्र और रंगमंच पर प्राचीन भारतीय पाठ का नाम क्या है?
- अर्थशास्त्र
- मनुस्मृति
- ऋग्वेद
- नाट्य शास्त्र
Explanation:
- नाट्य शास्त्र (Natya Shastra) नृत्य, संगीत और रंगमंच पर प्राचीन भारतीय पाठ है।
- इसके रचयिता भरत मुनि (Bharata Muni) हैं।
- यह 200 ईसा पूर्व – 200 ईस्वी के बीच लिखा गया था।
- इसमें नृत्य, अभिनय, रस, भाव और संगीत का विस्तृत वर्णन है।
- यह भारतीय शास्त्रीय नृत्यों का आधार है।
बिहू नृत्य किस भारतीय राज्य का लोक नृत्य है?
- अरुणाचल प्रदेश
- असम
- उड़ीसा
- हरियाणा
Explanation:
- बिहू नृत्य (Bihu Dance) असम राज्य का लोक नृत्य है।
- यह बिहू त्योहार (असमिया नव वर्ष) के अवसर पर किया जाता है।
- यह तीन प्रकार का होता है:
- रोंगाली बिहू (अप्रैल) – फसल उत्सव
- कोटली बिहू (अक्टूबर) – कार्तिक
- भोगाली बिहू (जनवरी) – मकर संक्रांति
- यह युवाओं द्वारा किया जाता है।
‘कलारीपयट्टू’ मार्शल आर्ट है-
- मध्य प्रदेश
- तेलंगाना
- नागालैंड
- केरल
Explanation:
- कलारीपयट्टू (Kalaripayattu) केरल का पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- यह भारत की सबसे पुरानी मार्शल आर्ट मानी जाती है।
- इसकी उत्पत्ति मलाबार क्षेत्र में हुई।
- इसे “युद्ध कला की जननी” (Mother of Martial Arts) कहा जाता है।
- यह कथकली और योग का आधार है।
कालबेलिया लोक गीत और नृत्य किस भारतीय राज्य से संबंधित हैं?
- हिमाचल प्रदेश
- राजस्थान
- मध्य प्रदेश
- महाराष्ट्र
Explanation:
- कालबेलिया (Kalbelia) लोक गीत और नृत्य राजस्थान से संबंधित हैं।
- यह कालबेलिया जनजाति (साँप पकड़ने वाली) का पारंपरिक नृत्य है।
- यह UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (2010) में शामिल है।
- इसमें साँपों की तरह लचीली गतियाँ होती हैं।
- महिलाएँ काली पोशाक (घूघरू) पहनकर नृत्य करती हैं।
‘जल्ली कट्टू’ क्या है?
- चेन्नई के मरीना बीच पर खेला जाने वाला एक लोकप्रिय जल-क्रीड़ा खेल
- तमिलनाडु में लोकप्रिय एक पारंपरिक बैल-वशीकरण खेल
- तमिल में “जनता के नेता” का पारंपरिक नाम
- नेपाल के पशुपतिनाथ मंदिर में बैल पूजा उत्सव
Explanation:
- जल्ली कट्टू (Jallikattu) तमिलनाडु में लोकप्रिय एक पारंपरिक बैल-वशीकरण (Bull-taming) खेल है।
- यह पोंगल (जनवरी) के अवसर पर मदुरै जिले में आयोजित किया जाता है।
- यह 5000 वर्ष पुराना है (सिंधु घाटी सभ्यता में उल्लेख)।
- इसका उल्लेख तमिल साहित्य (पुराणानुरू) में मिलता है।
- यह बैलों की एक प्रजाति अवधान (Avadhan) से जुड़ा है।
- इस पर 2023 में PETA (एनिमल वेलफेयर) ने प्रतिबंध लगवाने की कोशिश की, लेकिन तमिलनाडु सरकार ने इसे जारी रखा।
निम्नलिखित में से कौन सी जनजाति भगोरिया उत्सव मनाती है?
- बैगा
- भील
- गोंड
- अगरिया
Explanation:
- भगोरिया उत्सव (Bhagoria Festival) भील जनजाति (मध्य प्रदेश, गुजरात, राजस्थान) द्वारा मनाया जाता है।
- यह होली (फाल्गुन) के अवसर पर मनाया जाता है।
- इसमें युवक-युवतियाँ जीवनसाथी चुनते हैं।
- यह शादी का एक पारंपरिक अवसर है।
- भील – भारत की सबसे बड़ी जनजाति (2011 जनगणना) है।
कंदरिया महादेव मंदिर किस मंदिर समूह से संबंधित है?
- कोणार्क मंदिर
- खजुराहो मंदिर
- एलोरा गुफा मंदिर
- महाबलीपुरम मंदिर
Explanation:
- कंदरिया महादेव मंदिर (Kandariya Mahadev Temple) खजुराहो मंदिर समूह (मध्य प्रदेश) से संबंधित है।
- इसका निर्माण चंदेल वंश ने 11वीं सदी (लगभग 1030) में करवाया था।
- यह भगवान शिव को समर्पित है।
- यह खजुराहो का सबसे बड़ा और सबसे ऊँचा मंदिर है।
- इसके शिखर की ऊँचाई 31 मीटर है।
मधुबनी चित्रकला की उत्पत्ति किस राज्य में हुई?
- ओडिशा
- बिहार
- पश्चिम बंगाल
- झारखंड
Explanation:
- मधुबनी चित्रकला (Madhubani Art) की उत्पत्ति बिहार राज्य के मिथिला क्षेत्र में हुई।
- इसे मिथिला चित्रकला (Mithila Art) भी कहा जाता है।
- यह महिलाओं द्वारा दीवारों और फर्श पर बनाई जाती है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों (पौधों और मिट्टी) का उपयोग होता है।
- यह रामायण और महाभारत की कथाओं पर आधारित है।
- इसे UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
प्रसिद्ध कन्नड़ नाटक ‘तुगलक’ के लेखक कौन हैं, जो अन्य भारतीय भाषाओं में भी मंचित होता है?
- शिव के कुमार
- मस्ती वेंकटेश आयंगर
- गिरिश कर्नाड
- चंद्रशेखर कंबारा
Explanation:
- गिरिश कर्नाड (Girish Karnad) (1938-2019) ने “तुगलक” (Tughlaq) नाटक की रचना की।
- यह नाटक मोहम्मद बिन तुगलक के शासन पर आधारित है।
- यह कन्नड़ भाषा में लिखा गया (1964) और बाद में अन्य भारतीय भाषाओं में अनुवादित हुआ।
- गिरिश कर्नाड एक अभिनेता, निर्देशक और नाटककार थे।
- उन्हें पद्म श्री (1974), पद्म भूषण (1992), और ज्ञानपीठ (1998) से सम्मानित किया गया।
- अन्य विकल्प:
- चंद्रशेखर कंबारा – कन्नड़ कवि और नाटककार
- मस्ती वेंकटेश आयंगर – कन्नड़ लेखक (ज्ञानपीठ, 1983)
पाईका नृत्य भारत के किस राज्य से संबंधित है?
- झारखंड
- पश्चिम बंगाल
- ओडिशा
- बिहार
Explanation:
- पाईका नृत्य (Paika Dance) ओडिशा राज्य से संबंधित है।
- यह एक युद्ध नृत्य (मार्शल डांस) है।
- यह पाईका विद्रोह (1817) की याद में किया जाता है।
- नर्तक ढाल और तलवार लेकर नृत्य करते हैं।
- यह ओडिशा के खुर्दा और पुरी क्षेत्रों में प्रचलित है।
- सावधान: झारखंड में भी पाइका नृत्य है, लेकिन ओडिशा में यह पाईका नाम से जाना जाता है।
फुलकारी कढ़ाई किस राज्य से संबंधित है?
- राजस्थान
- पंजाब
- आंध्र प्रदेश
- गुजरात
Explanation:
- फुलकारी (Phulkari) कढ़ाई पंजाब राज्य से संबंधित है।
- फुलकारी का अर्थ “फूलों का काम” (Flower Work) है।
- यह रेशमी धागों से बनाई जाती है।
- यह शादियों और त्योहारों पर पहनी जाती है।
- यह खादी (Khadi) या सूती कपड़े पर बनाई जाती है।
- इसे UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- अन्य कढ़ाई:
- चिकनकारी – उत्तर प्रदेश
- कांथा – पश्चिम बंगाल
- कश्मीरी कढ़ाई – जम्मू-कश्मीर
उत्तर भारत में लोकप्रिय हुए मंदिर स्थापत्य की शैली को किस नाम से जाना जाता है?
- नागरा
- वेशरा
- द्रविड़
- गुप्त
Explanation:
- नागर शैली (Nagara Style) उत्तर भारत में लोकप्रिय मंदिर स्थापत्य शैली है।
- इसकी मुख्य विशेषता वक्ररेखीय शिखर (Curvilinear Spire) है।
- उदाहरण – खजुराहो, भुवनेश्वर, मथुरा के मंदिर।
- अन्य शैलियाँ:
- द्रविड़ (Dravida) – दक्षिण भारत (पिरामिडनुमा विमान)
- वेसर (Vesara) – मध्य भारत (दोनों का मिश्रण)
निम्नलिखित में से कौन-सी शास्त्रीय नृत्य शैली नहीं है?
- मोहिनी अट्टम
- ओडिसी
- धमार
- भरतनाट्यम
Explanation:
- धमार (Dhamar) शास्त्रीय नृत्य नहीं है, यह हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत का एक रूप है।
- धमार ध्रुपद (Dhrupad) शैली का एक प्रकार है।
- यह होली (फाल्गुन) से संबंधित है।
- भारत के शास्त्रीय नृत्य (8):
- भरतनाट्यम, कथक, कथकली, कुचिपुड़ी, मणिपुरी, ओडिसी, मोहिनी अट्टम, सत्त्रिया
हिंदू मंदिर के किस भाग में बड़ी संख्या में उपासकों के लिए जगह होती है?
- गर्भगृह
- मंडप
- शिखर
- विमान
Explanation:
- मंडप (Mandapa) वह स्थान है जहाँ बड़ी संख्या में उपासक इकट्ठा होते हैं।
- यह स्तंभों वाला एक हॉल है।
- इसका उपयोग सभाओं, नृत्य और धार्मिक आयोजनों के लिए किया जाता है।
- मंदिर के अन्य भाग:
- गर्भगृह (Garbhagriha) – मुख्य देवता का स्थान (सबसे अंदर)
- शिखर/विमान – मीनार (मंदिर का सबसे ऊँचा भाग)
निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गुंबद जैसी संरचना वाले जल निकासी पैटर्न का वर्णन करता है?
- जालिका
- वृक्षिका
- अरीय
- आयताकार
Explanation:
- अरीय (Radial) पैटर्न गुंबद (Dome) जैसी संरचना वाले जल निकासी पैटर्न का वर्णन करता है।
- यह केंद्र से सभी दिशाओं में बहता है।
- यह गोलाकार इमारतों (जैसे गुंबद, स्टेडियम) में पाया जाता है।
- अन्य पैटर्न:
- जालिका – जालीदार
- आयताकार – रेखीय
पुदुचेरी का लोक नृत्य क्या है?
- कपालिक
- करगा
- गराडी
- सत्तरीया
Explanation:
- गराडी (Garadi) पुदुचेरी (Puducherry) का लोक नृत्य है।
- यह रामायण की कथाओं पर आधारित है।
- यह पुरुषों द्वारा किया जाता है।
- यह थेरुकोत्तु (Therukoothu) नाट्य शैली से जुड़ा है।
- यह दशहरा के अवसर पर किया जाता है।
भारत के किस राज्य में ‘कार्ले’ नामक संरक्षित बौद्ध गुफाएँ पाई जाती हैं?
- महाराष्ट्र
- उत्तर प्रदेश
- कर्नाटक
- बिहार
Explanation:
- कार्ले गुफाएँ (Karle Caves) महाराष्ट्र (लोनावला के पास) में स्थित हैं।
- यह बौद्ध (हीनयान) गुफाएँ हैं।
- इनका निर्माण पहली-दूसरी सदी में हुआ।
- यहाँ का स्तूप और चैत्यगृह प्रसिद्ध है।
- यह औरंगाबाद के पास अजंता-एलोरा गुफाओं से अलग है।
प्रसिद्ध ‘संगाई महोत्सव’ उत्तर-पूर्व भारत के किस राज्य द्वारा आयोजित एक वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव है?
- त्रिपुरा
- मणिपुर
- मेघालय
- नागालैंड
Explanation:
- संगाई महोत्सव (Sangai Festival) मणिपुर राज्य द्वारा आयोजित एक वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव है।
- यह नवंबर में कींबुल (Keibul Lamjao) में आयोजित होता है।
- यह संगाई (Sangai) – लुप्तप्राय हिरण प्रजाति (Manipur Brow-antlered Deer) को समर्पित है।
- यह मणिपुरी संस्कृति, नृत्य, संगीत और हस्तशिल्प को प्रदर्शित करता है।
स्तूप पर स्थित बालकनी के आकार की संरचना को क्या कहा जाता है?
- यष्टि
- अंडा
- हर्मिका
- छत्री
Explanation:
- हर्मिका (Harmika) स्तूप पर स्थित बालकनी के आकार की संरचना है।
- यह स्तूप के शीर्ष पर स्थित होती है।
- यह स्तूप का तीर्थ स्थान (Sanctuary) माना जाता है।
- स्तूप के अन्य भाग:
- अंडा (Anda) – अर्धगोलाकार गुंबद
- यष्टि (Yashti) – शीर्ष पर लगी ध्वजा
- छत्री (Chatri) – छतरी (यष्टि के ऊपर)
मारुनी नृत्य भारत के किस राज्य से संबंधित है?
- उत्तराखंड
- अरुणाचल प्रदेश
- त्रिपुरा
- सिक्किम
Explanation:
- मारुनी नृत्य (Maruni Dance) सिक्किम राज्य का पारंपरिक लोक नृत्य है।
- यह नेपाली समुदायों द्वारा किया जाता है।
- यह त्योहारों और शादियों के अवसर पर किया जाता है।
- यह पुरुषों द्वारा महिला वेशभूषा में किया जाता है।
- यह दशैं (Dasain) त्योहार से संबंधित है।
काजरी लोक नृत्य किस ऋतु से संबंधित है?
- शीतकाल
- पतझड़
- बसंत
- मानसून
Explanation:
- काजरी लोक नृत्य (Kajari Dance) मानसून (वर्षा ऋतु) से संबंधित है।
- यह उत्तर प्रदेश और बिहार के भोजपुरी क्षेत्रों में प्रचलित है।
- यह वर्षा, काले बादलों और मोर के नृत्य पर आधारित है।
- यह कजली (Kajali) गीतों के साथ किया जाता है।
“फुलकारी” भारत के किस राज्य की प्रसिद्ध कढ़ाई है?
- मध्य प्रदेश
- पंजाब
- उत्तर प्रदेश
- राजस्थान
Explanation:
- फुलकारी (Phulkari) पंजाब की प्रसिद्ध कढ़ाई है।
- यह रेशमी धागों से बनाई जाती है।
- यह पंजाबी महिलाओं का पारंपरिक कौशल है।
- यह शादी और त्योहारों पर पहनी जाती है।
- इसके प्रकार: बाग (पूरा फूल), चोप (आंशिक), सैंची (छोटा)
पल्लवी, अनुपल्लवी और मुक्त्यायी-स्वर, जिन्हें सामूहिक रूप से पूर्वांग के रूप में जाना जाता है, किस कर्नाटक संगीत शैली से संबंधित हैं?
- गीतम्
- वर्णम्
- सुलादी
- जावली
Explanation:
- पल्लवी (Pallavi), अनुपल्लवी (Anupallavi) और मुक्त्यायी-स्वर (Mukthayi Swaram) वर्णम् (Varnam) – कर्नाटक संगीत शैली से संबंधित हैं।
- ये तीनों सामूहिक रूप से “पूर्वांग” (Purvanga) कहलाते हैं।
- वर्णम् कर्नाटक संगीत की एक महत्वपूर्ण रचना है।
- यह नृत्य और संगीत दोनों में प्रयुक्त होती है।
छत्तीसगढ़ में, महाभारत की कहानियों को एक बल्लाड के रूप में गाया जाता है और रात के प्रदर्शन के लिए एक या दो प्रसंग चुने जाते हैं, यह किसमें होता है?
- सोहर
- पांडवानी
- छाकरी
- अल्हा
Explanation:
- पांडवानी (Pandavani) महाभारत की कहानियों को गायन के रूप में प्रस्तुत करने की शैली है।
- यह छत्तीसगढ़ का पारंपरिक लोक संगीत है।
- इसमें एक या दो कलाकार रात्रि प्रदर्शन के लिए प्रसंग चुनते हैं।
- इसमें तंबूरा (Tambura) और हार्मोनियम का उपयोग होता है।
- इसकी प्रसिद्ध कलाकार तेजन बाई (Tejan Bai) हैं, जिन्हें पद्म भूषण (2019) मिला।
निम्नलिखित में से कौन सा राज्य बिहू संगीत के लिए जाना जाता है?
- असम
- पंजाब
- राजस्थान
- तमिलनाडु
Explanation:
- बिहू संगीत (Bihu Music) असम राज्य से संबंधित है।
- यह बिहू त्योहार के अवसर पर गाया जाता है।
- इसमें ढोल (Dhol), ताल (Tal) और पेपा (Pepa – बाँस की बाँसुरी) का उपयोग होता है।
- यह उत्साही और लयबद्ध होता है।
वारली चित्रकला में, ‘लिपणे’ नामक पहले चरण में दीवार तैयार करने के लिए किस प्राकृतिक सामग्री का उपयोग किया जाता है?
- चावल का पेस्ट
- रेत
- गेरु
- चारकोल
Explanation:
- लिपणे (Lipane) नामक पहले चरण में वारली चित्रकला की दीवार को गेरु (Geru – लाल मिट्टी) और गोबर से तैयार किया जाता है।
- गेरु (लाल मिट्टी) + गोबर + पानी = दीवार की बेस परत
- यह लाल-भूरी (Reddish-brown) पृष्ठभूमि बनाता है।
- इस पर सफेद रंग (चावल का पेस्ट) से चित्र बनाए जाते हैं।
‘खोंगजोम की लड़ाई’ का संगीतमय वर्णन किस राज्य का एक लोकप्रिय लोक संगीत है?
- अरुणाचल प्रदेश
- केरल
- मणिपुर
- नागालैंड
Explanation:
- खोंगजोम की लड़ाई (Battle of Khongjom) 1891 में अंग्रेजों और मणिपुर के बीच हुई थी।
- इसका संगीतमय वर्णन मणिपुर का लोक संगीत है।
- यह मणिपुरी भाषा में “खोंगजोम” गीत के रूप में गाया जाता है।
- यह वीरता और बलिदान का प्रतीक है।
किस राज्य सरकार ने “पक्के पगा हॉर्नबिल उत्सव” को राज्य उत्सव घोषित किया?
- अरुणाचल प्रदेश
- मेघालय
- आंध्र प्रदेश
- ओडिशा
Explanation:
- “पक्के पगा हॉर्नबिल उत्सव” (Pakke Paga Hornbill Festival) को अरुणाचल प्रदेश सरकार ने राज्य उत्सव घोषित किया है।
- यह पक्के टाइगर रिजर्व (Pakke Tiger Reserve) में आयोजित होता है।
- यह हॉर्नबिल (धनेश) पक्षी के संरक्षण हेतु मनाया जाता है।
- इसका आयोजन जनवरी में किया जाता है।
- यह नागालैंड के हॉर्नबिल उत्सव से भिन्न है।
गतका मार्शल आर्ट का एक रूप है, यह कहाँ खेला जाता है?
- छत्तीसगढ
- झारखंड
- पश्चिम बंगाल
- पंजाब
Explanation:
- गतका (Gatka) पंजाब का पारंपरिक मार्शल आर्ट है।
- यह सिख योद्धाओं द्वारा विकसित किया गया।
- इसमें तलवार, ढाल, भाला आदि का उपयोग होता है।
- यह नानकशाही (Sikhism) से संबंधित है।
- यह गुरु नानक की जयंती (गुरु पूर्णिमा) पर प्रदर्शित किया जाता है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में प्रसिद्ध मार्शल आर्ट कलारीपयट्टू का जन्म हुआ था?
- कर्नाटक
- आंध्र प्रदेश
- केरल
- तमिलनाडु
Explanation:
- कलारीपयट्टू (Kalaripayattu) का जन्म केरल राज्य में हुआ था।
- यह भारत की सबसे पुरानी मार्शल आर्ट मानी जाती है।
- इसे “युद्ध कला की जननी” (Mother of Martial Arts) कहा जाता है।
- यह कथकली और योग का आधार है।
- यह मलाबार क्षेत्र में विकसित हुई।
गोंड चित्रकला में, कलाकारों द्वारा स्थानीय रूप से उपयोग किए जाने वाले हस्तनिर्मित ब्रश का पारंपरिक नाम क्या है?
- कूची
- लिखनी
- कादी
- कलम
Explanation:
- गोंड चित्रकला (Gond Art) में कलाकारों द्वारा स्थानीय रूप से “कूची” (Kuchi) नामक हस्तनिर्मित ब्रश का उपयोग किया जाता है।
- यह गोंड जनजाति की पारंपरिक कला है (मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, छत्तीसगढ़) है।
- इसमें बिंदु (Dot) और रेखाएँ (Line) का प्रभावी उपयोग होता है।
- यह प्रकृति और पौराणिक विषयों पर आधारित है।
- इसके प्रसिद्ध कलाकार – जंगार सिंह श्याम (पद्म श्री, 2018)।
हिंदू मंदिर के सामने स्थित स्तंभों वाले हॉल का क्या नाम है जहाँ भक्त इकट्ठा होते हैं?
- गर्भगृह
- अमलक
- मंडप
- अंतराल
Explanation:
- मंडप (Mandapa) हिंदू मंदिर के सामने स्थित स्तंभों वाला हॉल है, जहाँ भक्त इकट्ठा होते हैं।
- इसका उपयोग सभाओं, नृत्य और धार्मिक आयोजनों के लिए किया जाता है।
- अंतराल (Antarala) – गर्भगृह और मंडप के बीच का कक्ष।
- अमलक – शिखर का भाग।
भारत के उत्तराखंड में स्थित जागेश्वर मंदिर परिसरों के शिखरों में किस प्रकार की स्थापत्य शैली देखी जाती है?
- पिरामिडनुमा मीनार
- सपाट ईंट के शिखर
- वक्ररेखीय शिखर
- बौद्ध स्तूप
Explanation:
- जागेश्वर मंदिर (Jageshwar Temple) उत्तराखंड (अल्मोड़ा के पास) में स्थित है।
- इसके शिखरों में वक्ररेखीय शिखर (Curvilinear Spire) की नागर शैली देखी जाती है।
- यह 12वीं-13वीं सदी का मंदिर है।
- यह भगवान शिव को समर्पित है।
- यह नागर शैली (उत्तर भारतीय वास्तुकला) का उदाहरण है।
चित्रकारी की पट्टचित्र शैली निम्नलिखित में से किस राज्य की सबसे पुरानी और सबसे लोकप्रिय कला रूपों में से एक है?
- आंध्र प्रदेश
- राजस्थान
- ओडिशा
- बिहार
Explanation:
- पट्टचित्र (Pattachitra) ओडिशा की सबसे पुरानी और सबसे लोकप्रिय चित्रकला शैलियों में से एक है।
- यह कपड़े (Cotton Cloth) पर बनाई जाती है।
- यह पौराणिक (रामायण, महाभारत) और जगन्नाथ की कथाओं पर आधारित है।
- इसकी उत्पत्ति पुरी (Odisha) में हुई।
- यह UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- अन्य: पट्टचित्र पश्चिम बंगाल में भी प्रचलित है।
वानवान ________ का लोक संगीत है जो विवाह समारोहों के दौरान गाया जाता है।
- हरियाणा
- कश्मीर
- महाराष्ट्र
- मध्य प्रदेश
Explanation:
- वानवान (Wanvun) कश्मीर (जम्मू-कश्मीर) का लोक संगीत है, जो विवाह समारोहों के दौरान गाया जाता है।
- यह महिलाओं द्वारा गाया जाता है।
- यह शादी के रात्रि के आयोजनों में गाया जाता है।
- यह कश्मीरी भाषा में गाया जाता है।
भारत में संस्कृति मंत्रालय के अनुसार शास्त्रीय नृत्यों के कितने रूप हैं?
- 9
- 7
- 11
- 5
Explanation:
- भारत में संस्कृति मंत्रालय (Ministry of Culture) के अनुसार 9 शास्त्रीय नृत्य हैं:
- 1. भरतनाट्यम (तमिलनाडु)
- 2. कथक (उत्तर प्रदेश)
- 3. कथकली (केरल)
- 4. कुचिपुड़ी (आंध्र प्रदेश)
- 5. मणिपुरी (मणिपुर)
- 6. ओडिसी (ओडिशा)
- 7. मोहिनी अट्टम (केरल)
- 8. सत्त्रिया (असम)
- 9. छऊ (झारखंड/ओडिशा/प.बंगाल) – संस्कृति मंत्रालय द्वारा 2022 में शामिल
गुजरात की पारंपरिक बुनाई को ____________ के रूप में जाना जाता है.
- पटोला
- टसर
- कांजीवरम
- जमदानी
Explanation:
- पटोला (Patola) गुजरात (विशेषकर पाटन) की पारंपरिक बुनाई है।
- यह रेशमी कपड़ा है, जिसमें दोहरे इकट (Double Ikat) की तकनीक का उपयोग होता है।
- यह अपने ज्यामितीय और पुष्पीय डिजाइनों के लिए प्रसिद्ध है।
- इसे “राजघाट” (Royal Patola) भी कहा जाता है।
- अन्य विकल्प:
- कांजीवरम – तमिलनाडु
- जमदानी – पश्चिम बंगाल
- टसर – झारखंड/ओडिशा
निम्नलिखित में से कौन सा कथन ‘गोतिपुआ’ नृत्य शैली का सबसे अच्छा वर्णन करता है?
- पट-चित्रों में कृष्ण की कहानी
- छत्तीसगढ़ का मुखौटा नृत्य
- एक मंदिर में लड़कियाँ भरतनाट्यम नृत्य करती हुईं
- ओडिशा में युवा लड़कों द्वारा किया जाने वाला नृत्य
Explanation:
- गोतिपुआ (Gotipua) नृत्य ओडिशा में युवा लड़कों द्वारा किया जाने वाला पारंपरिक नृत्य है।
- लड़के महिला वेशभूषा (गोती = महिला, पुआ = पुरुष) में नृत्य करते हैं।
- यह ओडिसी (Odissi) शास्त्रीय नृत्य का पूर्ववर्ती है।
- इसकी उत्पत्ति पुरी (Jagannath Temple) के मंदिर नृत्य से हुई।
- यह नृत्य गोतिपुआ (Gotipua) नाम से UNESCO में शामिल है।
निम्नलिखित में से कौन सा शहर विश्व प्रसिद्ध मीनाक्षी मंदिर के लिए जाना जाता है?
- चिदंबरम
- तंजावुर
- तिरुपति
- मदुरै
Explanation:
- मीनाक्षी अम्मन मंदिर (Meenakshi Amman Temple) मदुरै (तमिलनाडु) में स्थित है।
- यह द्रविड़ वास्तुकला (Dravidian Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह मंदिर देवी मीनाक्षी (पार्वती) और भगवान सुंदरेश्वर (शिव) को समर्पित है।
- इसमें 14 गोपुरम (Gopuram) हैं (सबसे ऊँचा – 51.9 मीटर)।
- यह 1982 में UNESCO विश्व धरोहर स्थल का हिस्सा बना।
एक आदिवासी कला शैली सौरा चित्रकला, पारंपरिक रूप से भारत के किस राज्य के समुदायों द्वारा प्रचलित है?
- गुजरात
- मध्य प्रदेश
- ओडिशा
- राजस्थान
Explanation:
- सौरा चित्रकला (Saura Art) ओडिशा (विशेष रूप से गंजम और रायगढ़ जिले) के सौरा (Saura) जनजाति द्वारा प्रचलित है।
- यह दीवार चित्रकला है।
- यह धार्मिक विषयों पर आधारित है।
- यह प्रकृति और पौराणिक कथाओं पर केंद्रित है।
- यह मिट्टी और पौधों से बने प्राकृतिक रंगों से बनाई जाती है।
वारली चित्रकला में, पृष्ठभूमि तैयार करने के लिए गोबर और पानी फैलाने की प्रक्रिया को क्या कहा जाता है?
- लिहान
- सरवाणे
- रंगोली
- लिपाने
Explanation:
- लिपाने (Lipane) वारली चित्रकला में पृष्ठभूमि तैयार करने के लिए गोबर (Cow Dung) और पानी फैलाने की प्रक्रिया है।
- यह पहला चरण है (दीवार को साफ़ करना और लेप लगाना)।
- इसके बाद गेरु (Geru) लाल मिट्टी का लेप किया जाता है।
- अन्य विकल्प:
- सरवाणे (Saravane) – चावल के पेस्ट से चित्र बनाना
- लिहान (Lihan) – वारली कला में नहीं, बल्कि अन्य क्षेत्रों में प्रयुक्त
निम्नलिखित में से कौन सा आदिवासी समूह नागालैंड में हॉर्नबिल उत्सव से जुड़ा है?
- मिजो
- नागा
- आओ
- गारो
Explanation:
- हॉर्नबिल उत्सव (Hornbill Festival) नागा (Naga) आदिवासी समूहों द्वारा मनाया जाता है।
- यह नागालैंड का राज्य उत्सव है।
- इसमें 17 नागा जनजातियाँ भाग लेती हैं।
- यह नागा संस्कृति, कला, हस्तशिल्प, नृत्य और संगीत को प्रदर्शित करता है।
- इसका आयोजन किसामा (Kisama) में होता है।
हॉर्नबिल त्योहार कहाँ मनाया जाता है?
- अरुणाचल प्रदेश
- नागालैंड
- ओडिशा
- पश्चिम बंगाल
Explanation:
- हॉर्नबिल त्योहार (Hornbill Festival) नागालैंड (Kisama) में मनाया जाता है।
- यह 1-10 दिसंबर के बीच आयोजित होता है।
- यह नागालैंड का सबसे बड़ा सांस्कृतिक उत्सव है।
- इसे “त्योहारों का त्योहार” (Festival of Festivals) भी कहा जाता है।
- अन्य उत्सव:
- पक्के पगा – अरुणाचल प्रदेश
- संगाई – मणिपुर
प्रसिद्ध ‘संगई महोत्सव’ पूर्वोत्तर भारत के किस राज्य द्वारा आयोजित एक वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव है?
- मणिपुर
- मेघालय
- त्रिपुरा
- नागालैंड
Explanation:
- संगई महोत्सव (Sangai Festival) मणिपुर राज्य द्वारा आयोजित किया जाता है।
- यह संगाई (Sangai) – लुप्तप्राय हिरण प्रजाति को समर्पित है।
- यह नवंबर में कींबुल (Keibul Lamjao) में आयोजित होता है।
- यह मणिपुरी संस्कृति, हस्तशिल्प, पर्यटन को बढ़ावा देता है।
तंजावुर के किस मंदिर में चोल वास्तुकला है और इसे सम्राट राजराजा ने बनवाया था?
- बृहदेश्वर मंदिर
- नागनाथस्वामी मंदिर
- तिरुमनंजेरी मंदिर
- भगवान मुरुगन मंदिर
Explanation:
- बृहदेश्वर मंदिर (Brihadeeswarar Temple) तंजावुर (तमिलनाडु) में चोल वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- इसका निर्माण सम्राट राजराजा प्रथम (Rajaraja I) ने 11वीं सदी (1010 ई.) में करवाया था।
- यह भगवान शिव को समर्पित है।
- इसका विमान (Vimana) 66 मीटर ऊँचा है।
- यह 1987 में UNESCO विश्व धरोहर स्थल बना।
डुमहल नृत्य शैली किस भारतीय राज्य/केंद्र शासित प्रदेश से संबंधित है?
- चंडीगढ़
- हरियाणा
- जम्मू और कश्मीर
- पंजाब
Explanation:
- डुमहल (Dumhal) नृत्य शैली जम्मू और कश्मीर (विशेष रूप से कश्मीर घाटी) से संबंधित है।
- यह वट्टल (Wattal) जनजाति (कश्मीर) का पारंपरिक नृत्य है।
- यह पुरुषों द्वारा किया जाता है।
- नर्तक रंगीन लंबी पोशाक (एक प्रकार का आर्य) पहनते हैं।
- यह रमजान और ईद के अवसर पर किया जाता है।
विट्ठल मंदिर किस स्मारक समूह में शामिल है?
- महाबलीपुरम में स्मारकों का समूह
- पत्तदकल में स्मारकों का समूह
- खजुराहो स्मारकों का समूह
- हम्पी के स्मारकों का समूह
Explanation:
- विट्ठल मंदिर (Vittala Temple) हम्पी (कर्नाटक) के स्मारकों में शामिल है।
- यह विजयनगर वास्तुकला (Vijayanagara Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- यह भगवान विठ्ठल (विष्णु) को समर्पित है।
- इसके संगीतमय स्तंभ (Musical Pillars) प्रसिद्ध हैं।
- यह 1986 में UNESCO विश्व धरोहर स्थल बना।
थांग ता निम्नलिखित में से किस राज्य की मार्शल आर्ट शैली है?
- मणिपुर
- सिक्किम
- असम
- मिजोरम
Explanation:
- थांग ता (Thang Ta) मणिपुर की पारंपरिक मार्शल आर्ट शैली है।
- थांग = तलवार, ता = भाला
- यह हथियार आधारित युद्ध कला है।
- यह मणिपुरी संस्कृति का अभिन्न अंग है।
- इसे UNESCO द्वारा अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त है।
- अन्य मार्शल आर्ट:
- सिलम्बम – तमिलनाडु
- परी-खाँदा – बिहार/झारखंड
- कलारीपयट्टू – केरल
निम्नलिखित में से किस भारतीय राज्य ने 2023 हॉर्नबिल संगीत उत्सव की मेज़बानी की थी?
- केरल
- नागालैंड
- ओडिशा
- गुजरात
Explanation:
- हॉर्नबिल संगीत उत्सव (Hornbill Music Festival) नागालैंड द्वारा 2023 में आयोजित किया गया।
- यह हॉर्नबिल त्योहार का हिस्सा है।
- यह 1-10 दिसंबर को किसामा (Kisama) में आयोजित होता है।
- इसमें पूर्वोत्तर राज्यों और अंतर्राष्ट्रीय कलाकार भाग लेते हैं।
_______भारत की मार्शल आर्ट का एक खेल नहीं है। A. थांग टा (Thang Ta) B. सिलम्बम (Silambam) C. परी-खाँदा (Pari-Khanda) D. जेलहा उस रॉक
- C
- A
- B
- D (जेलहा उस रॉक)
Explanation:
- जेलहा उस रॉक (Jellha Us Rock) भारत की मार्शल आर्ट नहीं है।
- यह फिलीपींस का एक पारंपरिक नृत्य/खेल है।
- भारत की मार्शल आर्ट:
- थांग टा (Thang Ta) – मणिपुर
- सिलम्बम (Silambam) – तमिलनाडु
- परी-खाँदा (Pari-Khanda) – बिहार/झारखंड
- कलारीपयट्टू (Kalaripayattu) – केरल
_____भारत की एक शास्त्रीय नृत्य शैली है। A. राउत नचा (Raut Nacha) B. छाऊ (Chhau) C. कुचिपुड़ी (Kuchipudi) D. कालबेलिया
- C (कुचिपुड़ी)
- A
- D
- B
Explanation:
- कुचिपुड़ी (Kuchipudi) भारत की शास्त्रीय नृत्य शैली है।
- यह आंध्र प्रदेश से संबंधित है।
- अन्य विकल्प (लोक नृत्य):
- राउत नचा (Raut Nacha) – छत्तीसगढ़ (लोक नृत्य)
- छाऊ (Chhau) – झारखंड/ओडिशा/प.बंगाल (लोक/शास्त्रीय मिश्रण)
- कालबेलिया (Kalbelia) – राजस्थान (लोक नृत्य)
थांगका चित्रकला (Thangka Paintings) में, सूत या रेशम से बने कपड़ों पर भगवान _______ के चित्र बने होते हैं।
- शिव
- बुद्ध
- महावीर
- विष्णु
Explanation:
- थांगका चित्रकला (Thangka Art) सूत (Cotton) या रेशम (Silk) पर भगवान बुद्ध (Buddha) के चित्र बनाने की पारंपरिक शैली है।
- यह तिब्बती बौद्ध धर्म (Tibetan Buddhism) से संबंधित है।
- यह हिमाचल प्रदेश (लाहौल-स्पीति), सिक्किम, लद्दाख और अरुणाचल में प्रचलित है।
- यह धार्मिक और आध्यात्मिक उद्देश्यों के लिए उपयोग की जाती है।
भारत में हॉर्नबिल उत्सव किस महीने में मनाया जाता है?
- जुलाई
- मई
- दिसंबर
- मार्च
Explanation:
- हॉर्नबिल उत्सव (Hornbill Festival) दिसंबर (1-10 दिसंबर) में मनाया जाता है।
- यह नागालैंड (Kisama) में आयोजित होता है।
- यह दिसंबर का पहला सप्ताह होता है।
- यह नागा जनजातियों की समृद्ध संस्कृति को प्रदर्शित करता है।
राजकुमार स्वाति तिरुनाल निम्नलिखित में से किस नृत्य शैली के संरक्षक थे?
- मोहिनी अट्टम
- कथकली
- भरतनाट्यम
- ओडिसी
Explanation:
- राजकुमार स्वाति तिरुनाल (1813-1847) मोहिनी अट्टम (Mohiniyattam) नृत्य शैली के संरक्षक थे।
- वे त्रावणकोर (Travancore) के राजा थे।
- उन्होंने मोहिनी अट्टम को शास्त्रीय रूप दिया।
- वे एक संगीतकार और नाटककार भी थे।
- उन्होंने कर्नाटक संगीत में भी योगदान दिया।
मधुबनी कला किस भारतीय राज्य से संबंधित है?
- बंगाल
- पंजाब
- बिहार
- महाराष्ट्र
Explanation:
- मधुबनी कला (Madhubani Art) बिहार (मिथिला क्षेत्र) से संबंधित है।
- यह महिलाओं द्वारा की जाती है।
- यह प्राकृतिक रंगों से बनाई जाती है।
- यह UNESCO में शामिल है।
मीनाक्षी अम्मन मंदिर किस स्थापत्य शैली के लिए जाना जाता है?
- इंडो-सरसेनिक
- गॉथिक
- रोमन
- द्रविड़
Explanation:
- मीनाक्षी अम्मन मंदिर (Meenakshi Amman Temple) द्रविड़ वास्तुकला (Dravidian Architecture) के लिए जाना जाता है।
- यह मदुरै (तमिलनाडु) में स्थित है।
- इसमें गोपुरम (Gopuram) – द्वार मीनारें हैं।
- यह 14 गोपुरम वाला मंदिर है।
- इसका मुख्य गोपुरम 51.9 मीटर ऊँचा है।
तंजौर चित्रकला किस वंश के समय में उत्पन्न हुई थी?
- चंदेल
- मुगल
- कौशल
- चोल
Explanation:
- तंजौर चित्रकला (Tanjore Art) चोल वंश (Chola Dynasty) (9वीं-11वीं सदी) के समय उत्पन्न हुई थी।
- यह तमिलनाडु (तंजावुर) की पारंपरिक चित्रकला है।
- यह सोने की पत्ती (Gold leaf) का उपयोग करती है।
- यह धार्मिक और पौराणिक विषयों पर आधारित है।
- इसमें 22 कैरेट का सोना, रंग और कांच का उपयोग होता है।
मंदिर वास्तुकला में ‘गोपुरम’ का क्या अर्थ है?
- नृत्य मंडप
- बहुउद्देशीय हॉल
- भगवान का मंदिर
- द्वार
Explanation:
- गोपुरम (Gopuram) दक्षिण भारतीय मंदिर वास्तुकला में प्रवेश द्वार (Gateway) या द्वार मीनार है।
- यह द्रविड़ शैली (Dravidian Architecture) की एक प्रमुख विशेषता है।
- यह पिरामिडनुमा संरचना है।
- यह मीनाक्षी मंदिर (मदुरै) में विशेष रूप से प्रसिद्ध है।
- यह उत्तर भारत के मंदिरों में नहीं पाया जाता है।
कौन-सी चित्रकला शैली, मिट्टी की दीवारों पर सफेद रंग का उपयोग करके अपनी एकवर्णी शैली के लिए जानी जाती है?
- मधुबनी (Madhubani)
- वर्ली (Warli)
- गोंड (Gond)
- पहाड़ी (Pahari)
Explanation:
- वारली चित्रकला (Warli Art) मिट्टी की दीवारों (गेरु/लाल मिट्टी) पर सफेद रंग (चावल का पेस्ट) का उपयोग करके अपनी एकवर्णी (Monochrome) शैली के लिए जानी जाती है।
- यह महाराष्ट्र (वारली जनजाति) से संबंधित है।
- इसमें ज्यामितीय आकृतियाँ (वृत्त, त्रिकोण, वर्ग) का उपयोग होता है।
- अन्य शैलियाँ:
- मधुबनी – बहुरंगी (प्राकृतिक रंग)
- गोंड – बिंदु और रेखाओं पर आधारित
- पहाड़ी – बहुरंगी, लघु चित्र
कलमकारी चित्रकला में रूपरेखा बनाने के लिए किस उपकरण का उपयोग किया जाता है?
- कंटिका (Stylus)
- बांस की कलम (Bamboo pen)
- सुई (Needle)
- पेंटब्रश (Paintbrush)
Explanation:
- कलमकारी चित्रकला (Kalamkari Art) में रूपरेखा (Outline) बनाने के लिए बांस की कलम (Bamboo Pen) का उपयोग किया जाता है।
- यह आंध्र प्रदेश (श्रीकालहस्ती और मछलीपट्टनम) की पारंपरिक कला है।
- कलमकारी शब्द “कलम” (Pen) और “कारी” (कला) से बना है।
- यह कपड़े (Cotton Cloth) पर हाथ से बनाई जाती है।
- इसमें प्राकृतिक रंगों का उपयोग होता है।
‘रागम तानम पल्लवी (Ragam-Tanam-Pallavi)’ शब्द भारतीय संगीत की किस शैली से संबंधित है?
- हिन्दुस्तानी संगीत
- सूफी संगीत
- लोक संगीत
- कर्नाटक संगीत
Explanation:
- रागम-तानम-पल्लवी (Ragam-Tanam-Pallavi) कर्नाटक संगीत (Carnatic Music) से संबंधित है।
- रागम – राग का विस्तार
- तानम – लयबद्ध गायन
- पल्लवी – मुख्य रचना का आरंभ
- यह कर्नाटक संगीत का एक महत्वपूर्ण रूप है।
- हिन्दुस्तानी संगीत में खयाल, ध्रुपद, ठुमरी आदि मुख्य हैं।
वारली चित्रकला, एक पारंपरिक जनजातीय कला शैली, की उत्पत्ति किस भारतीय राज्य से हुई है?
- ओडिशा
- राजस्थान
- महाराष्ट्र
- मध्य प्रदेश
Explanation:
- वारली चित्रकला (Warli Art) की उत्पत्ति महाराष्ट्र (वारली जनजाति, ठाणे जिला) से हुई है।
- यह गुजरात और महाराष्ट्र के सीमावर्ती क्षेत्रों में प्रचलित है।
- यह दीवार चित्रकला है।
निम्नलिखित में से किस राज्य में छऊ नृत्य की उत्पत्ति हुई?
- हरियाणा
- झारखंड
- पंजाब
- उत्तराखंड
Explanation:
- छऊ नृत्य (Chhau Dance) की उत्पत्ति झारखंड (सरायकेला-खरसावां) में हुई।
- यह यूनेस्को (2010) विरासत में शामिल है।
- यह मयूरभंज (ओडिशा) और पुरूलिया (प. बंगाल) में भी प्रचलित है।
- यह मुखौटा (Mask) नृत्य है।
- यह पुरुषों द्वारा किया जाता है।
- सरायकेला छऊ की सबसे पुरानी शैली है।
भुवनेश्वर में अवस्थित 10वीं शताब्दी ईस्वी के लिंगराज मंदिर की कौन-सी विशेषता नागर स्थापत्य शैली को दर्शाती है?
- वक्रनुमा शिखर मीनार
- सोपानी पिरामिडनुमा विमान
- सुशोभित गोपुरम प्रवेश द्वार
- वृत्ताकार स्तूप गुंबद
Explanation:
- लिंगराज मंदिर (Lingaraj Temple) भुवनेश्वर (ओडिशा) में स्थित है, जो 10वीं सदी (1000 ई.) का है।
- यह नागर शैली (Nagara Style) का उदाहरण है।
- इसके शिखर (Spire) की वक्रनुमा (Curvilinear) आकृति नागर शैली को दर्शाती है।
- यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है।
- यह कलिंग शैली (Kalinga Architecture) का उत्कृष्ट उदाहरण है।
- गलत विकल्प:
- सोपानी पिरामिडनुमा विमान – द्रविड़ शैली
- गोपुरम – दक्षिण भारतीय (द्रविड़) मंदिरों की विशेषता
- स्तूप – बौद्ध स्मारक
Which of the following Indian states is famous for the traditional Warli painting style?
- Punjab
- Rajasthan
- Maharashtra
- Kerala
Explanation:
- Warli painting is Maharashtra‘s traditional art form.
- It is practiced by the Warli tribe in Thane district.
- It uses white colour on red/mud walls.
- It depicts nature, farming, and tribal life.
- It is UNESCO recognized as an intangible cultural heritage.
किस मंदिर के गर्भगृह में चतुर्मुख (चार मुखों वाले) विष्णु की प्रतिमा स्थापित है?
- लक्ष्मण मंदिर, खजुराहो
- मीनाक्षी मंदिर, मदुरै
- बृहदीश्वर मंदिर, तंजावुर
- दशावतार मंदिर, देवगढ़
Explanation:
- लक्ष्मण मंदिर (Lakshmana Temple) खजुराहो (मध्य प्रदेश) के गर्भगृह में चतुर्मुख (चार मुखों वाले) विष्णु (Chaturmukha Vishnu) की प्रतिमा स्थापित है।
- यह चंदेल वंश के राजा यशोवर्मन (Yashovarman) ने 10वीं सदी (930-950) में बनवाया।
- यह विष्णु को समर्पित है।
- यह चार मुख (दक्षिण, उत्तर, पूर्व, पश्चिम) वाली मूर्ति है।
- यह खजुराहो के सबसे पुराने मंदिरों में से एक है।
- अन्य विकल्प:
- दशावतार मंदिर, देवगढ़ – गुप्त काल (5वीं-6वीं सदी)
- बृहदीश्वर मंदिर – शिव
- मीनाक्षी मंदिर – पार्वती/शिव
किन वास्तुशिल्प विशेषताओं का व्यापक उपयोग मुगल वास्तुकला को प्रारंभिक धरणिक (trabeate) मंदिर निर्माण से पृथक करता है?
- वृत्ताकार स्तूप और रेलिंग
- मेहराब और गुंबद
- लकड़ी के बीम और सपाट छतें
- टोड़ादार छतें और सोपानी पिरामिड
Explanation:
- मुगल वास्तुकला (Mughal Architecture) को प्रारंभिक धरणिक (Trabeate – बीम और स्तंभ) मंदिर निर्माण से पृथक करने वाली मुख्य विशेषताएँ मेहराब (Arch) और गुंबद (Dome) हैं।
- यह इस्लामी वास्तुकला (Islamic Architecture) का प्रभाव है।
- धरणिक (Trabeate) – बीम और स्तंभ पर आधारित (प्राचीन/मध्यकालीन मंदिर वास्तुकला)
- मुगल वास्तुकला – मेहराब (Arch), गुंबद (Dome), मीनार (Minaret), जाली (Jali) आदि।
- गलत विकल्प:
- स्तूप – बौद्ध वास्तुकला
- लकड़ी के बीम – प्रारंभिक धरणिक
- टोड़ादार छतें – दक्षिण भारतीय वास्तुकला
